‘तेस रिसाव से रिश्तों पर असर नहीं’

Image caption अमरीका में बीपी के ख़िलाफ़ कड़े क़दम उठाने की मांग उठ रही है.

अमरीका ने कहा है कि मैक्सिको की खाड़ी में ब्रिटेन की कंपनी ब्रिटिश पेट्रोलियम यानि बीपी के तेल के कुएं में हो रहा रिसाव दोनों देशों के बीच तनाव का कारण नहीं बनेगा.

अमरीकी सरकार बीपी के ख़िलाफ़ अपने शेयरधारकों को लाभांश देने के मुद्दे पर क़ानूनी कार्रवाई करने पर विचार कर रही है.

अमरीका के इस संभावित क़दम पर ब्रिटेन के राजनीतिज्ञों ने चिंता व्यक्त की है.

ब्रिटेन में बीपी के ख़िलाफ़ संभावित कार्रवाई पर चिंताए ज़ाहिर की जा रही हैं. लंदन के महापौर बोरिस जॉनसन ने ओबामा प्रशासन के ‘ब्रिटेन विरोधी’ बयानों पर आपत्ति जताई है.

हांलाकि ब्रिटेन के विदेश मंत्री विलियम हेग ने कहा है कि वो तेल रिसाव के मुद्दे पर अमरीकी प्रतिक्रिया को ‘ब्रिटेन-विरोधी’ नहीं मानते हैं.

Image caption मैक्सिको की खाड़ी में तेल रिसाव से भारी नुकसान हुआ है.

ब्रिटेन के प्रधानमंत्री के कार्यालय ने भी कहा है कि वो बीपी के ख़िलाफ़ अमरीकी ग़ुस्से और ज़ज़्बातों को समझते हैं क्योंकि तेल रिसाव ‘पर्यावरण के लिए एक त्रासदी’ है.

इससे पहले ब्रिटेन के प्रधानमंत्री डेविड कैमरन ने कहा था कि वो अगले हफ़्ते अमरीकी राष्ट्रपति बराक ओबामा तेल रिसाव के मुद्दे पर बातचीत करेंगे.

उधर अमरीकी सदन की अध्यक्ष नेंसी पेलोसी ने बीपी पर मैक्सिको की खाड़ी में ड्रिलिंग करने के मुद्दे पर ‘ईमानदारी की कमी’ का आरोप लगाया है.

अमरीका के एटॉर्नी जनरल ने भी कहा है कि उनका देश तेल रिसाव की सफ़ाई करने के लिए ‘एक पैसा भी नहीं ख़र्चेगा’

बीपी के शेयरों में गिरावट

उधर बीपी के ख़िलाफ़ संभाविक अमरीकी कार्रवाई के डर से कंपनी के शेयरों में भारी गिरावट आई है. लंदन शेयर बाज़ार में गुरुवार को कारोबार के दौरान बीपी के शेयरों के दामों में 40 प्रतिशत तक गिरे.

तेल रिसाव शुरु होने के बाद बीपी के शेयरों की कीमत आधे से भी कम हो गई है.

गुरुवार को बीपी के शेयर 345 पेंस के भाव से खुले जो कि 1997 के बाद से इसकी सबसे कम कीमत है हालांकि बाद में इसमें कुछ सुधार भी देखा गया.

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