जंगल की आग में 40 मरे

Image caption कई एकड़ इलाक़े में आग लगी है

इसराइल में हाइफ़ा शहर के निकट जंगल में लगी आग से लगभग 40 लोगों की मौत हो गई है. इलाक़े को ख़ाली करवाया जा रहा है और हज़ारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाया जा रहा है.

आग दोपहर के समय इसराइल के उत्तरी शहर हाइफ़ा के निकट कार्मेल पहाड़ियों में लगी और कुछ ही घंटों के भीतर वो नियंत्रण से बाहर हो गई जिसके बाद अधिकारियों ने उस इलाक़े से हज़ारों लोगों को सुरक्षित हटाना शुरू कर दिया.

इसी दौरान 40 से अधिक लोग तब मारे गए जब एक बस आग की चपेट में आ गई. इस घटना को लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है, कुछ रिपोर्टों में ये कहा गया है कि इस बस में फ़लीस्तीनी क़ैदी थे जिन्हें बाहर निकाला जा रहा था.

वहीं दूसरी रिपोर्टों में बताया जा रहा है कि बस के भीतर दूसरे लोग सवार थे. इसराइली पुलिस के एक प्रवक्ता मिकी रोज़ेनफ़ील्ड ने बताया कि आग बहुत बड़े इलाक़े में फैली हुई है.

उन्होंने बताया, "सारे दिन हम हाइफ़ा के पास लगी बड़ी आग से जूझते रहे. हज़ारों एकड़ ज़मीन में आग लगी हुई है".

पुलिस हज़ारों की संख्या में लोगों को उस इलाक़े से बाहर निकाल रही है जिनमें डेमन नामक जेल के सैकड़ों बंदी भी शामिल हैं.

इसराइल की एंबुलेंस सेवाओं के अनुसार बड़ी संख्या में लोग झुलस गए हैं. उनके एक प्रवक्ता ने बताया है कि वहाँ अलग-अलग जगहों पर चिकित्साकर्मी जले हुए लोगों का इलाज कर रहे हैं.

बताया जा रहा है कि प्रभावित क्षेत्र में तेज़ हवा चल रही है जिसके बीच बड़ी संख्या में दमकल कर्मचारी आग बुझाने की कोशिश कर रहे हैं और हवाई जहाज़ों से पानी बरसाया जा रहा है.

एक अग्निशमन कर्मचारी ने बताया कि हवाई जहाज़ों से बहुत मदद मिल रही है, "आग बहुत बड़ी है, इसे रोक पाना बेहद मुश्किल है, अगर हमारे पास ये जहाज़ नहीं होते तो इस आग से जूझ पाना बहुत ही मुश्किल होता".

आग कैसे लगी इसका पता नहीं चल सका है. इसराइल में अभी सूखे की स्थिति है और वहाँ वसंत के बाद, पिछले छह महीने से अच्छी बारिश नहीं हुई है.