'दीवारों की आवाज़ें सुनाई दे रही थीं'

इमेज कॉपीरइट AP

उत्तर-पूर्वी जापान में आए ज़बरदस्त भूकंप से पैदा हुई सुनामी ने भयानक तबाही मचाई है.

टोक्यो समेत कई इलाकों में भारी आग लगी हुई है और भारी तादाद में लोगों के हताहत होने की आशंका है.

बीबीसी की वेबसाइट पर जापान के लोगों ने अपनी आपबीती सुनाई है.

रयोसुके, टोक्यो

हम वैसे तो उत्तरी जापान से काफ़ी दूर हैं लेकिन यहां भी भूकंप काफ़ी तगड़ा था.

पहला झटका इतनी देर तक रहा कि ऑफ़िस में चीख-पुकार मच गई. कई लोग चीख रहे थे.

आधे घंटे के बाद फिर एक बड़ा झटका आया जो काफ़ी देर तक रहा और टेबल पर रखे सामान गिरने लगे.

हमें दीवार आगे पीछे झूलते हुए सुनाई दे रहे थे.

यातायात का हर साधन रोक दिया गया है. हमारी कंपनी ने हमसे रात ऑफ़िस में ही गुज़ारने को कहा है.

इमेज कॉपीरइट Reuters
Image caption लहरों के आगे जो भी आया, मटियामेट हो गया.

माइक हॉल, होकाईडो

हम भाग्यशाली रहे हैं. मेरा घर कई बार झटकों से हिला, कुछ चीज़ें गिरी भी लेकिन ज़्यादा नुकसान नहीं हुआ.

कई बार ऐसा लगता है जैसे किसी तेज़ झूले पर बिठा दिया गया हो और उनके झटके ऐसे हैं जो भगवान के प्रति डर पैदा कर देते हैं.

पहले मैंने ज़्यादा ध्यान नहीं दिया क्योंकि यहां भूकंप पहले भी आते रहे हैं लेकिन इस बार ये सब काफ़ी देर तक चला.

फ़िलहाल बिजली, पानी, इंटरनेट और मोबाईल फ़ोन काम कर रहे हैं.

शहर का जो खाड़ी वाला इलाका है उसमें पानी भर गया है.

यूकिको, टोक्यो

मैंने अपनी ज़िंदगी में इतना तगड़ा भूकंप कभी नहीं महसूस किया है.

मेरा फ़्लैट पांचवीं मंज़िल पर है और पहले पूरी इमारत धीरे-धीरे हिली, और फिर काफ़ी तेज़ झटकों के साथ. बहुत डरावना अनुभव था.

हर कुछ मिनट पर झटके महसूस हो रहे हैं. बिल्डिंग की लिफ़्ट रोक दी गई है और मुझे पता चला है दूसरी बिल्डिंगों में ऐसा ही हो रहा है.

रॉबर्ट कोच, टोक्यो

इमेज कॉपीरइट Reuters
Image caption नटोरी शहर में घर मलबों में तब्दील हो गए.

हर वो चीज़ जो अंदर होनी चाहिए वो बाहर पड़ी हुई है. मेरा प्यारा म्यूज़िक सिस्टम मेरे सीडी संकलन के साथ कूड़े के ढेर में है.

भगवान का शुक्र है कि ये भूकंप रात को नहीं आया जब मेरा चार साल का बेटा घर में था.

कोई भी ट्रेन नहीं चल रही है, बसें चल रही हैं और किसी के हताहत होने की ख़बर नहीं है.

भूकंप के समय एक ऊंची इमारत में रहने का अनुभव बेहद डरावना था. ऐसा लगता है जैसे मेरी बिल्डिंग पर बम गिराया गया हो.

जेफ़्री बालानाग, हिगाशी-शिंबाशी, टोक्यो

भूकंप ने हमारी बिल्डिंग को मानो झकझोर कर रख दिया.

हम अपने ऑफ़िस में ही अटके हुए हैं क्योंकि लिफ़्ट नहीं चल रही हैं.

हम टीवी पर देख रहे हैं कि कैसे सुनामी की लहरें ज़मीन की ओर बढ़ रही हैं.

ट्रेनें रोक दी गई हैं. कई जगह आग भी लगी हुई है.

बहुत ज़्यादा घबराहट नहीं है लेकिन बिल्डिंग जिस तरह से हिचकोले खा रही है मुझे लग रहा है जैसे समुद्र में किसी जहाज़ पर हूं.

संबंधित समाचार