सरकारी ख़र्च में कटौती के बीच हड़ताल

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Image caption ग्रीस की राजधानी में सार्वजनिक ख़र्च में कटौती के ख़िलाफ़ प्रदर्शन

ग्रीस की राजधानी एथेंस में हज़ारों लोगों ने संसद के बाहर प्रदर्शन किया जबकि भीतर सार्वजनिक ख़र्च कम करने के नए उपायों पर बहस शुरु हुई.

पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को संसद की इमारत का घेराव करने से रोक दिया.

कुछ प्रदर्शनकारियों ने राजनेताओं की ओर भद्दे इशारे किए और उन्हे 'चोर' कहा.

यूरोपीय संघ और अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष से दोबारा आर्थिक मदद पाने के लिए प्रधानमंत्री जॉर्ज पपेंद्रू मितव्ययता की नई नीतियां लागू करने की कोशिश कर रहे हैं.

हड़ताल का व्यापक असर

सार्वजनिक और निजी क्षेत्र की यूनियनों की हड़ताल के कारण बंदरगाह, सार्वजनिक यातायात और बैंक बुरी तरह प्रभावित हुए हैं.

सरकारी कम्पनियां भी हड़ताल में शामिल हो गई हैं और अस्पतालों में केवल आपात सेवा उपलब्ध है.

लेकिन हवाईअड्डे सामान्य रूप से काम कर रहे हैं क्योंकि हवाई यातायात नियंत्रकों ने अपनी हड़ताल वापस ले ली है.

ग्रीस में इस साल ये तीसरी आम हड़ताल हो रही है.

वो चाहते हैं कि सरकार ख़र्च में कटौती के नए कार्यक्रम पर विचार न करे.

प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देशवासियों का विश्वास घटता जा रहा है. ताज़ा जनमत सर्वेक्षणों के अनुसार वर्षों में पहली बार उनकी सोशलिस्ट पार्टी विपक्षी कंज़र्वेटिव पार्टी से पीछे चल रही है.

दुनिया की सबसे बड़ी साख एजेंसी 'स्टैंडर्ड एंड पुअर' ने ग्रीस का मूल्यांकन करते हुए उसकी साख को 131 देशों में सबसे नीचे बताया है.

ग्रीस की सरकार का कहना है कि 'स्टैंडर्ड एंड पुअर' ने उसके प्रयासों को अनदेखा किया है.

आर्थिक पैकेज

मई 2010 में यूरोपीय संघ और अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष ने ग्रीस की अर्थव्यवस्था बचाने के लिए एक वित्तीय पैकेज दिया था जिसके जवाब में ग्रीस ने अगले तीन सालों में 30 अरब यूरो की कटौतियों का वादा किया था.

इस साल फ़रवरी के महीने में यूरोपीय संघ और अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष ने ग्रीस से और कटौतियां करने को कहा जिससे अर्थव्यवस्था पटरी पर लौट सके.

मई में ग्रीस ने निजीकरण कार्यक्रम शुरु किया लेकिन उसे चेतावनी दी गई कि अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष और धन नहीं देगा क्योंकि ग्रीस ये गारंटी नहीं दे सकता कि वो अगले 12 महीनों तक ऋण चुकाने लायक बना रहेगा.

इस महीने के अंत तक ग्रीस को सरकारी ख़र्च घटाने के लिए नए उपाय लागू करने हैं.

लेकिन प्रधानमंत्री पपेंद्रू को इन उपायों को लेकर सांसदों का विद्रोह सहना पड़ सकता है.

मंगलवार को एक सांसद ने उनकी पसोक पार्टी छोड़ दी जिससे संसद की 300 सीटों में उनके केवल 155 सांसद बच गए.

एक अन्य सांसद ने कटौती के उपायों और सरकारी सम्पत्ति के निजीकरण के विरोध में मतदान करने की धमकी दी है.

लेकिन सरकार चाहती है कि उसके प्रस्तावों पर सर्वसम्मति बने जिससे इस साल टेक्स बढ़ाकर और कटौतियां करके 6.5 अरब यूरो उगाहे जा सकें.

सरकारी प्रवक्ता जॉर्ज पेतालोतिस ने कहा, "हर नागरिक विशेष रूप से नई पीढ़ी ये मांग कर रही है कि हम इस लड़ाई में अपनी पूरी ताक़त लगा दें जिससे दिवालिया होने से बचा जा सके".

यूरोपीय संघ और अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष ग्रीस को क़र्ज़ अदा करने के लिए इस शर्त पर 12 अरब यूरो देने के लिए तैयार है कि वो और कटौतियों करे.

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