इतिहास के पन्नों में 27 जनवरी

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Image caption ऑश्वित्ज़ शिविर में यहूदियों को काफ़ी प्रताड़ित किया गया

इतिहास के पन्नों में 27 जनवरी

1945: ऑश्वित्ज़ शिविर मुक्त हुआ

रेड आर्मी ने दक्षिण पश्चिम पोलैंड में नाज़ियों के सबसे बड़े प्रताड़ना शिविर को मुक्त करा लिया है.

ख़बरों के अनुसार पोलैंड के हज़ारों लोगों और कई दूसरे यूरोपीय देशों के यहूदियों को काफ़ी बुरी परिस्थितियों में बंदी बनाकर रखा गया था.

ऑश्वित्ज़ शिविर पर क़ब्ज़े का ज़्यादा ब्यौरा नहीं मिल पाया है. कुछ रिपोर्टों के अनुसार जर्मन गार्डों को कुछ दिन पहले ही आदेश दिया गया था कि वे वहाँ से गैस चैंबर और अंतिम संस्कार करने वाली जगह को नष्ट कर दें.

हज़ारों ऐसे क़ैदी जो चल सकते थे उन्हें जेल से निकालकर जर्मनी के दूसरे शिविरों में ले जाया गया.

शिविर में क्या होता था उसका ब्यौरा कुछ तो पोलैंड की निर्वासित सरकार की ओर से आया और कुछ उन क़ैदियों से जो वहाँ से भागने में सफल रहे.

जुलाई 1944 में हंगरी के ऐसे चार लाख यहूदियों का ब्यौरा मिला जिन्हें पोलैंड भेजा गया था और उनमें से कई ऑश्वित्ज़ पहुँच गए.

ये शिविर 1940 में बना था और तब से कुछ ही क़ैदी वहाँ से भागने में क़ामयाब हो पाए.

रेड आर्मी जब शिविर पहुँची तो उन्हें वहाँ कुछ ही बंदी मिले और वे इतने बीमार थे कि शिविर छोड़कर कहीं नहीं जा सकते थे.

इससे एक सप्ताह पहले पोलैंड की राजधानी वारसॉ को साढ़े पाँच साल के जर्मनी के क़ब्ज़े के बाद स्वतंत्र करा लिया गया था.

1967: अपोलो 1 दुर्घटना में तीन अंतरिक्षयात्रियों की मौत

चाँद पर मानवीय अभियान के सिलसिले में केप कैनेडी में रिहर्सल के दौरान अपोलो अंतरिक्षयान में आग लगने से तीन अमरीकी अंतरिक्षयात्रियों की मौत हो गई.

ख़बरों के अनुसार जहाँ ऑक्सीजन और कुछ अन्य सामग्री रखी थी वहाँ पर बिजली की चिंगारी से शायद ये आग लगी हो. अंतरिक्षयान के जिस हिस्से में ऑक्सीजन वाला वातावरण था वहाँ आग तेज़ी से फैली और कुछ ही सेकेंड के भीतर चालक दल के सदस्य मारे गए.

फ़्लाइट कमांडर गस ग्रिसम, एडवर्ड व्हाइट और रोजर शैफे पहले अपोलो अभियान के परीक्षण में हिस्सा ले रहे थे.

नौसेना के लेफ़्टिनेंट कमांडर शैफ़े पहले कभी अंतरिक्ष में नहीं गए थे. वायु सेना के लेफ़्टिनेंट कर्नल ग्रिसम दो बार अंतरिक्ष में जाने वाले पहले अमरीकी थे जबकि वायु सेना के लेफ़्टिनेंट कर्नल व्हाइट अंतरिक्ष में चहलक़दमी करने वाले पहले अमरीकी थे.

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