रूस: राष्ट्रपति चुनाव में उमड़े मतदाता

रूस
Image caption धांधली के आरोपों के बीच राष्ट्रपति के चुनाव के लिए मतदान में तेज़ी आ रही है

रूस में चुनाव अधिकारियों का कहना है कि अभी तक हुए मतदान का प्रतिशत दिसंबर में हुए संसदीय चुनावों और साल 2008 में आयोजित राष्ट्रपति चुनाव के आंकड़े को पार कर चुका है.

संसदीय चुनावों में धांधली के आरोपों के मद्देनज़र देश भर में बनाए गए 95,000 पॉलिंग स्टेशनों पर वेब कैमरों का इंतज़ाम किया गया है.

बीबीसी के एक संवाददाता का कहना है कि कैमरों को मतपेटियों पर फोकस किया गया है.

हालांकि आलोचकों का कहना है कि इससे धांधली नहीं रूक पाएगी.

और इसी कारण हज़ारों नागरिकों ने चुनाव पर्यवेज्ञक बनने की भूमिका स्वीकार की है.

तैयारी

मॉस्को में मौजूद बीबीसी संवाददाता सुवोजीत बागची ने इन्हीं पोलिंग बूथों में से एक में मौजूद चुनाव आयोग के एक प्रतिनिधि से बातचीत की.

पहचान न बताए जाने का भरोसा दिलाए जाने के बाद उन्होंने आरोप लगाया कि चुनावों में कई तरह से धांधली किए जाने की योजना बनाई गई है.

उनके मुताबिक, ''ऐसी आशंका है कि मतदान के दौरान एक मतदाता किसी खास उम्मीदवार के पक्ष में 20-20 वोट डालने में कामयाब हो जाए या फिर ये कि पुतिन के पक्ष में चुनाव नतीज़ों को बढ़ा-चढ़ा कर बताया जाए और इस दौरान विपक्षी दलों के पर्यवेक्षकों को चुप रहने के लिए राज़ी कर लिया गया हो.''

चुनाव पर्यवेज्ञक के तौर पर काम कर रहे ये शख्स एक छात्र हैं और सिर्फ दो हफ्तों के लिए यहां प्रतिनिधि के तौर पर काम करने आए हैं. उन्हें इस काम के लगभग 3400 रुपये दिए जा रहे हैं.

लेकिन मदतान केंद्र से निकल रहे एक मतदाता एलेक्ज़ैंडर ने धांधली के आरोप को दुष्प्रचार बताया.

एलेक्ज़ेंडर का कहना था, ''हर लोकतांत्रिक राष्ट्र में चुनावों के दौरान पांच से 10 प्रतिशत तक धांधली होना आम बात है, लेकिन जिस तरह से रुस में हो रहे चुनावों में व्यापाक धांधली की खबरें आ रही हैं वो बीबीसी और अन्य विदेशी मीडिया द्वारा फैलाया गया गलत प्रचार है.''

एलेक्ज़ेंडर आगे कहते हैं, ''विदेशी मीडिया का ये कहना कि रूस की 90 प्रतिशत जनता पुतिन के खिलाफ़ है, ये भी बिल्कुल ग़लत है क्योंकि पुतिन अब भी देश के सबसे लोकप्रिय नेता हैं.''

अहम

ये चुनाव व्लादिमीर पुतिन के लिए बहुत अहम हैं जो चार साल तक प्रधानमंत्री बने रहने के बाद अब तीसरी बार राष्ट्रपति बनने की उम्मीद कर रहे हैं.

पुतिन वर्ष 2000 से 2008 तक रूस के राष्ट्रपति रह चुके हैं. उन्हें वर्ष 2008 में संवैधानिक कारणों से राष्ट्रपति पद के लिए चुनाव लड़ने की अनुमति नहीं मिली थी.

मतदान में राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के अलावा अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष केंद्र के तीन अंतरिक्ष यात्रियों ने भी भाग लिया है. पुतिन ने रविवार सुबह राजधानी मॉस्को के एक पोलिंग बूथ पर अपना वोट डाला.

पुतिन को चुनाव मैदान में चार उम्मीदवार चुनौती दे रहे हैं इनमें व्लादिमीर जिरीनोस्की, मिखाइल प्रोखोरो और सर्गई मिरोनोव शामिल हैं. साम्यवादी नेता जेनेडी ज्यूगानोव को पुतिन का प्रमुख प्रतिद्वंदी माना जा रहा है.

मतदान की शुरुआत जहां रूस के पूर्वी हिस्सों से शुरु हुई और नौ टाइमजो़न से गुज़रते हुए भारतीय समयनुसार रविवार रात साढ़े दस बजे बाल्टिक एक्सलेव के कालिनिंग्राड में खत्म होगी.

संबंधित समाचार