जी 8 के नेता चाहते हैं ग्रीस यूरोजोन में ही रहे

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Image caption जी 8 के नेताओं में नीतिगत मतभेद हैं

अमरीकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने कहा है कि यूरोप के आर्थिक संकट का समाधान खोजने के लिए जी 8 देशों के सम्मेलन में मौलिक प्रगति हुई है.

कैम्प डेविड में जी 8 देशों के नेताओं से मुलाकात के बाद उन्होंने कहा कि सभी नेता इस बात पर राजी हुए हैं कि विकास और रोजगार सर्वोच्च प्राथमिकताएं होनी चाहिए.

लेकिन जर्मन चांसलर एंगेला मर्केल ने जोर दिया कि यूरो मुद्रा वाले देशों को अपना घाटा कम करने के लिए खर्चों में कटौती बरकरार रखना चाहिए.

जी 8 नेताओं ने एक बयान में स्वीकार किया है कि सभी देशों के लिए उपाये एक जैसे नहीं हो सकते हैं.

ग्रीस और यूरोजोन

जी 8 के देशों का कहना है कि वे कर्ज में डूबे ग्रीस को यूरोजोन यानी यूरो मुद्रा वाले देशों के समूह में बरकरार रखना चाहते हैं.

वॉशिंगटन के निकट कैम्प डेविड में बैठक कर रहे जी 8 के नेताओं ने वित्तीय जिम्मेदारी के साथ विकास को बढ़ावा देने की प्रतिबद्धता भी जाहिर की है.

ग्रीस के बेनतीजा चुनावों के बाद उसे यूरो मुद्रा वाले देशों के समूह से बाहर निकालने का मुद्दा इस बैठक के एजेंडे में शीर्ष पर था.

फ्रांस, जर्मनी, अमरीका, ब्रिटेन, इटली, जापान, कनाडा और रूस इस समूह के सदस्य हैं.

जी 8 के नेताओं ने एक बयान में कहा है, ''वैश्विक स्थिरता के लिए मजबूत यूरोजोन के महत्व पर हम सहमत हैं. ग्रीस की प्रतिबद्धताओं का सम्मान करते हुए हम उसके यूरोजोन में बने रहने के पक्षधर हैं.''

कटौती पर सहमति नहीं

जी 8 के नेताओं में खर्चों में कटौती जारी रखने को लेकर एक राय नहीं है.

जर्मन चांसलर एंगेला मर्केल ने खर्चों में कटौती की बात कही है लेकिन फ्रांस ने नये राष्ट्रपति फ्रांस्वा ओलांड विकास के लिए अमरीकी राष्ट्रपति बराक ओबामा की तरह नीतियों की बात कर रहे हैं.

अमरीकी अधिकारियों का कहना है कि इस मुद्दे पर एंगेला मर्केल, राष्ट्रपति ओबामा से अलग से मुलाकात करेंगी.

इटली के प्रधानमंत्री मारियो मोंटी का कहना है कि जून में रोम में इसी तरह की एक अहम बैठक होगी जहां वे ओलांड और मर्केल की मेजबानी करेंगे.

इससे पहले ब्रितानी प्रधानमंत्री डेविड कैमरन ने घाटा कम करने का आह्वान किया.

उन्होंने कहा, ''इस बात की आपात जरूरत समझी जा रही है कि हरकत में आने की जरूरत है, आपात योजनाओं को लागू करने की जरूरत है, बैंकों और सरकारों को मजबूत बनाने की जरूरत है.''

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