ड्रोन हमले में तीन चरमपंथियों की मौत

ड्रोन इमेज कॉपीरइट AP
Image caption पाकिस्तान के क़बायली इलाक़ों में पिछले कई सालों से लगातार ड्रोन हमले हो रहे हैं.

पाकिस्तान के क़बायली इलाक़े दक्षिण वज़ीरिस्तान में अमरीकी ड्रोन यानी मानवरहित विमानों के हमले में एक वरिष्ठ चरमपंथी नेता सहित तीन लोग मारे गए.

स्थानीय प्रशासन के एक अधिकारी ने बीबीसी संवाददाता दिलावर ख़ान वज़ीर को बताया कि ड्रोन ने दक्षिण वज़ीरिस्तान के इलाक़े बरमल में एक ठिकाने पर दो मिसाइल दाग़े जिससे तीन चरमपंथी मारे गए.

उन्होंने बताया कि मरने वालों का संबंध मुल्ला नज़ीर गुट से है और जिस इलाक़े पर हमला हुआ है वह अफ़ग़ानिस्तान की सीमा से सटा हुआ है.

स्थानीय लोगों का कहना है कि यह हमला मुल्ला नज़ीर गुट के ठिकाने के क़रीब खड़ी गाड़ी पर हुआ जो अंगूर अड्डा आई थी और वाना जाने के लिए तैयार थी.

उनके मुताबिक़ ड्रोन विमानों के हमले में मुल्ला नज़ीर गुट के वरिष्ठ कमांडर हलीमुल्लाह और उनके दो साथी मारे गए.

उन्होंने बताया कि हमले के बाद गाड़ी में आग लग गई और वह पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई.

ग़ौरतलब है कि इससे पहले भी इसी इलाक़े में कई अमरीकी ड्रोन विमानों के हमले हो चुके हैं जिसमें कई लोग मारे जा चुके हैं.

'अमरीकी आरोप'

ताज़ा ड्रोन हमला ऐसे समय में हुआ है जब पाकिस्तान चरमपंथी गुट हक़्क़ानी नेटवर्क को लेकर अमरीकी चेतावनी का सामना कर रहा है.

अमरीका ने पाकिस्तान पर आरोप लगाए थे कि उसकी ख़ुफ़िया एजेंसी आईएसआई चरमपंथी गुट हक़्क़ानी नेटवर्क का समर्थन कर रही है जो अफ़ग़ानिस्तान में अमरीकी सेना पर हमले करता है.

पाकिस्तान ने इन आरोपों का खंडन किया है और इस संबंध में गुरुवार को प्रधानमंत्री यूसुफ़ रज़ा गिलानी की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय बैठक हुई जिसमें सेनाध्यक्ष जनरल अशफ़ाक़ परवेज़ कियानी, आईएसआई के प्रमुख लेफ़्टिनेंट जनरल अहमद शुज़ा पाशा सहित विभिन्न राजनीतिक और धार्मिक दलों के वरिष्ठ नेताओं ने भाग लिया था.

बैठक को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री यूसुफ़ रज़ा गिलानी ने हक़्क़ानी नेटवर्क को लेकर अमरीकी आरोपों को रद्द कर दिया था और कहा था कि पाकिस्तान पर ‘डू-मोर’ यानी और कार्रवाई करने के लिए दबाव नहीं डाला जा सकता है.

संबंधित समाचार