18 मिनट तक बिना ऑक्सीजन के!

  • 23 अप्रैल 2017
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वह दर्द महसूस नहीं करता, उसे कैंसर नहीं होता है, वह आगे और पीछे दोनों ओर आराम से दौड़ लेता है और अपने मल को भी खा लेता है.

पूर्वी अफ्रीका के चूहे जिन्हें न्यूड मोल रैट कहा जाता है, बेशक़ दुनिया के सबसे अजीब स्तनधारियों में से एक हैं.

अब शोधकर्ताओं की एक टीम ने इस जीव की एक और खूबी खोजी है जिससे टूथब्रश जैसे दांतों वाला ये जानवर और भी अनूठा हो गया है.

ये हैं चूहे के दिमाग के इंद्रधनुषी रंग

ये स्तनधारी कभी पार्टनर को धोखा नहीं देता

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बिना बालों वाला ये चूहा बिना ऑक्सीजन के 18 मिनट तक ज़िंदा रह सकता है. ऐसे हालात में कोई भी स्तनधारी या मनुष्य मर जाता है.

और ये होता है एक मेटाबॉलिक ट्रिक, यानी पाचन की एक क्रिया से.

जनरल पब्लिक में प्रकाशित एक अध्ययन के लेखक के मुताबिक़ जब ऑक्सीजन घटती है तो शरीर ऊर्जा के स्रोत के रूप में ग्लूकोज़ को जलाने से रोकें और फ्रुक्टोस का उपयोग करें, ये तंत्र पौधों में देखा जाता है.

ये समझना होगा कि कैसे ये जानवर एक मेटाबॉलिक प्रणाली से दूसरी मेटाबॉलिक प्रणाली अपना लेता है, इससे ऑक्सीजन की कमी से होने वाली बीमारियों जैसे दिल का दौरा और स्ट्रोक के मरीज़ों के प्रभावी उपचार में मदद मिल सकती है.

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ऑक्सीजन ना होने पर भी ख़तरा नहीं

हम जिस हवा में सांस लेते हैं उसमें 21 प्रतिशत ऑक्सीजन होती है. अगर हम अनुकूलन की सावधानीपूर्वक प्रक्रिया से गुजरते हैं, तो इंसान लगभग 10 प्रतिशत ऑक्सीजन के साथ जीवित रह सकता है.

इससे कम ऑक्सीजन मिलने पर शरीर ठीक से काम करना बंद कर देता है.

अमरीका की इलिनोइस यूनिवर्सिटी के जीव विज्ञान के प्रोफेसर और अध्ययन के सह-लेखक प्रोफेसर थॉमस पार्क ने इन चूहों को एक पिंजरे में 5 प्रतिशत ऑक्सीजन में रखा. लेकिन पांच घंटे बाद भी उनमें असहजता के कोई लक्षण नहीं थे.

उनको हैरानी तब हुई जब शून्य प्रतिशत ऑक्सीजन में भी वो 18 मिनट तक हिलते-डुलते रहे.

मॉलिक्यूलर मेडिसिन सेंटर, बर्लिन के जीव वैज्ञानिक येन रेज़निक का कहना है, "वो बिना किसी दिमाग़ी नुकसान के 18 मिनट तक ज़िंदा रहे.''

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भीतरी क्षमता

हालांकि शोधकर्ता जानते थे कि ज़मीन के भीतर की तरफ रहने वाले इन स्तनधारियों को ऑक्सीजन मुश्किल से मिलती है, लेकिन इससे पहले उनकी इस क्षमता को लेकर कोई परीक्षण नहीं किया गया था.

इस शोध का अगला क़दम ये पता लगाना होगा कि क्या इंसानों में भी ऐसी कोई छिपी हुई क्षमता है या नहीं.

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