सऊदी अरब के सराहा ऐप ने मचाया तहलका, 30 करोड़ डाउनलोड

साराहा

सऊदी अरब के मैसेज एप्लिकेशन बाज़ार में एक नए एप सराहा ने तहलका मचा दिया है. क़रीब एक महीने पहले लॉन्च हुए इस एप को करीब 30 करोड़ बार डाउनलोड किया गया है.

लेकिन सबसे हैरान करने वाली बात ये है कि इसे केवल तीन कर्मचारी ही मिल कर चलाते हैं.

क्या है प की ख़ासियत?

इस ऐप के जरिए आप अपने प्रोफ़ाइल से लिंक किसी भी व्यक्ति को मैसेज भेज सकते हैं. लेकिन सबसे मज़ेदार यह है कि मैसेज पाने वाले को यह पता नहीं चलेगा कि ये मैसेज किसके पास से आया है. जाहिर है, इसका जवाब भी नहीं दिया जा सकता. और यही कारण है कि ये ऐप लोगों के बीच बहुत तेज़ी से लोकप्रिय होता जा रहा है.

सराहा एक अरबी शब्द है, जिसका मतलब 'ईमानदारी' होता है.

ऐप को बनाने वाले सऊदी अरब के 29 वर्षीय जेन अल-अबीदीन तौफ़ीक से जब यह पूछा गया कि क्या वो इसे बनाते समय यह सोच रहे थे कि ये इतना लोकप्रिय हो जाएगा?

तौफ़ीक ने कहा कि वो आशावादी थे, सोच रहे थे की डाउनलोड की संख्या 1000 तक पहुंचेगी, लेकिन अब ये गूगल प्ले स्टोर पर ही 50 लाख से भी ऊपर पहुंच गई है.

यह पूछे जाने पर कि अगर लोगों को मैसेज भेजने वाले का पता नहीं चलेगा तो इसका गलत इस्तेमाल भी धड़ल्ले से हो सकता है, उन्होंने कहा कि ऑनलाइन उत्पीड़न, शोषण या बुरा व्यवहार करने से रोकने की भी सख़्त व्यवस्था भी है. यहां ब्लॉक या फिल्टर करने की सुविधा भी मौज़ूद है.

Image caption सराहा को बनाने वाले तौफ़ीक

तौफ़ीक ने कहा कि इसके जरिए कंपनी के कर्मचारी अपने बॉस को अपना नाम गुप्त रखते हुए फ़ीडबैक दे सकते हैं.

साथ ही तौफ़ीक कहते हैं कि इसे बनाने के पीछे मकसद है कि आप किसी व्यक्ति से वो सब कह सकें जो आप उनके सामने आकर नहीं कह सकते क्योंकि संभवतः जो आप कह रहे हैं उसे सुनना उन्हें अच्छा न लगे.

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