करनी है अंतरिक्ष की सैर? अपनाइए ये पांच नुस्खें

अंतरिक्ष यात्री बनने का सपना कौन नहीं देखता? बादलों, समुद्र, पहाड़ियों को देखते हुए पृथ्वी के ऊपर अंतरिक्ष में सैर करना, मंगल-बुद्ध जैसे ग्रहों को क़रीब से देखना और विशाल गहरे अंतरिक्ष की ज़ीरो ग्रैविटी में तैरना, ये कुछ ऐसे ही सपने हैं, जिन्हें हम सच होता देखना तो चाहते है, लेकिन आम तौर पर इसे किसी परी कथा की तरह भूल भी जाते है.

पचास साल पहले तक कुछ सुपर फिट, तीक्ष्ण बुद्धि वाले, आत्मविश्वासी और देशभक्त किस्म के लोग ही अंतरिक्ष में जाने के सपने को साकार कर पाते थे. लेकिन अब अंतरिक्ष टूरिज्म आम है, हर हफ्ते ऐसे मिशन चलाए जाते है जिसमें लोग चांद या मंगल की सैर कर सकते हैं.

तो क्या वाकई आसान हो गया है अंतरिक्ष यात्री बनना? किन खूबियों की होती है ज़रूरत, लगता है कितना पैसा? आइए नज़र डालते है इन पांच रास्तों पर जो दे सकते हैं इन सवालों का जवाब.

1. किसी अंतरिक्ष विमान की सवारी

वर्जिन गैलेक्टिक रॉकेट प्लेन और एक्सकोर एयरोस्पेस रॉकेट मोटर के सफल अंतरिक्ष प्रयोगों के बाद कहा जा सकता है कि ये अंतरिक्ष टूरिज्म के एक युग की शुरुआत है. हालांकि इस यात्रा में आने वाला प्रति व्यक्ति खर्च इतना ज़्यादा है कि फिलहाल इसे सिर्फ अमीर और रसूख़दार लोग ही झेल पाएंगे.

लिंक्स या कुछ देशों में एक्स के नाम से पहचाने जाने वाले एक ड्यूडरेन्ट ब्रांड ने अपने प्रचार के लिए एक्सकोर अंतरिक्ष विमान में सैर कराने का आभियान चलाया था. हालांकि ये शुरुआती दौर में ही विवादों में फंस गया.

अभियान के तहत सिर्फ मर्दों को ही शामिल होने की इज़ाज़त दी गई थी, जिसका महिलाओं ने विरोध किया. ऐसे अभियान भविष्य में भी चलाए जाएंगे, वर्जिन ऐसा ही एक कार्यक्रम चला भी रहा है.

लेकिन अंतरिक्ष टूरिज्म की सबसे बड़ी समस्या यही है कि ये बहुत महंगा है और अंतरिक्ष देखने के लिए बेहद कम समय दिया जाता है. इसके जरिए आप अंतरिक्ष वैज्ञानिक तो नहीं बन पाएंगे लेकिन अंतरिक्ष पर्यटक ज़रूर बन जाएंगे.

अंतरिक्ष वैज्ञानिक बनने के सबसे क़रीब आपको ‘स्पेस एडवेंचर’ कार्यक्रम ले जाता है, जिसके अंतर्गत प्रतियोगी को अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन में दस दिनों तक रहने का मौका मिलता है और इसके लिए आपको चुकाने पड़ेंगे करीब दो अरब 75 करोड़ रुपए.

योग्यता: पैसा और साथ में भाग्य

2. मंगल ग्रह की यात्रा

अंतरिक्ष जिज्ञासुओं के बीच ‘मार्स वन’ एक चर्चित मिशन है. डच नेतृत्व वाले इस समूह की योजना लोगों को मंगल ग्रह पर भेजने की है.

इस मिशन का टाइम-टेबल इतना ज़्यादा महत्वाकांक्षी है कि इसे आज के वक्त में पागलपन भी करार दिया जा सकता है. मिशन की योजना साल 2023 तक मंगल ग्रह को रिहायशी स्थान बनाने की है.

भर्ती प्रक्रिया को शुरू करते हुए मार्स वन के मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया, “वो दिन लद गए जब अंतरिक्ष की सैर करने के लिए बहादुरी और सैकड़ो घंटों सुपरसॉनिक जेट प्लेन चलाने का अनुभव ज़रूरी होता था. आज ज़्यादा जरूरी है कि वैज्ञानिक अंतरिक्ष की परिस्थितियों को किस हद तक झेल सकता है.” हालांकि स्वस्थ्य और बीमारी रहित होना हमेशा ज़रूरी रहेगा.

तो अगर आपको लगता है कि आपमें इस मिशन में जाने के लिए ज़रूरी काबिलियत है तो आप उन 78,000 लोगों के पीछे कतार में हैं जिन्होंने पहले ही आवेदन डाल रखा है.

साथ ही ये भी याद रखिए कि इस मिशन की योजना के तहत आप मंगल से वापस शायद कभी नहीं आ पाएंगे.

योग्यता: स्वस्थ्य, पृथ्वी से मोहमाया रहित

3. पृथ्वी से मंगल और वापस

अगर आपको इससे पहले वाला तरीका पसंद नहीं आया तो इस पर विचार कीजिए. ‘इंस्पिरेशन मार्स’ नाम के एक मिशन के तहत अंतरिक्ष यात्री मंगल जा सकेंगे और पृथ्वी वापस भी आ सकेंगे.

हालांकि 18 महीने की इस यात्रा में आप मंगल ग्रह की सतह पर उतर नहीं पाएंगे. अगर तय समय में आयोजकों के पास पैसों का इंतजाम हो जाए तो साल 2018 तक ये मिशन शुरू कर दिया जाएगा.

तो किसके लिए हो सकता है ये एक सही चुनाव? मिशन के संचालकों का कहना है कि अधेड़ उम्र के लोग या शादीशुदा जोड़े इस योजना के लिए उपयुक्त हो सकते हैं.

योग्यता: शक्तिशाली व्यक्ति / शादी शुदा जोड़े

4. चंद्रमा यात्रा मिशन पर जाइए

अगर आपको मंगल यात्रा में कोई खास रुचि नहीं है और अगर आपके पास करीब 70 अरब रुपए फालतू पड़े हैं तो आप संपर्क कर सकते हैं ‘गोल्डन स्पाइक’ कंपनी से जो आपके लिए विशेष तौर पर आयोजित कर सकती है चंद्रमा यात्रा का मिशन.

इस यात्रा पर जानने के लिए आपको अरबपति होना ज़रूरी नहीं है.

ये योजना देशों और समूहों के लिए भी खुली हुई है. अगर आपके कुछ अमीर दोस्त है तो भी आप अब पैसे मिलाकर चांद पर जा सकते हैं.

योग्यता: पैसा और ढ़ेर सारा पैसा

5. जुड़िए किसी अंतरिक्ष एजेंसी से

अगली बार जब आपको किसी अंतरिक्ष एजेंसी में नौकरी का विज्ञापन दिखें, जिसमें लिखा हो ‘जरूरत है एक कमाल के व्यक्तित्व वाले इंसान की’, तो समझ लें की वाकई ऐसे ही व्यक्ति की तलाश है.

अगर आप वाकई दिन रात सिर्फ अंतरिक्ष वैज्ञानिक बनने का ही सोचते हैं और इसे लेकर आप वाकई संजीदा है. साथ ही आपके पास बेहतरीन फिटनेस और जरूरी कुशलता है तो ये आपके लिए एक मौका साबित हो सकता है.

यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी की वेबसाइट पर जारी किए गए एक विज्ञापन के अनुसार, “अंतरिक्ष एजेंसी को बेहतरीन लोगों की ज़रूरत है.”

मैने कुछ अंतरिक्ष वैज्ञानिकों का साक्षात्कार किया है और मैं ये साफ तौर पर कह सकता हूं कि जरूरी नहीं कि ये लोग पसंद किए जाते हो लेकिन बेशक ये काफी प्रभावशाली होते हैं. ज्यादातर अंतरिक्ष यात्री जंगी जहाज़ उड़ाने वाले होते हैं.

अंतरिक्ष एजेंसियों को ऐसे लोगों की ज़रूरत होती है जिनके पास प्रोफेशनल ज्ञान हो, ज़रूरी फिटनेस हो और कैसी भी स्थिति में रह पाने का जीवट हो.

योग्यता: आपके पास ज़रूरी योग्यता हो

दुर्भाग्यवश, अगर आपके पास अरबों रुपए या ‘बेहतरीन व्यक्तित्व’ जैसी ज़रूरी योग्यताएं ना हो तो आपका अंतरिक्ष यात्री बनना थोड़ा कठिन है.

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