जीवनसाथी का साथ बनाता है सेहतमंद

जीवनसाथी का सेहत पर असर इमेज कॉपीरइट SCIENCE PHOTO LIBRARY

चाहे बात वजन कम करने की हो, सिगरेट छोड़ने की या अधिक कसरत की, यदि जीवनसाथी साथ है तो सफलता आपके कदम जरूर चूमेगी.

ऐसा मानना है ब्रिटेन के शोधविज्ञानियों का.

ब्रिटेन में कुछ शोधविज्ञानियों ने 50 या इससे अधिक उम्र के तकरीबन 3,700 शादीशुदा और साथ रहने वाले जोड़ों पर अध्ययन किया.

अध्ययन में ये बात सामने आई कि वैसे स्त्री या पुरुष अपना मकसद पूरा करने में तीन गुना या इससे भी अधिक कामयाब हुए जिनके पार्टनर ने उनकी चुनौती में भरपूर साथ दिया.

जीवनसाथी का अक्स

वैसे ये बात पहले से कही जाती रही है कि हमारी सेहत या रहन-सहन और व्यवहार पर जीवनसाथी का असर होता है.

कई अध्ययन ये बताते रहे हैं कि खुशहाल दंपत्ति या खुशहाल जोड़ों के दिल के रोगों का ख़तरा होने की संभावना काफी कम होती है. इसी तरह कैंसर को हराने में भी वे आगे होते हैं.

लेकिन ये स्पष्ट नहीं है कि ऐसा क्यों होता है? क्या इसकी वजह ये है कि आप एक अच्छी आदत वाले पार्टनर में अपना अक्स देखते हैं या इसलिए कि आपकी ही तरह अच्छी या बुरी आदतों वाले पार्टनर के साथ आप अधिक जुड़ाव महसूस करते हैं.

जामा इंटरनल मेडिसिन के ताजे अध्ययन में यही जानने की कोशिश की गई.

लंदन कॉलेज यूनिवर्सिटी की टीम ने अध्ययन के लिए कुछ ऐसे जोड़ों को चुना जिसमें दोनों की आदतें खराब थी. जैसे कि दोनों ही सिगरेट के आदी, अधिक वजनी और कम कसरत करने वाले थे.

अध्ययन के चार साल

इमेज कॉपीरइट AP

लगभग चार साल तक उनकी गतिविधियों पर नजर रखने के बाद ये बात सामने आई कि अध्ययन में शामिल जोड़ों में से आधे ने सेहतमंद शैली अपना ली. यानी सिगरेट छोड़ी, वजन कम किया और अधिक सक्रिय हो गए.

ये भी देखा गया कि जिस जोड़े में से एक ने अच्छी आदतें अपनाई उसके पार्टनर में भी अच्छी आदतें अपनाने की संभावना अधिक पाई गई.

जैसे कि सिगरेट के आदी यानी 'स्मोकर' के सिगरेट छोड़ने की संभावना दो गुनी पाई गई जब पार्टनर 'नॉन-स्मोकर' हो. लेकिन यही संभावना तब 10 गुना बढ़ गई जब पार्टनर पहले से स्मोकर हो और बाद में इसे छोड़ने का फ़ैसला लिया हो.

इसी तरह ये भी देखा गया कि खेल-कूद में रुचि लेने वाले पार्टनर से प्रभावित होकर व्यक्ति सक्रिय होता है लेकिन तब वह अधिक सक्रिय होता है जब उसका पार्टनर पहले आलसी होता है और फिर खुद में बदलाव लाकर अधिक सक्रिय हो उठता है.

शोधकर्ता डॉ सारा जैकसन कहती हैं कि शोध के ये नतीजे सार्वजनिक सेहत अभियान चलाने में मदद कर सकते हैं.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए यहां क्लिक करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

संबंधित समाचार