भूपति-लिएंडर विवाद का बढ़ा पेस, क्या है ये पूरा विवाद?

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भारत की डेविस कप टीम में वरिष्ठ खिलाड़ी लिएंडर पेस को न चुने जाने का विवाद सोमवार को नए मुकाम पर पहुंचा.

पेस ने गैर खिलाड़ी कप्तान महेश भूपति के साथ हुई अपनी वॉट्स ऐप चैट को पब्लिक किए जाने का आरोप भूपति पर ही लगाया और ट्विटर पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, ''एक डेविस कप कप्तान को ये हरकत शोभा नहीं देती.''

लिएंडर पेस ने ट्वीट किया, ''मीडिया में मेरे और महेश भूपति के बीच हुई वॉटस ऐप चैट के लीक होने को लेकर मुझे ये बातें कहनी हैं,

  • ये बात एकदम साफ थी कि चुने जाने का मुख्य मापदंड फॉर्म था. लेकिन जब फाइनल सेलेक्शन की बात आई तो इसे माना नहीं गया.
  • मुझसे स्पष्ट तौर पर ये नहीं कहा गया था कि मैं नहीं खेल रहा हूं. लेकिन ये साफ था कि मेरे बेंगलुरु पहुंचने से पहले फैसला लिया जा चुका था. इसे मैं गैर-ज़रूरी और गलत मानता हूं.
  • मेरे और भूपति के बीच हुई निजी बातों को सार्वजनिक किया गया. एक डेविस कप कप्तान को ये बात शोभा नहीं देती.
  • मैं मीडिया से अपील करता हूं कि चैट को निष्पक्ष होकर पढ़ें. मैंने गुरुवार को प्रेस से बात करते हुए कुछ भी विरोध की बात नहीं की.
  • डेविस कप में मेरे योगदान को कम बताने की बात महेश भूपति ने जिस सोशल मीडिया पोस्ट पर की है, मैं इस पर विस्तार से ये बता सकता हूं कि ये कितनी एकतरफा बात है. मैं शायद भविष्य में इस बारे में भी बताऊं.
  • जो फैन्स इस सबको लेकर फिक्रमंद हैं, उन्हें बस ये देखना है कि कि किसने देश के झंडे के लिए खेलते हुए जीत दिलाई. इतिहास की किताबें झूठ नहीं बोलती हैं.

बता दें कि 27 सालों में ये पहली बार है, जब लिएंडर पेस डेविस कप में नहीं खेले.

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कहां से शुरू हुआ विवाद?

भारत की उज्बेकिस्तान पर जीत के बाद महेश भूपति ने अपनी लिएंडर पेस के साथ हुई वॉट्स ऐप चैट को फेसबुक पर पोस्ट किया था. ये चैट डेविस कप में लिएंडर को न चुने जाने को लेकर थी.

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भूपति ने कहा था, ''पेस को बाहर रखने का कोई निजी एजेंडा नहीं था, जैसा कि उन्होंने दावा किया. हमने कभी पेस को टीम में जगह देने का वादा नहीं किया था.''

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