डीयू में ABVP को हरानेवाले रॉकी कौन हैं

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दिल्ली विश्वविद्याल छात्रसंघ के चुनाव में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पद पर कांग्रेस की छात्र इकाई एनएसयूआई ने जीत हासिल की है.

डूसू के अध्यक्ष पद पर एनएसयूआई के रॉकी तुशीद चुने गए हैं. पिछले पांच साल से अध्यक्ष का पद बीजेपी की छात्र इकाई एबीवीपी जीतती आ रही थी.

पांच साल पहले 2012 में एनएसयूआई के अरुण हुड्डा अध्यक्ष पद का चुनाव जीते थे. लगातार चुनाव में पराजय का सामना करती आ रही कांग्रेस के लिए रॉकी तुशीद की जीत एक बड़ी ख़ुशख़बरी लेकर आई है.

वैसे तो छात्रसंघ चुनाव राष्ट्रीय स्तर की राजनीति के संकेतक नहीं होते, लेकिन दिल्ली विश्वविद्यालय के चुनाव को विश्लेषक जनता की नब्ज़ से जोड़कर देखते रहे हैं.

और वैसे भी पिछले कई सालों से दिल्ली विश्वविद्यालय की राजनीति पर एबीवीपी का दबदबा रहा है.

कौन हैं रॉकी तुशीद?

एबीवीवी का विजय रथ रोकनेवाले रॉकी तुशीद डीयू के नॉर्थ कैंपस से बुद्धिस्ट स्टडीज़ की पढ़ाई कर रहे हैं. उन्होंने शिवाजी कॉलेज़ से पढ़ाई की है.

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रॉकी पश्चिम दिल्ली एनएसयूआई शाखा और फ़ैकल्टी ऑफ़ आर्ट्स के अध्यक्ष भी हैं.

उनकी स्कूली पढ़ाई ज्ञान मंदिर और डीपीएस विकास पुरी से हुई है.

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डूसू चुनाव से पहले रॉकी का नामांकन ख़ारिज़ कर दिया गया था, लेकिन दिल्ली हाई कोर्ट की इजाज़त के बाद वो डूसू चुनाव के मैदान में उतरे.

रॉकी की ओर से उनके केस की पैरवी वरिष्ठ वकील पी चिदंबरम ने की थी.

चिदंबरम ने कहा था कि एक गुमनाम शिकायत के आधार पर मुख्य चुनाव अधिकारी कैसे उनका नामांकन रद्द कर सकते हैं.

रॉकी का नामांकन 6 सितंबर को ख़ारिज किया गया था जबकि चुनाव 12 सितंबर को होने थे.

रॉकी तुशीद ने प्रेसिडेंट पद के लिए 1,590 वोटों जीत हासिल की जबकि वाइस प्रेसिडेंट पद पर कुनाल सहरावत को जीत मिली.

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