फोरलान ने जीता फ़ुटबॉल प्रेमियों का दिल

डियागो फोरलान
Image caption फोरलान एक रियल्टी शो में भाग लेने कोलकाता आए थे.

‘वो आए, उन्होंने सबका दिल जीता और चले गए.’ फ़ुटबॉल विश्वकप के दौरान ‘गोल्डन बॉल’ जीतकर उरुग्वे के स्टार बने डियागो फोरलान के कोलकाता दौरे को कुछ इसी अंदाज में बयां किया जा सकता है.

फोरलान एक स्थानीय टीवी चैनल की ओर से आयोजित रियल्टी शो के सिलसिले में तीन दिन के लिए कोलकाता आए थे. फोरलान ने रविवार को कोलकाता के साल्टलेक स्टेडियम में ‘मोहन बागान इलेवन’ और ‘चैलेंजर्स इलेवन’ के बीच एक फुटबॉल मैच भी देखा.

शुक्रवार को कोलकाता पहुंचे फोरलान सोमवार तड़के ही स्वदेश रवाना हो गए.

खेल के गुर

कोलकाता शहर का फुटबाल और फुटबॉल खिलाड़ियों से पुराना रिश्ता रहा है. पहले भी डियागो माराडोना, लोटार मैथस, गर्ड म्यूलर और पेले समेत दुनिया भर के महानतम खिलाड़ी इस महानगर का दौरा कर चुके हैं.

हालांकि फोरलान पहले ऐसे खिलाड़ी हैं जो अपने करियर के शीर्ष पर रहते हुए यहां आए. रविवार को मैच के दौरान फोरलान ने मैच में हिस्सा लेने वाले युवा फुटबॉल खिलाड़ियों को खेल की बारीकियां भी समझाईं.

इस बीच वो पत्रकारों से भी मुख़ातिब हुए. बातचीत के दौरान उन्होंने बताया किया कि उनके फुटबॉल खिलाड़ी बनने के पीछे असल में एक हादसा था. वो पहले एक टेनिस खिलाड़ी थे, लेकिन एक कार हादसे में उनकी बहन एलेक्जेंड्रा के पंगु हो जाने के बाद वे टेनिस छोड़ कर फुटबाल खेलने लगे ताकि अधिक पैसे कमाए जा सकें.

फोरलान विश्वकप में अपने प्रदर्शन से बेहद खुश हैं. वे कहते हैं, ''टीम का सेमीफाइनल तक पहुंचना और मेरा ‘गोल्डन बॉल’ जीतना कम उपलब्धि नहीं है.''

फोरलान ने कहा कि उन्हें ‘गोल्डन बूट’ न मिलने का कोई मलाल नहीं है. यह पुरस्कार स्ट्राइकर्स के लिए है. ज़्यादातर खिलाड़ी ‘गोल्डन बॉल’ हासिल करने की तमन्ना ही रखते हैं.

विश्वकप मुक़ाबले में तीसरे स्थान के लिए खेले गए मैच के दौरान जर्मनी के ख़िलाफ़ किए गए अपने गोल को वो यादगार मानते हैं.

फोरलान कहते हैं,''यूं तो विश्वकप में हर गोल अहम होता है. आप अपने देश के लिए खेल रहे होते हैं. लेकिन उस गोल से मुझे संतुष्टि मिली.''

माराडोना के प्रशंसक

Image caption फोरलान ने युवा खिलाड़ियों को खेल की बारीकियां समझाईं.

फोरलान अर्जेंटीना के महान खिलाड़ी दियागो माराडोना के जबरदस्त प्रशंसक हैं. उन्होंने बताया कि माराडोना ने उनकी बहन के इलाज के लिए पैसे जुटाने की ख़ातिर उरुग्वे में एक मैच खेला था. वे मेरे आदर्श हैं.

दिलचस्प बात है कि कोलकाता आने से पहले इस स्टार खिलाड़ी को कोलकाता में फुटब\ल के खेल की स्थिति की कोई जानकारी नहीं थी.

वो कहते हैं,''मुझे पता था कि भारत में क्रिकेट बेहद लोकप्रिय है, लेकिन फुटबाल की लोकप्रियता के बारे में मुझे जानकारी नहीं थी. यहां कई प्रतिभावान खिलाड़ी हैं.''

साल्टलेक स्टेडियम में मैच के दौरान फोरलान ने खिलाड़ियों को एक ही मंत्र वाक्य दिया-ऊंचे सपने देखो और मेहनत करो. हर कोई अपनी मंजिल हासिल कर सकता है. ऐसा होने पर जल्द ही भारतीय खिलाड़ी इंग्लैंड, इटली और स्पेन में खेलते नजर आएंगे.

अगले विश्वकप के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा,''अभी इस बारे में कुछ सोचा नहीं है. सबसे पहले तो विश्वकप के लिए क्वालीफाई करना ज़रूरी है. क्वालीफाइंग राउंड बेहद कठिन होता है, लेकिन इस विश्वकप में बेहतर प्रदर्शन से हमारा उत्साह बढ़ा है. हम आगे और बेहतर करने का प्रयास करेंगे.''

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