यूसैन बोल्ट ने रियो के रहस्य से पर्दा उठाया

  • 8 अक्तूबर 2012
यूसैन बोल्ट
Image caption बोल्ट ने लंदन ओलंपिक खेलों में 100 और 200 मीटर दौड़ का स्वर्ण जीता था

दुनिया के सबसे तेज़ धावक यूसैन बोल्ट 2016 में रियो डि जेनेरो में होने वाले ओलंपिक खेलों में 100 और 200 मीटर दौड़ में अपना ताज बचाने के लिए ट्रैक पर उतारना चाहते हैं.

जमैका के बोल्ट ने लंदन ओलंपिक खेलों के दौरान इन दोनों मुक़ाबलों के साथ ही 4 गुणा 100 मीटर की दौड़ में भी स्वर्ण पदक जीता था. उन्होंने कहा कि वह 400 मीटर दौड़ या लंबी कूद में जाना नहीं चाहते.

उन्होंने कहा, "मेरा फ़ोकस इन्हीं तीन मुक़ाबलों पर होगा. मैं रियो में किसी और मुक़ाबले में नहीं जाना चाहता. मैं इसलिए अपना ख़िताब बचाना चाहता हूँ कि जिससे मैं दिखा सकूँ कि ये फिर से कर सकता हूँ."

इस 26 वर्षीय धावक ने ज़ोर देकर कहा कि उनकी मंशा किसी भी तरह अपने प्रशिक्षण में ढिलाई बरतने की नहीं है.

बोल्ट के नाम ही 100 और 200 मीटर दौड़ का विश्व रिकॉर्ड भी है और उन्होंने कहा कि वह अगले साल तो और भी तेज़ दौड़ना चाहते हैं. अगले ही साल मॉस्को में विश्व चैंपियनशिप होने वाली है.

फ़ोकस फ़र्राटा दौड़ पर

उन्होंने कहा, "ये सिर्फ़ कड़ी मेहनत की बात है. जब मैं छोटा था और काफ़ी अच्छा प्रदर्शन कर रहा था तो लोग कहते थे कि अपनी उम्र के हिसाब से मैं काफ़ी तेज़ भागता था. मैंने इसमें काफ़ी मेहनत की है और ये मेहनत जारी है."

बोल्ट के मुताबिक़ उनका फ़िलहाल तो यही फ़ोकस है कि वह तेज़ से तेज़ कैसे दौड़ें.

बोल्ट ओलंपिक की फ़र्राटा दौड़ में लगातार दो ओलंपिक में अपना 100 और 200 मीटर दौड़ का ख़िताब बचा पाने वाले पहले एथलीट बन गए थे. बल्कि 200 मीटर दौड़ में तो दूसरे और तीसरे स्थान पर भी जमैका के ही एथलीट्स थे.

बोल्ट ने लंदन में 100 मीटर दौड़ 9.63 सेकेंड्स में और 200 मीटर दौड़ 19.32 सेकेंड्स में जीती थी.

लंदन में 200 मीटर दौड़ में स्वर्ण जीतने के बाद बोल्ट ने रियो में हिस्सा लेने को लेकर शक़ पैदा कर दिया था और कहा, "मेरे कोच चाहते हैं कि मैं 400 मीटर में दौड़ूँ और मैं ख़ुद लंबी कूद में जाना चाहता हूँ. ये सिर्फ़ एक दूसरा लक्ष्य तय करने की बात है, खेल में मैं बहुत कुछ कर सकता हूँ."

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