'टीम इंडिया का कप्तान बने युवराज'

युवराज सिंह, yuvraj singh
Image caption योगराज चाहते हैं कि युवराज को गेंदबाजी का ज्यादा मौका दिया जाए

टीम इंडिया के सदस्य युवराज सिंह के पिता योगराज सिंह की ख्वाहिश है कि उनका बेटा भारतीय क्रिकेट टीम का कप्तान बने और सचिन तेंदुलकर की तरह उसे भी क्रिकेट की दुनिया में सम्मान हासिल हो.

खुद टेस्ट क्रिकेटर रह चुके योगराज सिंह ने बीबीसी के साथ एक बातचीत में कहा कि युवराज को यदि एक गेंदबाज़ के रुप में ज्यादा इस्तेमाल ज़्यादा किया जाए तो ये टीम के लिए बेहतर होगा.

योगराज सिंह को उम्मीद है कि यदि युवराज को टीम का कप्तान बनाया जाता है तो उनका रिकॉर्ड दूसरों से बेहतर होगा.

कैंसर जैसी खतरनाक बीमारी को मात देकर युवराज सिंह ने पिछले दिनों श्रीलंका में खेले गए ट्वेंटी-ट्वेंटी विश्व कप क्रिकेट टूर्नामेंट के लिए भारतीय टीम में वापसी की तो उनकी फिटनेस पर तमाम पूर्व क्रिकेटरों ने सवाल उठाए.

लेकिन युवराज सिंह ने ठीक-ठाक प्रदर्शन कर अपनी वापसी को काफी हद तक सही साबित किया.

दिलीप ट्रॉफी

अब उन्होंने हैदराबाद में दिलीप ट्रॉफी के सेमीफाइनल में उत्तर क्षेत्र के लिए खेलते हुए 208 रनों की पारी खेलकर दिखा दिया कि उनके दमख़म में कोई कमी नही है.

युवराज सिंह की इस दमदार पारी के बाद बीबीसी ने उनके पिता योगराज सिंह से बातचीत की तो वो युवराज सिंह की फिटनेस से संतुष्ट नजर आए.

बातचीत के दौरान योगराज सिंह ने एक खा़स राज़ का भी पर्दाफाश किया कि अब युवराज सिंह पहले से ज़्यादा अनुशासित हो गए हैं, और रोजा़ना सुबह पाठ करते हैं.

उन्होंने कहा कि युवराज को लेकर मेरा सपना अभी पूरा नही हुआ हैं और मैं चाहता हूं कि वो 100- 125 टैस्ट मैच खेलें और क्रिकेट के तीनों प्रारुपों में 30-35 हज़ार रन बनाए.

घरेलू क्रिकेट को लेकर योगराज सिंह थोड़ी सख़्ती से कहते हैं कि टेस्ट और वन डे मैच खेलने वाले सभी खिलाड़ियों को इसे ज़रुर खेलना चाहिए.

संबंधित समाचार