शेयर बाजार में, फेसबुक सबसे कीमती तकनीकी कंपनी

फेसबुक के प्रमुख मार्क जकरबर्ग
Image caption मार्क जकरबर्ग 28 वर्ष के हैं और आठ साल पहले उन्होंने फेसबुक की शुरुआत की थी

सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट फेसबुक के शेयर बाजार में उतरने के साथ ही कंपनी की कीमत 104 अरब डॉलर लगाई गई है जिससे वो दुनिया की सबसे कीमती तकनीकी कंपनी बन गई है.

आठ साल पुरानी फेसबुक के आईपीओ (शुरुआती शेयरों) के शुक्रवार को बाजार में आने से पहले, भारी मांग के चलते उसके शेयरों की शुरुआती कीमत लगातार बढ़ाई गई और अंत में हर शेयर 38 डॉलर का बिका है.

ये शेयर नैसडैक पर पंजीकृत हुए हैं जहाँ तकनीकी कंपनियों - गूगल, ऐपल आदि के शेयरों की खरीद-बिक्री होती है.

नेसडैक के खुलते ही फेसबुक के शेयरों की कीमत में 10 फीसदी से ज्यादा का उछाल देखा गया. शुरुआती कारोबार में शेयरों की कीमत 42 डॉलर तक पहुँच गई थी पर बाद में इसमें थोड़ी गिरावट आई.

फेसबुक की कीमत के आकलन के मुताबिक ये इंटरनेट शॉपिंग कंपनी एमेजॉन के बराबर और डिजनी से अधिक कीमती है.

अमरीका के इतिहास में फेसबुक के शुरुआती शेयरों की पेशकश यानी आईपीओ तीसरा सबसे बड़ा है. केवल वित्तीय दिग्गज वीजा और मोटरकार बनाने वाली कंपनी जनरल मोटर्स के आईपीओ इससे बड़े थे.

बाजार में 20 प्रतिशत शेयर ही

फेसबुक के मालिक कंपनी के कुल शेयरों में से केवल 20 प्रतिशत यानी 42.1 करोड़ को बाजार में दे रहे हैं जिससे वे लगभग 18 अरब डॉलर अर्जित कर पाएँगे.

पुस्तक 'द फेसबुक इफेक्ट' के लेखक डेविड कर्कपेट्रिक कहते हैं कि फेसबुक इस्तेमाल करने वालों की तो सेना है जो उसके शेयर धारक भी बन सकते हैं और इसके शेयर की कीमत को आगे से आगे बढ़ा सकते हैं.

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Image caption इंटरनेट सर्च इंजन गूगल ने 2004 में अपना आईपीओ पेश किया.

उनका कहना है, "लोग फेसबुक के शेयरों के इसलिए मालिक बनना चाहते हैं क्योंकि वे इससे खासे जुड़े हुए हैं. मैं देखता हूँ कि अनेक लोग पूरा समय फेसबुक को ही दे देते हैं."

कमाई के बारे में शंकाएँ

फेसबुक ने ये माना है कि मोबाइल फोन पर इसके इस्तेमाल से उसे खासा मुनाफा हुआ है. इससे कई लोगों के मन में ये शंका है कि ऐसे प्लेटफॉर्म पर विज्ञापन देने-दिखाने की कितनी गुंजाइश है.

कार कंपनी जनरल मोटर्स ने इन शंकाओं को बढ़ावा दिया है और कहा है कि वह फेसबुक पर विज्ञापन देने के लिए पैसा नहीं देगा.

लेकिन बीबीसी को दिए इंटरव्यू में विज्ञापन की दुनिया के बड़े खिलाड़ी डब्ल्यूपीपी के मुख्य कार्यकारी मार्टिन सोरेल ने कहा, "हमें पता है कि हमारा उद्योग एक खरब डॉलर से अधिक है. हमें पता है कि इस कुल राशि का लगभग 20 प्रतिशत इंटरनेट पर होता है."

उनका कहना है, "हमें ये भी पता है कि लोग अपने समय में से लगभग एक-तिहाई इंटरनेट पर गुजारते हैं, इसलिए फेसबुक के लिए अपार अवसर मौजूद हैं."

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