बीबीसी सेवेंटी एम एम

Image caption कुछ लव जैसा में राहुल बोस एक अपराधी की भूमिका में हैं.

इस हफ़्ते सिर्फ़ एक ही फ़िल्म बॉक्स ऑफ़िस पर अपनी क़िस्मत आज़माएगी. निर्माता विपुल शाह की फ़िल्म ‘कुछ लव जैसा’. राहुल बोस और शेफ़ाली शाह फ़िल्म के मुख्य किरदार निभा रहे हैं.

कहानी

एक ऐसी औरत की है जो अपनी सीधी सादी और परफ़ेक्ट सी दिखने वाली ज़िंदगी से ऊब गई है औऱ कुछ नया चाहती है. मधु नाम की ये महिला एक अनजान शख़्स से मिलती है जो हैं राहुल बोस. इन दोनों की मुलाक़ात किस तरह दोनों की ज़िंदगियों पर असर डालती है, इसी से कहानी आगे बढ़ती है.

प्लेबैक आपके उपकरण पर नहीं हो पा रहा

बीबीसी फ़िल्म क्रिटिक नम्रता जोशी कहती हैं कि “फ़िल्म एक पुराने थीम पर बनी है. राहुल बोस को एक क्रिमिनल के रूप में पेश करके इसमें नया ऐंगल देने की कोशिश की गई है. लेकिन ना तो दिलचस्प परिस्थितियां पैदा की गई हैं और ना ही राहुल बोस अपने किरदार में जमते हैं”.

ख़ास पेशकश

एक ख़ास बातचीत में तुषार कपूर ने बीबीसी से कहा कि उन्हे अपने पिता जितेन्द्र के साथ तुलना किया जाना बुरा नहीं लगता लेकिन ये तुलना नहीं होनी चाहिए क्योंकि उन्होने फ़िल्म उद्योग में ज़्यादा समय नहीं गुज़ारा है जबकि उनके पिता ने काफ़ी फ़िल्मों में काम किया था.