'26/11' जैसी फिल्म का संगीत लॉन्च क्यों?

नाना पाटेकर,अभिनेता
Image caption नाना पाटेकर ने 2008 में मुंबई के संयुक्त पुलिस कमिश्नर राकेश मरिया का रोल निभाया है.

2008 के मुंबई हमलों पर आधारित रामगोपाल वर्मा की फिल्म 'दि अटैक्स ऑफ 26/11' रिलीज़ के लिए तैयार है. बीते दिनों मुंबई के कोलाबा एरिया स्थित लियोपॉल्ड कैफे में फिल्म का संगीत लॉंच किया गया.

ये कैफे उन जगहों में से एक है जहां 26 नवंबर 2008 को चरमपंथियों द्वारा सबसे पहले हमला किया गया था.

फिल्म में मुख्य भूमिका में नाना पाटेकर हैं जो फिल्म के सूत्रधार हैं और हमलों के दौरान मुंबई के संयुक्त पुलिस कमिश्नर रहे राकेश मरिया का रोल निभा रहे हैं.

नाना ने बताया कि किस तरह वो इस फिल्म के संगीत लॉंच के विचार से सहमत नहीं थे. नाना कहते हैं,"मैंने रामू को कहा कि ये कोई ऐसी फिल्म नहीं है कि जिसका म्यूज़िक लॉंच किया जाए,मैं गिल्टी महसूस कर रहा हूं,मैं वहां नहीं आना चाहता.फिर रामू ने कहा कि नाना ये आम लॉंचिग जैसा नहीं है,हमें कैफे जाकर कुछ कहना है."

अपनी फिल्मों के प्रमोशन में कम नज़र आने वाले नाना कहते हैं "मैं कभी अपनी फिल्मों के बारे में अच्छा नहीं बोलता.फिल्म अगर अच्छी है तो चलेगी वर्ना नहीं चलेगी. मेरा काम डबिंग के बाद खत्म हो जाता है लेकिन 26/11 मेरे लिए कोई आम फिल्म नहीं है और यहां आने के बाद अंदर कुछ गंदा नहीं लग रहा."

नाना के अनुसार ये कोई ऐसी घटना नहीं है जिसको याद करके हम खुश हो जाएं.ये एक घिनौनी घटना थी जिसको शायद ही कोई देखना पसंद करें.हालांकि रामू ने जिस तरह एक किरदार के ज़रिए ये बताने की कोशिश की है कि इस तरह की घटनाएं किन कारणों से होती है,कैसे होती है,वो उन्हें सही लगा.

अफसोस 'वेलकम' पसंद आई

अपने 40 साल के फिल्मी करियर को बयां करते हुए नाना कहते हैं, "चालीस साल में जीने के लिए जितने पैसे बटोरने थे उतने मैने कमा लिए हैं. अब रात दिन और 4 शिफ्ट में काम करने की ज़रुरत नहीं है. अब 63 साल की उम्र में शायद मुझे ये करना भी नहीं चाहिए."

अपनी फिल्मों की पसंद के बारे में नाना ने बताया, "सिनेमा इतना कमाल का माध्यम है जिसके ज़रिए मैं कुछ कह सकता हूं.चालीस साल में मैंने यही कोशिश की है.हालांकि बीच में वेलकम जैसी फिल्में भी करता हूं देखने के लिए ये मुझे आता है कि नहीं.अफसोस कि लोगों को वेलकम पसंद आ जाती है."

दि अटैक ऑफ 26/11 से पहले नाना ने मराठी फिल्म 'देऊल' में भी अभिनय किया था जिसे 2011 के लिए सर्वश्रेष्ठ फिल्म का राष्ट्रीय पुरुस्कार दिया गया था.

बॉलीवुड के अन्य लॉंच समारोह से अलग 26/11 पर आधारित इस फिल्म का संगीत कार्यक्रम काफी गंभीर था. रामू और नाना के अलावा लियोपॉल्ड कैफे के मालिक फरहाद जेहानी और रॉइटर्स समाचार एजेंसी के सौरव मिश्रा भी मौजूद थे.ये दोनों ही 26 नवंबर की रात हुए हमलों में घायल हुए थे.

फरहाद ने फिल्म में खुद यानि कैफे के मालिक की भूमिका भी निभाई है. फिल्म एक मार्च को रिलीज़ होगी.

संबंधित समाचार