वित्त मंत्री जेटली ने दी ये 9 सलाह

  • 9 नवंबर 2016
इमेज कॉपीरइट Getty Images
Image caption भारत में पाँच सौ और हज़ार रुपए के नोट अचानक बंद कर दिए गए हैं.

पिछले कई महीनों से नई करेंसी छप रही थी लेकिन इसकी जानकारी किसी को नहीं दी गई.

खेती से जुड़े लोगों से पैसा जमा कराते वक़्त कोई सवाल नहीं पूछा जाएगा.

अगले तीन-चार सप्ताह में नई करेंसी पूरी तरह से बाज़ार में होगी.

देश में लगभग 85-86 फ़ीसदी करेंसी पाँच सौ और हज़ार रुपए के नोट की हो गई थी.

देश की अर्थव्यवस्था कैशलैस हो, लोगों में कार्ड और चैक के माध्यम से लेनदेन करने को बढ़ावा मिले.

जिन धंधों में कच्चे-पक्के का लेनदेन चलता था उसे कभी न कभी तो बदलना ही था.

इमेज कॉपीरइट AP

आपके पास जितना भी पैसा है आप बैंक में जमा करा सकते हैं, लेकिन ये बचने का कोई तरीका नहीं है, इसमें टैक्स से मुक्ति नहीं है, उस संबंध में जो देश का क़ानून है वो आप पर लागू होगा.

जो लोग छोटी-छोटी रकम डालेंगे ये सामान्य बात है. वो बैंक जाएं और जमा करें. पहले एक दो सप्ताह पूरी राशि नहीं बदली जा सकेगी क्योंकी समूची करेंसी अभी नहीं आई है लेकिन कुछ सप्ताह बाद वो पूरा पैसा बदल सकते हैं.

जो लोग इलाज करवा रहे हैं वो चैक काटकर पैसा दे दें. अगर बैंक में पैसा नहीं है तो कैश को बैंक में जमा कर दे.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

बीबीसी न्यूज़ मेकर्स

चर्चा में रहे लोगों से बातचीत पर आधारित साप्ताहिक कार्यक्रम

सुनिए