पीरियड के धब्बों ने कैसे ली एक लड़की की जान?

  • 31 अगस्त 2017
लड़की ने की आत्महत्या इमेज कॉपीरइट Reuters

तमिनलाडु के तिरुनेलवेली ज़िले में एक 12 साल की लड़की ने टीचर की फटकार के बाद आत्महत्या कर ली.

लड़की के माता-पिता अपनी बेटी की आत्महत्या के लिए स्कूल टीचर को ज़िम्मेदार बताते हैं जिन्होंने उसकी ड्रेस पर पीरियड के धब्बे लगे होने पर उसे डांट लगाई थी.

Image caption तमिल भाषा में लिखा सुसाइड नोट

28 अगस्त की सुबह वो अपने घर के पास एक बिल्डिंग से कूद गईं. अस्पताल ले जाते वक्त उनकी मौत हो गई.

12 वर्षीय मृतक तिरुनेलवेली में सेंथिल नगर स्थित जोसेफ़ मैट्रिकुलेशन स्कूल में सातवीं कक्षा की छात्रा थीं. उसके पिता सैयद अहमद पेशे से ऑटो ड्राइवर हैं.

'पीरियड में छुट्टी का दूसरा बहाना नहीं खोजना पड़ेगा'

गरीब लड़कियों के लिए मुफ़्त सैनिटरी पैड और टैंपोन

सुसाइड नोट में लड़की ने ये लिखा

सुसाइड नोट में लड़की ने साफ़ शब्दों में लिखा, "मुझे नहीं पता मेरी टीचर क्यों मेरी शिकायत करती हैं. मुझे अब तक नहीं पता वो इस तरह से मुझे प्रताड़ित क्यों करती हैं? टीचर को उसके किए की सज़ा मिलेगी. क्या कोई इस तरह से अपनी बेटी को यातना दे सकता है? मेरे पास कोई विकल्प नहीं है. इसलिए मैं आत्महत्या कर रही हूं."

इमेज कॉपीरइट Getty Images

"मेरी बेटी के साथ हुआ था बहुत बुरा सलूक"

मृतक लड़की की मां रसावाम्मल बानू ने बीबीसी को बताया, "टीचर मेरे बच्चे को काफ़ी वक्त से परेशान कर रही थीं. दो महीने पहले ही मेरी बेटी के पीरियड्स शुरू हुए थे. स्कूल को सूचित करने के बाद उसने एक हफ़्ते की छुट्टी ली. लेकिन जब वो स्कूल लौटी तो होमवर्क पूरा नहीं करने के कारण उसकी पिटाई की गई."

लड़की की मां ने आगे कहा, "पिछले शनिवार को मेरी बेटी को कक्षा के दौरान ही पीरियड हो गया. उसने टीचर को इसकी सूचना दी तो उन्होंने मेरी बेटी को सलवार उठाने को कहा और उसे डस्टर के कुशन को पैड के रूप में इस्तेमाल करने को दिया. टीचर ने मेरी बेटी को कक्षा के बाहर खड़ा कर दिया."

लड़की की मां ने सवाल उठाया, "कोई 12 साल की बच्ची कैसे इस अपमान का सामना कर सकती है."

इमेज कॉपीरइट ISTOCK

स्कूल का क्या है कहना?

जब बीबीसी ने जोसेफ मैट्रिकुलेशन स्कूल की प्रिंसिपल कलावती से ये सवाल पूछा तो उन्होंने कहा, "पुलिस और ज़िला राजस्व कार्यालय ने इस घटना को लेकर पूछताछ की है. हमने उन्हें पूरा वाकया बता दिया है. हमें और कुछ नहीं कहना है. मुझे नहीं मालूम कि टीचर ने उस बच्ची को डांटा था."

तिरुनेलवेली के ज़िला राजस्व अधिकारी ने घटना के दौरान कक्षा में उपस्थित 16 छात्रों से इस मामले में पूछताछ की. जांच की रिपोर्ट जल्द ही ज़िला प्रशासन को सौंप दी जाएगी.

इस बीच, तिरुनेलवेली पुलिस आयुक्त कपिल सरात्कर ने प्रेस को बताया कि लड़की की मौत को आत्महत्या के मामले के रूप में दर्ज कर लिया गया है और उसके सुसाइड नोट के आधार पर जांच की जा रही है.

हालांकि उन्होंने कहा कि वो इस बात की पुष्टि नहीं कर सके हैं कि टीचर ने लड़की को पीरियड के धब्बे लगने पर डांट लगाई थी.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

बीबीसी न्यूज़ मेकर्स

चर्चा में रहे लोगों से बातचीत पर आधारित साप्ताहिक कार्यक्रम

सुनिए

मिलते-जुलते मुद्दे