पीएनबी स्कैम: नीरव मोदी ने भारत को कब कहा टाटा

  • 15 फरवरी 2018
नीरव मोदी इमेज कॉपीरइट Jamie McCarthy/Getty Images

पीएनबी घोटाले से सुर्खियों में आए अरबपति कारोबारी नीरव मोदी ने जनवरी के पहले हफ़्ते में ही भारत छोड़ दिया था.

समाचार एजेंसी पीटीआई ने अधिकारियों के हवाले से बताया कि 280 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के मामले में सीबीआई को पीएनबी की शिकायत 29 जनवरी को मिली थी.

अधिकारियों के मुताबिक़ नीरव के भाई निशाल ने एक जनवरी को जबकि नीरव की बीवी एमी और उनके बिजनेस पार्टनर मेहुल चौकसी ने छह जनवरी को देश छोड़ा.

निशाल बेल्जियम के नागरिक हैं जबकि नीरव की बीवी एमी अमरीकी नागरिक हैं और मेहुल चौकसी ज्वेलरी हाउस गीतांजलि ज्वेलर्स के भारतीय प्रमोटर हैं.

उन्होंने बताया कि सीबीआई ने पीएनबी की शिकायत के बाद चारों के ख़िलाफ़ एफ़आईआर दर्ज कर ली है और उनकी तलाश के लिए लुक आउट नोटिस जारी किए गए हैं.

नीरव मोदी के बारे में माना जा रहा है कि वो फिलहाल स्विटज़रलैंड में हैं.

पीएनबी स्कैम: 'किसी को बख़्शा नहीं जाएगा'

'नीरव मोदी दावोस में पीएम मोदी के साथ क्या कर रहे थे?'

कौन हैं सेलेब्स को हीरों से सजाने वाले नीरव मोदी?

पीएनबी की शिकायत

भारत सरकार के प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो की तरफ़ से जारी की गई एक ग्रुप फ़ोटो में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भारत के कंपनी जगत के लोगों के साथ दिख रहे हैं.

23 जनवरी को हुए वर्ल्ड इकॉनोमिक फोरम के इस इवेंट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भारतीय कारोबारियों के साथ थे और नीरव मोदी में इसमें शामिल हुए थे.

अधिकारियों के मुताबिक़ इसके ठीक छह दिन बाद पंजाब नैशनल बैंक ने सीबीआई को अपनी पहली शिकायत भेजी.

पंजाब नैशनल बैंक को कथित तौर पर 280 करोड़ रुपये का चूना लगाने के आरोपों में सीबीआई ने नीरव मोदी, उनकी पत्नी, उनके भाई और बिजनेस पार्टनर चोकसी के ख़िलाफ़ मामला दर्ज किया है.

मंगलवार को पीएनबी ने दो और शिकायतें दर्ज कराई हैं. बैंक का कहना है कि ये घोटाला 11,400 करोड़ रुपये से भी ज़्यादा का है.

पीएनबी घोटाले से शेयर बाज़ार में 4 हज़ार करोड़ डूबे

पीएनबी में 11,360 करोड़ रुपये का घोटाला

इस साल कितनी बढ़ी मुकेश अंबानी की संपत्ति?

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

बीबीसी न्यूज़ मेकर्स

चर्चा में रहे लोगों से बातचीत पर आधारित साप्ताहिक कार्यक्रम

सुनिए