रोहित वेमुला की मां से लोगों ने झूठे वादे किए?

  • इमरान कुरैशी
  • बेंगलुरु से, बीबीसी हिंदी के लिए
राधिका वेमुला, राजा वेमुला, रोहित वेमुला की मां
इमेज कैप्शन,

राधिका वेमुला और राजा वेमुला

ऐसा लगता है कि अंग्रेज़ी शब्द की ग़लतफहमी ने दलित छात्र रोहित वेमुला की मां राधिका वेमुला और केरल के भारतीय मुस्लिम लीग (आईयूएमएल) के बीच एक अजीब सा विवाद पैदा किया है.

जनवरी 2016 में हैदराबाद विश्वविद्यालय में रोहित वेमुला की मौत ने पूरे देश को हिला कर रख दिया था.

इसने केंद्र में भाजपा की अगुवाई वाली सरकार के ख़िलाफ़ देश के शहरी इलाक़ों में दलितों के एकीकरण को जन्म दिया.

बड़े पैमाने पर विरोध के बीच कई संगठनों ने उनकी मां राधिका वेमुला से कई वादे किए. तब से, मीडिया राधिका वेमुला से किए गए वादों की लगातार पड़ताल कर रहा है.

इमेज स्रोत, PTI

मुस्लिम लीग का वादा

इन्हीं वादों में से एक केरल में संयुक्त डेमोक्रेटिक फ्रंट (यूडीएफ) का हिस्सा मुस्लिम लीग की केरल युवा यूनिट का है.

इस वादे के मुताबिक युवा यूनिट के प्रतिनिधियों ने उन्हें घर बनाने को लेकर 15 लाख रुपए के आश्वासन दिया था.

राधिका वेमुला ने बीबीसी को बताया, "ईद के दिन कुछ पत्रकारों ने मुझसे पूछा कि क्या मुझे घर बनाने के लिए पैसे मिले हैं और मैंने हां, कहा लेकिन इनमें से एक चेक ख़ारिज हो गया था.

राधिका वेमुला ने बीबीसी से कहा, "उन पत्रकारों में से एक ने मुझसे कहा कि यह चेक बाउंस हुआ है और मैंने इसका अर्थ समझे बिना ही हां, कह दिया था."

उन्होंने कहा, "जब यह ख़बरों में आया और विवाद हुआ तब आईयूएमएल ने फिर एक और चेक भेजने का वादा किया."

ढाई ढाई लाख के दो चेक

मुस्लिम लीग की केरल युवा यूनिट के राष्ट्रीय महासचिव सीके सुबैर ने कहा, "हमने गुंटूर ज़िले में उनको मिले फ्लैट की अग्रिम राशि के भुगतान के लिए ढाई-ढाई लाख के दो चेक भेजे थे. लेकिन चेक लिखने में हुई ग़लती की वजह से चेक बाउंस हो गया. हमने उन्हें बताया था कि हम एक और चेक भेज रहे हैं."

जब रोहित वेमुला ने आत्महत्या की थी उस वक्त राधिका अपने दूसरे बेटे राजा वेमुला के साथ गुंटूर की एक दलित कॉलोनी में रह रही थीं

इमेज स्रोत, PTI

दलित उत्पीड़न पर बातें करती हैं राधिका

सुबैर ने कहा, "किसी वजह से ना तो ज़मीन नहीं ली जा सकी और ना ही हैदराबाद में फ्लैट ख़रीदा जा सका, क्योंकि राधिका राजा वेमुला के पास रहना चाहती थीं और राजा गुंटूर में ही रहना चाहते थे. आखिर में उन्होंने गुंटूर में एक फ्लैट चुना और हमने इसके पांच लाख रुपये के एडवांस का भुगतान करने का फ़ैसला किया. इस तरह से हमने दो चेक जारी किए."

राधिका कहती हैं, "विवाद इसलिए हुआ क्योंकि मैं अंग्रेज़ी शब्द बाउंस का मतलब नहीं समझ सकी. लेकिन तथ्य यह है कि रोहित के निधन के बाद से बहुत से लोगों ने बहुत सी चीज़ों का वादा किया था. लेकिन यह केवल मुस्लिम लीग ही जिसने अपना वादा पूरा करने की शुरूआत की है."

सुबैर ने कहा, "राजा गुंटूर से बाहर नहीं जाना चाहते थे और माल ढुलाई के कारोबार में रहना चाहते थे. हमने एक मालवाहक गाड़ी ख़रीद कर उसे दे दी है."

राधिका केरल में मुस्लिम लीग की कई बैठकों में शामिल होती रही हैं और देश की सत्ता में भाजपा के आने के बाद से दलितों पर हो रहे अत्याचारों के बारे में बातें करती हैं.

इमेज स्रोत, TWITTER @Piyush Goyal

इमेज कैप्शन,

पीयूष गोयल

पीयूष गोयल ने दिया बयान

इस ख़बर के चर्चा में आने के बाद केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने संवाददाता सम्मेलन का आयोजन कर कहा कि राजनीतिक उद्देश्यों के लिए एक व्यथित मां को पैसे देने का फ़र्ज़ी आश्वासन दिया गया, यह निंदनीय है.

उन्होंने कहा, " इसका संज्ञान मुझे मिला तो वाक़ई बहुत चिंता हुई कि देश की राजनीति किस ओर जा रही है. इस देश में एक बच्चे के मौत को लेकर राजनीतिक कारणों से कुछ विपक्षी दल इस्तेमाल करते हैं. जब जनसत्ता और इंडियन एक्सप्रेस में मैंने रोहित वेमुला की माता राधिका वेमुला का बयान पढ़ा तो मन बहुत व्याकुल हुआ कि कब तक इस देश में इस प्रकार की राजनीति, घिनौनी हरकतें कुछ विपक्षी दल करते रहेंगे."

पीयूष गोयल ने कहा, "इस प्रकार के बेबुनियाद आरोप-प्रत्यारोप लगाने वाले विपक्षी दल बेनकाब हो चुके हैं. भारतीय जनता पार्टी समाज को बांटने में विश्वास नहीं रखती है. सबका साथ, सबका विकास हमारा धर्म है. भाजपा इस प्रकार के सभी ओछी राजनीति की निंदा करती है. मुझे दुख है उस मां के लिए जिसका विपक्षी दलों ने पिछले दो वर्षों से शोषण किया है."

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)