प्रेस रिव्यू: गृहयुद्ध वाले बयान से पलटीं ममता बनर्जी

  • 2 अगस्त 2018
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एनआरसी के सियासी घमासान में गृहयुद्ध की चेतावनी देनेवाली तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी अपने इस बयान से अब पलट गई हैं.

दैनिक जागरण की ख़बर के मुताबिक माना जा रहा है कि इस टिप्पणी पर बीजेपी के आक्रामक सियासी हमले की तैयारी की आशंका को भांपते हुए ममता गृहयुद्ध की बात से मुकरने को मजबूर हुई हैं.

टीएमसी प्रमुख की गृहयुद्ध संबंधी टिप्पणी पर बीजेपी ने जिस तरह का सियासी हमला किया उसके बाद ममता को पश्चिम बंगाल में इसके राजनीतिक नुकसान की आशंका सताने लगी है.

इसीलिए उन्होंने दिल्ली में बिना देरी किए सफ़ाई दी कि गृहयुद्ध वाली टिप्पणी उन्होंने नहीं की है और वे बीजेपी की नौकर नहीं हैं कि उनके हर सवाल का जवाब दें.

एससी-एसटी एक्ट में फिर हो सकेगी तुरंत गिरफ़्तारी

केंद्र सरकार ने एससी-एसटी एक्ट में बिना जांच एफ़आईआर और गिरफ़्तारी का प्रावधान दोबारा जोड़ने का फ़ैसला कर लिया है. बीते 20 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने इन प्रावधानों पर रोक लगा दी थी.

ये ख़बर इंडियन एक्सप्रैस समेत सभी प्रमुख अखबारों के पहले पन्ने पर है. बुधवार को कैबिनेट ने अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचारों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2018 को मंजूरी दी.

यह संशोधन 1989 के मूल क़ानून में होगा. विधेयक को क़ानून का रूप देने के लिए संसद के मौजूदा मानसून सत्र में ही पेश किया जा सकता है.

विधेयक को मंजूरी की जानकारी केंद्रीय मंत्री राम विलास पासवान ने दी.

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गावस्कर, कपिल, सिद्धू और आमिर को न्योता

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री बनने जा रहे पूर्व क्रिकेट खिलाड़ी इमरान खान ने सुनील गावस्कर, कपिल देव, नवजोत सिंह सिद्धू के साथ ही बॉलीवुड अभिनेता आमिर खान को शपथ ग्रहण का न्योता भेजा है.

ये खबर टाइम्स ऑफ इंडिया के पहले पन्ने पर है.

उनकी पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ़ के एक वरिष्ठ नेता ने बुधवार को बताया कि विदेश विभाग से भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित दूसरे देश सरकार प्रमुखों को आमंत्रित करने की संभावना तलाशने को कहा गया है.

पीटीआई के वरिष्ठ नेता शिरीन मजारी और शफकत महमूद ने विदेश सचिव तहमिना जांजुआ से मुलाक़ात की.

सूत्रों ने बताया कि पीटीआई के नेता प्रधानमंत्री मोदी सहित दक्षिण एशियाई क्षेत्रीय सहयोग संगठन (सार्क) सदस्य देशों के नेता के साथ ही चीन और तुर्की के नेताओं को भी आमंत्रित करना चाहते हैं.

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आम्रपाली ग्रुप की 40 कंपनियों के बैंक खाते होंगे ज़ब्त

रियल स्टेट कंपनी आम्रपाली को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी झटका लगा है. कोर्ट ने आम्रपाली की सभी 40 कंपनियों के बैंक खातों और चल संपत्ति को ज़ब्त करने का आदेश जारी किया है.

हिंदुस्तान टाइम्स समेत कई अख़बारों में ये ख़बर है. कोर्ट ने 2008 के बाद से तमाम खातों के लेन-देन की जानकारी मांगी है और कंपनी के फंड डायवर्जन को गंभीरता से लिया है.

सुप्रीम कोर्ट ने शहरी विकास मंत्रालय के सचिव को भी समन जारी किया है और एनबीसीसी के अध्यक्ष को भी गुरुवार को पेश होने का आदेश दिया है.

दरअसल, आम्रपाली ग्रुप ने कोर्ट में एनबीसीसी से प्रोजेक्ट्स पूरा कराने की दलील दी थी. कोर्ट ने इस पर कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा है कि जब पूरा मामला कोर्ट में विचाराधीन है तो फिर कैसे एनबीसीसी के साथ कोर्ट बात कर रहा है.

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दिल्ली में सबसे ज़्यादा 'फ़र्ज़ी' इंजीनियरिंग कॉलेज

देशभर में 277 फेक़ यानी फ़र्ज़ी इंजीनियरिंग कॉलेज चल रहे हैं. इस मामले में दिल्ली पहले नंबर पर है. दिल्ली में फ़र्ज़ी इंजीनियरिंग कॉलेजों की संख्या 66 है.

टाइम्स ऑफ इंडिया के मुताबिक लोकसभा में सोमवार को केंद्रीय मानव संसाधन राज्यमंत्री सत्यपाल सिंह ने एक लिखित सवाल के जवाब में इस बारे में एक दस्तावेज़ पेश किया.

इस दस्तावेज़ के मुताबिक तेलंगाना में 35 और पश्चिम बंगाल में 27 फ़र्ज़ी इंजीनियरिंग कॉलेज चल रहे हैं.

इस लिस्ट के मुताबिक कर्नाटक में 23, यूपी में 22, हरियाणा में 18, महाराष्ट्र में 16 और तमिलनाडु में 11 फ़र्ज़ी इंजीनियरिंग और तकनीकी कॉलेज चल रहे हैं.

ये सभी संस्थान बिना ऑल इंडिया काउंसिल फॉर टेक्निकल एजुकेशन (AICTE) की मंजूरी के चल रहे हैं. देश में किसी भी इंजीनियरिंग और तकनीकी संस्थान को चलाने के लिए AICTE की मंजूरी अनिवार्य है.

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