राहुल गांधी का दुबई दौरा, क्या बुर्ज ख़लीफ़ा पर लगाई गई कांग्रेस अध्यक्ष की फ़ोटो?

  • 10 जनवरी 2019
राहुल गांधी इमेज कॉपीरइट Getty Images

फ़ेसबुक और ट्विटर समेत व्हॉट्सऐप पर 13 सेकेंड का एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें दिखाया गया है कि दुबई स्थित बुर्ज ख़लीफ़ा पर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की तस्वीर लगाई गई.

कांग्रेस समर्थक के तौर पर अपना परिचय रखने वाले कुछ फ़ेसबुक पन्नों पर ये वीडियो पोस्ट की गई है.

ज़्यादातर जगह ये दावा किया गया है कि राहुल गांधी के 11-12 जनवरी को होने वाले संयुक्त अरब अमीरात के दौरे से पहले उनके सम्मान में उनकी तस्वीर दुनिया की सबसे ऊंची इमारत बुर्ज ख़लीफ़ा पर लगाई गई.

'विद राहुल गांधी' नाम के फ़ेसबुक पेज पर ही सवा लाख से ज़्यादा बार इस वीडियो को अब तक देखा गया है.

कांग्रेस की पुडुचेरी यूनिट के आधिकारिक ट्विटर हैंडल ने भी इस वीडियो को ट्वीट किया है.

इमेज कॉपीरइट @INCPuducherry/Twitter

वीडियो के साथ ये दावा किया गया है कि दुबई प्रशासन ने कांग्रेस अध्यक्ष के स्वागत के लिए भव्य तैयारी की है और बुर्ज ख़लीफ़ा पर उनकी तस्वीर दिखाई गई.

लेकिन कांग्रेस पार्टी और उनके समर्थकों का ये दावा अपनी पड़ताल में हमने ग़लत पाया.

कैसे बनाया गया वीडियो?

दुबई में ये आम दस्तूर है कि जब कोई अहम अवसर होता है तो वहाँ की सरकार बुर्ज ख़लीफ़ा पर अन्य देशों के झंडे लगाती है.

दुबई में रह रहे भारतीयों और पाकिस्तान के लोगों को ध्यान में रखकर दो अलग मौक़ों पर भारत और पाकिस्तान के झंडे भी बुर्ज ख़लीफ़ा पर लगाए गए हैं और इसकी सूचना बुर्ज ख़लीफ़ा के आधिकारिक ट्विटर हैंडल के ज़रिए भी दी जाती है.

लेकिन जो वीडियो कांग्रेस समर्थकों द्वारा शेयर किया जा रहा है, उसे एक मोबाइल ऐप की मदद से बनाया गया है.

इमेज कॉपीरइट Biugo

वायरल वीडियो में दाहिनी ओर जो 'Biugo' लिखा दिखाई देता है, वो एक मोबाइल ऐप का नाम है.

इस ऐप का इस्तेमाल ख़ास तौर पर वीडियो एडिट करने और तस्वीरों को किसी वीडियो में लगाने के लिए किया जाता है.

हमने पाया कि इस ऐप की मदद से किसी भी आम शख़्स की तस्वीर को बुर्ज ख़लीफ़ा के इस वीडियो में लगाया जा सकता है.

राहुल गांधी का दौरा

यह सही है कि कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी 11-12 जनवरी को संयुक्त अरब अमीरात के दौरे पर होंगे. गुरुवार रात को राहुल गांधी दुबई पहुँच गए थे.

अपने इस दौरे पर वो दुबई में रह रहे भारतीय मूल के लोगों से मुलाक़ात भी करेंगे. कांग्रेस पार्टी ने इस बात की पुष्टि की है.

लेकिन खलीज टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार राहुल गांधी का ये दौरा ग़ैर-राजनीतिक होगा.

अख़बार ने अपनी रिपोर्ट में कांग्रेस पार्टी के सचिव और इंडियन ओवरसीज़ कांग्रेस के हिमाशु व्यास के हवाले से लिखा है कि "राहुल गांधी की भारतीय मूल के लोगों से होने वाली ये मुलाक़ात राजनीतिक नहीं होगी. वो सिर्फ़ एनआरआई लोगों की समस्याओं को उनसे मिलकर समझना चाहते हैं."

2019 के लोकसभा चुनाव के मद्देनज़र कांग्रेस और बीजेपी, दोनों के ही समर्थक सोशल मीडिया पन्नों पर ऐसी ख़बरों को ग़लत संदर्भ देकर पेश करने की संभावना बढ़ी है.

राहुल गांधी की इस वीडियो को विदेश में होने वाली नरेंद्र मोदी की पिछली कुछ बड़ी रैलियों के जवाब के तौर पर दिखाना, इसी का एक नमूना है.

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