पुलवामा: #PakistanAndCongress के साथ सोशल मीडिया पर फ़र्ज़ी दावों का सच

  • 19 फरवरी 2019
पाकिस्तान इमेज कॉपीरइट Getty Images

सोमवार सुबह जब पुलवामा ज़िले से भारतीय सेना के चार जवानों के मारे की ख़बर आई तो उससे कुछ ही देर बाद #PakistanAndCongress ट्विटर के टॉप ट्रेंड्स में शामिल हो गया.

#PakistanAndCongress के साथ जिन लोगों ने ट्वीट किए हैं उनमें से दक्षिणपंथी रुझान वाले अधिकांश सोशल मीडिया यूज़र्स का आरोप है कि पुलवामा हमले के बाद भी पाकिस्तान के लिए कांग्रेस पार्टी का रुख़ 'सॉफ़्ट' है.

हज़ारों लोगों ने इस हैशटैग के साथ न सिर्फ़ ट्विटर पर बल्कि फ़ेसबुक और शेयर चैट जैसे चैटिंग ऐप्स पर भड़काऊ सामग्री शेयर की है.

बहुत से लोगों ने इस हैशटैग के साथ पुरानी तस्वीरें और वीडियो इस्तेमाल किए हैं. लेकिन अपनी पड़ताल में हमने इनमें से कई को पूरी तरह ग़लत और बेबुनियाद पाया है.

इमेज कॉपीरइट SM Viral Posts

प्रियंका गांधी की मुलाक़ात

दक्षिणपंथ समर्थक अपने फ़ेसबुक ग्रुप्स में ट्रेंडिंग हैशटैग के साथ लिख रहे हैं कि कांग्रेस पार्टी की नई महासचिव प्रियंका गांधी सात फ़रवरी को दुबई में पाकिस्तान के आर्मी चीफ़ क़मर जावेद बाजवा से मिली थीं.

ट्विटर और फ़ेसबुक पर इस तरह के संदेश हज़ारों बार शेयर किए जा चुके हैं.

लेकिन तथ्यों के आधार पर ये दावा ग़लत साबित होता है क्योंकि सात फ़रवरी को प्रियंका गांधी आगामी लोकसभा चुनाव में आधिकारिक रूप से पूर्वी उत्तर प्रदेश की ज़िम्मेदारी मिलने के बाद पहली दफ़ा कांग्रेस मुख्यालय पर मीटिंग के लिए पहुंची थीं.

इस मीटिंग में कांग्रेस पार्टी के सभी महासचिव और राज्यों के प्रभारी शामिल हुए थे.

राहुल गांधी का ट्वीट

सोशल मीडिया पर राहुल गांधी का 24 अक्टूबर 2018 का एक ट्वीट शेयर किया जा रहा है.

इस ट्वीट में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को यह कहते हुए निशाना बनाया था कि "पीएम ने सीबीआई डायरेक्टर को ही हटा दिया ताकि जाँच को रोका जा सके."

वायरल हो रहे इस ट्वीट को अब तक 12 हज़ार से ज़्यादा लोग री-ट्वीट कर चुके हैं.

इमेज कॉपीरइट SM Viral Post

लेकिन कुछ लोगों का ऐसा दावा है कि 'पाकिस्तान डिफ़ेंस ने भी राहुल का ये ट्वीट, री-ट्वीट किया था क्योंकि मोदी को हटाने के लिए पाकिस्तान कांग्रेस पार्टी की मदद कर रहा है'.

ये दावा बिल्कुल ग़लत है क्योंकि पाकिस्तान के रक्षा मंत्रालय और पाकिस्तानी फ़ौज का 'पाकिस्तान डिफ़ेंस' नाम से कोई आधिकारिक ट्विटर हैंडल है ही नहीं.

पाकिस्तान अपने डिफ़ेंस और फ़ौज से जुड़ी जानकारी ट्वीट करने के लिए 'इंटर सर्विस पब्लिक रिलेशन' (ISPR) के आधिकारिक हैंडल का इस्तेमाल करता है.

सिब्बल का बयान

दक्षिण भारत के अधिकांश कथित मोदी समर्थक सोशल मीडिया ग्रुप्स में कांग्रेस नेता कपिल सिब्बल का एक बयान #PakistanAndCongress के साथ शेयर किया जा रहा है जिसके अनुसार सिब्बल ने 'अतिवादी-राष्ट्रवाद' को पुलवामा हमले का कारण बताया है.

इसे दक्षिणपंथी रुझान वाले बड़े हिंदी भाषी ग्रुप्स में भी शेयर किया जा रहा है.

इस बारे में कांग्रेस नेता कपिल सिब्बल ने बीबीसी से हुई बातचीत में दावा किया कि उन्होंने 14 फ़रवरी को हुए पुलवामा हमले पर न सिर्फ़ सोशल मीडिया के ज़रिए, बल्कि मीडिया को भी इस तरह का कोई बयान नहीं दिया है.

इमेज कॉपीरइट SM Viral Post
Image caption ये एक जघन्य वीडियो है इसलिए वीडियो का लिंक नहीं दिया गया है.

कश्मीरी ट्रक ड्राइवर

सोशल मीडिया पर काफ़ी लोग कश्मीर के बाशिंदों के बारे में ज़हर उगल रहे हैं और उनके ख़िलाफ़ लोगों को भड़काने की कोशिश कर रहे हैं.

बहुत से लोगों ने लिखा है कि 'कांग्रेसी नेता उन कश्मीरी लोगों का साथ दे रहे हैं जिन्होंने पुलवामा की घटना को अंजाम दिया'.

लेकिन कुछ लोग ऐसे भी हैं जो पुराने वीडियो शेयर करके कश्मीरी लोगों में भय पैदा करने और उन्हें भड़काने की कोशिश कर रहे हैं. ये वीडियो दोनों तरह से इस्तेमाल किए जा रहे हैं.

ऐसा ही एक वीडियो है जिसके साथ लिखा है कि पुलवामा हमले से ग़ुस्साए लोगों ने कश्मीरी ट्रक ड्राइवर की पिटाई की.

सोशल मीडिया पर लोगों ने इस वीडियो को जम्मू के उधमपुर का बताया है. लेकिन जम्मू-कश्मीर पुलिस ने साल 2018 में सोशल मीडिया पर पोस्ट किए गए इस वीडियो के पुलवामा घटना से जुड़े होने का खंडन किया है.

16 फ़रवरी को जम्मू-कश्मीर पुलिस ने अपने आधिकारिक ट्वीट में लिखा, "कश्मीरी ड्राइवर के पिटाई का एक वीडियो जिसे उधमपुर का बताकर अफ़वाह फैलाई जा रही है, वो फ़ेक है. ऐसी अफ़वाहों पर ध्यान न दें."

कश्मीरी वर्करों की पिटाई

इसी तरह कश्मीर के स्थानीय सोशल मीडिया ग्रुप्स में कुछ दिन पहले इंटरनेट पर वायरल हुआ शादी के दौरान हिंसा का वीडियो, कश्मीरी वर्करों के साथ मारपीट का बताकर शेयर किया जा रहा है.

इस वीडियो को चंडीगढ़ का बताया जा रहा है जबकि ये वीडियो दिल्ली के जनकपुरी स्थित एक फ़ाइव स्टार होटल का है जहाँ खाने की सर्विस को लेकर मेहमानों और होटल स्टाफ़ के बीच झगड़ा हो गया था.

हालांकि सोशल मीडिया में कई ऐसी रिपोर्ट्स आई हैं जिनमें कश्मीरी मूल के लोगों के साथ बदसलूकी और दुर्व्यवहार की बात सामने आई.

लेकिन शादी के वीडियो का एक हिस्सा जिसे सोशल मीडिया पर शेयर किया जा रहा है, उसका पुलवामा हमले और कश्मीरी मूल के लोगों से कोई लेना-देना नहीं है.

इमेज कॉपीरइट SM Viral Post

बीजेपी नेता का बयान

सोशल मीडिया पर कुछ लोगों ने #PakistanAndCongress के जवाब में बीजेपी के सांसद नेपाल सिंह का एक पुराना बयान पुलवामा हमले से जोड़कर शेयर किया है.

न सिर्फ़ कांग्रेस समर्थक फ़ेसबुक ग्रुप्स में, बल्कि मुंबई कांग्रेस के आधिकारिक ट्विटर हैंडल ने भी बीजेपी सांसद के बयान पर आधारित साल भर पुरानी ख़बर को पुलवामा हमले से जोड़कर ट्वीट किया है.

साल 2017 के अंत में सीआरपीएफ़ के ट्रेनिंग कैंप पर हुए हमले में भारत के चार जवान मारे गए थे जिस पर प्रतिक्रिया देते हुए बीजेपी नेता नेपाल सिंह ने कहा था, "आर्मी में तो रोज़ मरेंगे. कोई ऐसा देश है जहाँ झगड़ा हो और फ़ौजी मरता न हो."

नेपाल सिंह को कड़ी आलोचना होने के बाद अपने इस बयान के लिए माफ़ी मांगनी पड़ी थी. उनके उस बयान को पुलवामा से जोड़ना पूरी तरह ग़लत है.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

बीबीसी न्यूज़ मेकर्स

चर्चा में रहे लोगों से बातचीत पर आधारित साप्ताहिक कार्यक्रम

सुनिए

संबंधित समाचार