BJP Manifesto 2019 : संविधान के दायरे में राम मंदिर निर्माण की संभावनाओं को तलाशा जाएगा

  • 8 अप्रैल 2019
भाजपा संकल्प पत्र इमेज कॉपीरइट BJP

लोकसभा चुनावों के मद्देनज़र गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने सोमवार को भारतीय जनता पार्टी का घोषणा पत्र जारी किया.

कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि यह घोषणा पत्र तीन चीज़ों पर आधारित है. उन्होंने कहा कि "राष्ट्रवाद हमारी प्रेरणा है, अन्त्योदय हमारा दर्शन है और सुशासन हमारा मंत्र है."

उन्होंने कहा कि उनकी सरकार अलग से जल शक्ति मंत्रालय बनाएगी, जो मछुआरों के सशक्तीकरण के लिए काम करेगा.

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, "आज देश के कई प्रदेशों में पानी की समस्या के समाधान को गंभीरता से सोचने की ज़रूरत है. इसलिए हम एक अलग 'जल शक्ति मंत्रालय' बनाएंगे."

अपने गिनाए वादों में उन्होंने हर घर तक नल से जल पहुंचाने की बात कही.

वहीं कांग्रेस ने भाजपा के घोषणा पत्र को "झांसा पत्र" करार दिया. कांग्रेस नेता अहमद पटेल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को घोषणा पत्र की जगह माफ़ीनामा पत्र जारी करना चाहिए था.

भाजपा ने अपने घोषणा पत्र को 'संकल्प पत्र' का नाम दिया है. अमित शाह की अध्यक्षता में जारी किए गए घोषणा पत्र में भाजपा ने वादा किया है कि राष्ट्रवाद उनकी सरकार की प्राथमिकता होगी.

राजनाथ सिंह ने कहा कि देश की राष्ट्रीय सुरक्षा से किसी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा.

वहीं उन्होंने राम मंदिर के मुद्दे पर भी बात की और कहा कि संविधान के दायरे में अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के लिए सभी संभावनाओं की तलाश की जाएगी और सही प्रयास किए जाएंगे.

घोषणा पत्र में यह भी कहा गया है कि अगर अगली सरकार बनती है तो सबरीमला जैसे मामलों में "आस्था और विश्वास के विषयों को संवैधानिक संरक्षण" दिया जाएगा.

संकल्प पत्र में शामिल वादेः

राष्ट्र सुरक्षा

  • "आतंकवाद" और "उग्रवाद" के ख़िलाफ़ ज़ीरो टॉलरेंस और "आतंकवाद" का मुकाबला करने के लिए सुरक्षाबलों को सशक्त किया जाएगा.
  • सुरक्षा बलों को आधुनिक उपकरणों से लैस किया जाएगा.
  • पूर्वोत्तर राज्यों में अवैध घुसपैठ रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएंगे.

धारा 370

  • जम्मू-कश्मीर में शांति सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक प्रयास किए जाएंगे.
  • भाजपा का मानना है कि धारा 35A जम्मू-कश्मीर के गैर-स्थायी निवासियों और महिलाओं के ख़िलाफ़ भेदभावपूर्ण है. यह राज्य के विकास में बाधा है.
  • कश्मीरी पंडितों की सुरक्षित वापसी के लिए प्रयास किया जाएगा.
  • धारा 370 पर भाजपा सरकार का पुराना रुख़ बरकरार रहेगा.

राम मंदिर

  • संविधान के दायरे में अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के लिए सभी संभावनाओं को तलाश किया जाएगा और इसके लिए सभी आवश्यक प्रयास किए जाएंगे.
  • सर्वोच्च न्यायालय के समक्ष सबरीमला की आस्था, परंपरा और पूजा पद्धति का पूरा विषय रखा जाएगा. यह प्रयास होगा कि आस्था और विश्वास के विषयों को संवैधानिक संरक्षण मिले.

कृषि

  • देश के सभी किसानों के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की शुरुआत की जाएगी.
  • छोटे और खेतिहर किसानों की सामाजिक सुरक्षा के लिए 60 साल की उम्र के बाद पेंशन दिया जाएगा.
  • कृषि क्षेत्र में उत्पादकता बढ़ाने के लिए 25 लाख करोड़ रुपए का निवेश किया जाएगा.

आधारभूत संरचना/व्यापार

  • 2022 तक रेल पटरियों का ब्रॉड गेज में परिवर्तन किया जाएगा और उनका विद्युतीकरण किया जाएगा.
  • भारत साल 2025 तक 5 लाख करोड़ डॉलर और साल 2032 तक 10 लाख करोड़ डॉलर की अर्थव्यवस्था बनेगी.
  • आधारभूत संरचना को विकसित करने के लिए 100 लाख करोड़ का पूंजीगत निवेश किया जाएगा.
  • सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों के लिए एक लाख करोड़ रुपए की क्रेडिट गारंटी योजना शुरू की जाएगी.
  • राष्ट्रीय व्यापार आयोग की स्थापना की जाएगी.
  • 175 गीगा वॉट नवीनकरणीय ऊर्जा का लक्ष्य हासिल करेंगे.

महिलाएं

  • सरकारी क्षेत्र में महिलाकर्मियों की संख्या बढ़ाई जाएगी.
  • संविधान में प्रावधान करके महिलाओं को 33 फीसदी आरक्षण दिया जाएगा.
  • तीन तलाक़ को खत्म कर मुस्लिम महिलाओं को न्याय दिलाया जाएगा.

स्वास्थ्य

  • आयुष्मान भारत के तहत 1.50 लाख स्वास्थ्य एवं वेलनेस केंद्र खोले जाएंगे.
  • देशभर में 75 मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे.
  • प्रशिक्षित डॉक्टरों और जनसंख्या का अनुपात 1:1400 करने का प्रयास किया जाएगा.

अन्य मुद्दे

  • छोटे दुकानदारों को पेंशन दिया जाएगा.
  • सरकार स्टडी इन इंडिया कार्यक्रम शुरू करेगी, जिससे विदेशी छात्रों को भारत में पढ़ने के लिए प्रेरित किया जाएगा.
  • ग़रीबी रेखा से नीचे रहने वाले परिवारों की संख्या को घटाकर 10 फीसदी से भी कम किया जाएगा.
  • हर व्यक्ति को 5 किलोमीटर के दायरे में बैंकिंग सुविधाएं दी जाएंगी.
  • गंगोत्री से गंगासागर तक गंगा नदी का स्वच्छ और निर्बाध प्रवाह सुनिश्चित किया जाएगा.
  • समान नागरिक संहिता लाने की दृढ़ प्रतिबद्धता होगी.

घोषणा पत्र जारी करने से पहले अमित शाह ने दावा किया कि छह करोड़ लोगों के मतों को शामिल कर भाजपा का संकल्प पत्र तैयार किया गया है.

भाजपा ने घोषणा पत्र के निर्माण के लिए संकल्प पत्र समिति बनाई थी, जिसकी अध्यक्षता गृहमंत्री राजनाथ सिंह कर रहे थे.

11 अप्रैल को पहले चरण का मतदान होना है.

भाजपा के घोषणा पत्र से पहले कांग्रेस सोशल मीडिया पर भाजपा को उसके पुराने वादे याद दिला रही है, जो उसने पिछले आम चुनावों के दौरान किया था. कांग्रेस दो करोड़ सालाना नौकरियां, अच्छे दिन, शिक्षा के बजट की याद दिला रही है और उसे "जुमला मेनिफेस्टो" बता रही है.

कांग्रेस ने रविवार को अपना चुनावी कैम्पेन लॉन्च किया, जिसका थीम 'अब होगा न्याय' रखा है. इस कैम्पेन में पार्टी ने अपने घोषणा पत्र में किए गए वादों को शामिल किया है.

इसी दिन भाजपा नेता अरुण जेटली ने भी पार्टी का चुनावी कैम्पेन शुरू किया और 'फिर एक बार मोदी सरकार' का नारा दिया.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

बीबीसी न्यूज़ मेकर्स

चर्चा में रहे लोगों से बातचीत पर आधारित साप्ताहिक कार्यक्रम

सुनिए