श्रीलंका में मस्जिद में सुनाए जाने वाले उपदेश की कॉपी सरकार को देनी होगीः पांच बड़ी ख़बरें

  • 11 मई 2019
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श्रीलंका सरकार ने घोषणा की है कि अब देश में मौजूद सभी मस्जिदों में जो उपदेश सुनाए जाते हैं उनकी एक कॉपी सरकार के पास जमा करवानी होगी.

इस कदम का मकसद श्रीलंका में फैले इस्लामिक कट्टरपंथ को खत्म करना बताया गया है. मुस्लिम धर्म और सांस्कृतिक मामलों के मंत्रालय ने कहा कि मस्जिदों का इस्तेमाल कट्टरपंथ फैलाने के लिए नहीं होना चाहिए.

लगभग तीन हफ्ते पहले ईस्टर के दिन श्रीलंका में हुए बम धमाकों में 250 से अधिक लोगों की मौत हो गई थी. इन धमाकों के हमलावर कथित इस्लामिक स्टेट समूह से जुड़े हुए बताए गए थे.

श्रीलंका में अभी भी आपातकाल जारी है. हालांकि श्रीलंकाई सेना के प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल महेश सेनानायके ने कहा है कि लोग अब अपना सामान्य जीवन शुरू कर सकते हैं.

उन्होंने कहा, "श्रीलंका के हालात के बारे में अब अधिक चिंता करने की ज़रूरत नहीं है, यहां के हालात अब काबू में हैं. हमने बहुत से लोगों को हिरासत में लिया है. हम पता लगा रहे हैं कि ये लोग कितने ताकतवर हैं, इनके पास किस श्रेणी के हथियार हैं."

"यह सब पता करना सेना की ज़िम्मेदारी है. इसलिए सेना प्रमुख होने के नाते मैं आम लोगों से अपील करता हूं कि वे अपना रोजमर्रा का काम शुरू कर सकते हैं."

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बीजेपी मोदी-शाह की पार्टी नहीः नितिन गडकरी

बीजेपी नेता और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा है कि उनकी पार्टी नरेंद्र मोदी और अमित शाह की पार्टी नहीं है.

पीटीआई को दिए गए एक साक्षात्कार में गडकरी ने कहा, "यह पार्टी न कभी केवल अटल जी की बनी, न कभी आडवाणी जी की और नही यह कभी केवल अमित शाह या नरेंद्र मोदी की पार्टी बन सकती है."

क्या मोदी ही भाजपा हैं, इस सवाल के जवाब में गडकरी ने यह बयान दिया है और कहा कि भाजपा विचारधारा पर आधारित पार्टी है. "भाजपा जैसी पार्टी व्यक्ति केंद्रीत नहीं हो सकती है."

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एससी-एसटी को प्रोमोशन में आरक्षण को सुप्रीम कोर्ट ने सही ठहराया

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को कर्नाटक सरकार के उस कानून को सही ठहराया जिसमें एससी-एसटी को प्रमोशन में आरक्षण की व्यवस्था की गई है.

कोर्ट ने कहा कि उन्हें शासन में प्रतिनिधित्व देना एक समान नागरिकता को अंतर्निहित करना है.

जस्टिस यूयू ललित और डीवाई चंद्रचूड़ की बेंच ने कहा कि सिर्फ किसी परीक्षा से सफलता और प्रतिभा तय नहीं होते. परीक्षा के आधार पर बनी मेरिट में आने वालों को ही सरकारी नौकरी में अहमियत देने से समाज के हाशिए पर रहने वालों के उत्थान का हमारे संविधान का लक्ष्य पूरा नहीं हो सकता है.

कोर्ट ने यह भी कहा कि प्रशासन में समाज की विविधता नज़रअंदाज नहीं कर सकते. एससी-एसटी वर्ग को प्रमोशन में आरक्षण अनुचित नहीं है.

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ग़लत साबित हुआ तो फांसी लगा लूंगाः गौतम गंभीर

पूर्वी दिल्ली में पर्चा विवाद पर भाजपा प्रत्याशी और पूर्व क्रिकेटर गौतम गंभीर ने कहा है कि अगर उन पर लगे आरोप साबित होते हैं तो वो चौराहे पर फांसी लगा लेंगे.

उन पर आम आदमी पार्टी के नेताओं ने पार्टी के प्रत्याशी आतिशी मार्लेना के ख़िलाफ़ विवादित पर्ची बांटने का आरोप लगाया है.

विवाद बढ़ने के बाद गौतम गंभीर ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और पार्टी को ट्विटर पर टैग करते हुए चुनौती दी और लिखा, "साबित कर दें कि पर्चा बांटने से मेरा लेना-देना है तो मैं चौराहे पर फांसी लगा लूंगा."

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रफ़ाल मामलाः पुनर्विचार याचिका पर सुनवाई पूरी, फ़ैसला सुरक्षित

सुप्रीम कोर्ट ने रफाल मामले पर 14 दिसंबर, 2018 को दिए अपने फ़ैसले के ख़िलाफ़ दायर पुनर्विचार याचिकाओं पर शुक्रवार को फ़ैसला सुरक्षित रख लिया.

चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की पीठ ने कहा कि इस पर निर्णय बाद में सुनाया जाएगा. वकील प्रशांत भूषण ने करीब दो घंटे की सुनवाई के दौरान रफाल सौदे से संबंधी महत्वपूर्णतथ्यों को न्यायालय से छिपाने सहित विभिन्न पहलुओं की ओर पीठ का ध्यान दिलाया.

उन्होंने कहा कि इस मामले में एफआईआर दर्ज कर के इसकी आपराधिक जांच शुरू की जानी चाहिए. वहीं केंद्र की ओर से अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने पुनर्विचार याचिका पर आपत्ति की और कहा कि फ़ैसले पर पुनर्विचार के लिए मूल आधार मुख्य याचिका में उठाए गए बिंदुओं जैसे ही हैं.

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