लोकसभा चुनाव 2019: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 'प्रचंड जीत' पर क्या कहते हैं अख़बार-प्रेस रिव्यू

  • 24 मई 2019
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दिल्ली से छपने वाले आज के सभी अख़बार चुनावी नतीजों के रंग में रंगे हैं.

जनसत्ता पर नज़र डालें तो इसके पहले पन्ने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एक बड़ी सी तस्वीर है जिसमें वो विजयी मुद्रा में खड़े, मुस्कुराते नज़र आ रहे हैं.

जनसत्ता ने पीएम मोदी के बयान को ही हेडिंग बनाई है जो है- शुक्रिया भारत.

जनसत्ता के पहले पन्ने पर ही कार्टूनिस्ट इरफ़ान का बनाया कार्टून है जिसमें लिखा है- कांग्रेस मुक्त भारत.

जनसत्ता की एंकर स्टोरी में विपक्षी दलों के ज़मीन पर बिखरने को लेकर एक विश्लेषण भी छपा है.

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HE IS BACK: Modi 2.024

इंडियन एक्सप्रेस की हेडिंग है- मोदी 2.024

इसके पहले पन्ने पर पीएम मोदी और बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह दोनों की तस्वीर छपी है.

इंडियन एक्सप्रेस की ही एंकर स्टोरी है जिसमें बताया गया है कि भारत के ग़रीब माने जाने वाले 115 ज़िलों से एनडीए को 60 फ़ीसदी सीटें मिली हैं और इनमें से ज़्यादातर सीटें बिहार और झारखंड जैसे राज्यों से आई हैं.

अख़बार लिखता है कि ऐसा माना जा रहा है कि एनडीए ने ग्रामीण आबादी को ध्यान में रखते हुए जो योजनाएं लॉन्च की थीं, ये उनका असर है.

टेलिग्राफ़ की आज की हेडिंग है- HE IS BACK

ये तीनों शब्द कैपिटल लेटर में लिखे गए हैं और HE शब्द भगवा रंग में लिखा गया है.

टेलिग्राफ़ वो अख़बार है जो अक्सर अपने शीर्षकों में बीजेपी और पीएम मोदी पर निशाना साधने के लिए जाना जाता है.

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गुलाब में भींगते 'प्रचंड मोदी'

अमर उजाला को देखें तो इसके फ़्रंट पेज पर भी पीएम मोदी की बड़ी सी तस्वीर छपी है जिसमें उन पर गुलाब की पंखुड़ियों की बरसात हो रही है.

अमर उजाला ने शीर्षक दिया है- प्रचंड मोदी.

साथ ही लिखा है कि पंडित नेहरू और इंदिरा गांधी के बाद लगातार दूसरी बार चुनाव जीतने वाले तीसरे प्रधानमंत्री बने

अमर के उजाला के पहले ही पन्ने पर पीएम मोदी की मां हीराबेन की तस्वीर भी है जिसमें वो हाथ जोड़कर लोगों का आभार जता रही हैं.

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ये मोदी का टाइम है

हिंदुस्तान टाइम्स के पहले पन्ने पर भी पीएम मोदी की बड़ी सी तस्वीर है जिसमें वो मुट्ठी बांधे जीत की मुद्रा में दिख रहे हैं और उनके सिर पर केसरिया साफा है.

हिंदुस्तान टाइम्स ने हेडिंग दी है- NamoMoment

इसके साथ ही अख़बार के पहले पन्ने पर कई बड़े नेताओं की प्रतिक्रियाएं हैं जो उन्होंने चुनाव के नतीजे साफ़ होने पर दी थीं. जैसे कि राहुल गांधी, ममता बैनर्जी, मायावती और एमके स्टालिन.

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टाइम्स ऑफ़ इंडिया की हेडिंग है- CHOWKIDAR'S CHAMTKAR

पंजाब केसरी ने प्रधानमंत्री का एक कैरिकेचर बनाया है जिसमें वो चौकीदार के गेटअप में दिख रहे हैं. अख़बार ने हेडिंग दी है-ख़बरदार! फिर आ गया चौकीदार

नवभारत टाइम्स ने भी अपने पहले पन्ने पर मोदी का एक कैरिकेचर छापा है जिसमें उन्हें बाहुबली वाला मुकुट पहने दिखाया गया है. अख़बार ने शीर्षक दिया है- अजेय मोदी

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Image caption अमित शाह

वहीं टाइम्स ऑफ़ इंडिया में ख़बर है कि मौजूदा बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह को इस बार कैबिनेट में कोई बड़ा पद मिलने की संभावना है.

हालांकि अभी इस बारे में कोई पक्की ख़बर नहीं है लेकिन अख़बार पार्टी सूत्रों के हवाले से लिखता है कि काफ़ी उम्मीद है कि अमित शाह को मंत्रिमंडल में कोई महत्वपूर्ण पद दिया जाए.

सभी अख़बारों में नतीजों का विश्लेषण भी का गया है. जैसे कि यूपी में महागठबंधन का प्रदर्शन इतना ख़राब क्यों रहा, विपक्ष बीजेपी के सामने कैसे सिमट गया और एनडीए के लिए इस जीत के क्या मायने है.

कई अख़बारों ने अमित शाह, जिनकी इस जीत में बड़ी भूमिका मानी जा रही है, उनका प्रोफ़ाइल भी किया है.

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घाटी में 'चरमपंथ के पोस्टर बॉय' की मौत

चुनावों से इतर देखें तो जनसत्ता में ख़बर है जम्मू-कश्मीर के त्राल में अल कायदा से जुड़े संगठन अंसार गजवातुल हिंद के सरगना जाकिर मूसा भारतीय सुरक्षाबलों के हाथों मारे गए हैं.

अख़बार लिखता है कि मूसा पर 12 लाख रुपये का इनाम था और उनके मारे जाने के बाद घाटी में हिंसा की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने वहां के सभी स्कूल-कॉलेज बंद रखने का आदेश दिया है. इसके साथ ही घाटी में मोबाइल इंटरनेट सेवा भी बंद कर दी गई है.

ज़ाकिर लंबे समय तक बुरहान वानी के सहयोगी रहे थे. वो 2013 में हिज़्बुल मुजाहिदीन में शामिल हुए थे और 2017 में अल कायदा के संगठन अंसार गजवातुल हिंद से जुड़ गए थे.

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