अमित शाह की सुरक्षा बढ़ी, मिल सकते हैं एनएसजी कमांडो: पांच बड़ी ख़बरें

  • 8 जून 2019
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भारत के गृहमंत्री अमित शाह के पास फिलहाल ज़ेड प्लस सुरक्षा है लेकिन आने वाले समय में उनकी सुरक्षा बढ़ाई जा सकती है.

उनकी सुरक्षा को बढ़ाते हुए दिल्ली पुलिस ने उनके आवास पर अतिरिक्त पुलिसकर्मी तैनात किए हैं.

अमित शाह ने 30 मई को ही देश के गृहमंत्री का पद संभाला है जिसके क़रीब एक सप्ताह बाद उनकी सुरक्षा को लेकर ये बदलाव किए गए हैं. सुरक्षा तैनाती में लेकर हुए इस बदलाव की पुष्टि करते हुए दिल्ली के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने न्यूज़ एजेंसी पीटीआई से बताया कि शाह की सुरक्षा का एक बार पूरा मुआयना किया गया जिसके बाद इसे बढ़ाने का फ़ैसला लिया गया.

ये फ़ैसला उस समय लिया गया है जब शाह अपने नए आवास में जा रहे हैं. जिस घर में कभी बीजेपी के वरिष्ठ नेता अटल बिहारी वाजपेयी रहा करते थे वो अब शाह का नया आवासीय पता होगा.

संभावना इस बात की भी जताई जा रही है कि आने वाले वक़्त में उनकी सुरक्षा एनएसजी के ब्लैक कैट कमांडोज़ के हाथों में सौंप दी जाएगी.

गिरिराज सिंह ने ममता बनर्जी की तुलना किम जोंग उन से की

अपने बयानों को लेकर अक्सर चर्चा में रहने वाले केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने इस बार पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को लेकर विवादित टिप्पणी की है, उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग उन की तरह हैं. उन्होंने कहा कि वो उन्ही की तरह तानाशाह हैं और जो कोई भी उनके नियमों के ख़िलाफ़ आवाज़ उठाता है वो उसे मरवा देती हैं.

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उन्होंने ममता बनर्जी पर आरोप लगाया कि ममता न तो संविधान पर भरोसा करती हैं और न ही उसके तंत्र पर.

न्यूज़ एजेंसी एएनआई को दिये एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि जिस तरह से ममता शासन चला रही है उससे ये बिल्कुल नहीं लगता है कि उनका संविधान पर कोई भरोसा है. वो प्रधानमंत्री को प्रधानमंत्री नहीं मानती हैं. और अब उनकी उल्टी गिनती शुरू हो गई है क्योंकि लोगों को विकास चाहिए.

गिरिराज सिंह का ये बयान ममता के उस फ़ैसले के बाद आया है जिसमें उन्होंने कहा था कि अब सूबे में बीजेपी के विजय जुलूसों की अनुमति नहीं होगी क्योंकि इसस अव्यवस्था फैल रही है.

दो घंटे तक कोर्ट में खड़ी रहीं साध्वी प्रज्ञा ठाकुर

बीजेपी सांसद और मालेगांव ब्लास्ट की मुख्य अभियुक्त साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर शुक्रवार को एनआईए की विशेष अदालत में पेश हुईं. लेकिन कोर्ट में क़रीब दो घंटे का वक़्त उन्होंने खड़े-खड़े ही बिताया.

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इसके बाद जब कोर्ट से बाहर निकलीं तो छोटी और गंदी कुर्सी मिलने पर अपनी नाराज़गी ज़ाहिर की. उन्होंने बाहर निकलते हुए कहा "जब तक सज़ा नहीं होती है, तब तक मुझे बैठे का अधिकार है. जब सज़ा हो जाए तब फांसी भी दे दो."

मालेगांव ब्लास्ट की मुख्य अभियुक्त साध्वी प्रज्ञा को गुरुवार के ही दिन अदालत में पेश होना था लेकिन वे खराब स्वास्थ्य का हवाला देकर अदालत में पेश नहीं हुईं. शुक्रवार को जब कोर्ट में साध्वी प्रज्ञा की पेशी हुई तो वे दो लोगों के कंधे पर हाथ रखकर चलती हुई नजर आईं. इससे पहले भी उनका एक वीडियो वायरल हुआ था जिसमें वो आराम से चलती नज़र आती हैं लेकिन कुछ देर बाद ही अचानक ह्वीलचेयर पर बैठ जाती हैं.

भारत से बात करने के लिए बेताब है पाकिस्तान

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान ख़ान ने भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चिट्ठी लिखकर कश्मीर मुद्दे सहित दोनों देशों के बीच तमाम समस्याओं का हल तलाशने की बात कही है.

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हालांकि इसके एक दिन पहले ही भारत की ओर से एक बयान जारी करते हुए कहा गया था कि शंघाई सहयोग संगठन शिखर सम्मेलन के इतर दोनों देशों के बीच कोई भी बातचीत नहीं होगी. पाकिस्तानी मीडिया के हवाले से चल रही ख़बर के अनुसार, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान ख़ान ने नरेंद्रम मोदी को उनके दूसरे कार्यकाल के लिए बधाई देते हुए लिखा कि भारत और कश्मीर समस्याओं का हल सिर्फ़ औऱ सिर्फ़ बातचीत से ही सुलझाया जा सकता है.

ये दूसरा मौक़ा है जब पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने की इच्छा जताई है.

पांच उपमुख्यमंत्रियों वाले इकलौते मुख्यमंत्री बने जगन मोहन रेड्डी

आंध्र प्रदेश के विधानसभा चुनावों में जीत हासिल करने के बाद जगन मोहन रेड्डी ने अपने कैबिनेट का गठन किया है. यह कैबिनेट किसी भी आम कैबिनेट से काफी अलग है क्योंकि इसमें पांच डिप्टी सीएम होंगे.

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भारत के राजनीतिक इतिहास में यह पहला मौका है जब किसी राज्य में पांच उप मुख्यमंत्री होंगे. इस फॉर्मूले के पीछे जगन मोहन रेड्डी की राजनीतिक सोच बताई जा रही है. माना जा रहा है कि उन्होंने जातीय संतुलन बनाए रखने के लिए यह फ़ैसला किया है. इन पांच में से एक अनुसूचित जाति, एक अनुसूचित जनजाति, एक पिछड़ा वर्ग, एक अल्प संख्यक और एक कापू समुदाय से आने वाले उप मुख्यमंत्री होंगे.

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