अभिनंदन को वॉर रूम से नहीं मिला था संदेश- प्रेस रिव्यू

  • 14 अगस्त 2019
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हिंदुस्तान टाइम्स की एक ख़बर के अनुसार पाकिस्तानी लड़ाकू विमान का पीछा करते हुए, पाकिस्तान की सीमा के भीतर मिग-21 विमान लेकर घुसे भारतीय विंग कमांडर अभिन्दन वर्तमान के विमान में आधुनिक तकनीक नहीं थी.

मामले से संबंधित अधिकारियों के हवाले से अख़बार लिखता है कि अभिनंदन के लड़ाकू विमान में आधुनिक जैमर्स नहीं थे और उनके विमान के संचार उपकरणों को दुश्मन ने जैम कर दिया था.

इस कारण वॉर रूम से मिल रही जानकारी अभिनंदन तक नहीं पहुंच पाई और वो पाकिस्तानी सीमा के भीतर चले गए.

भारतीय वायु सेना के अधिकारियों का कहना है कि पहले भी आधुनिक एंटी-जैमिंग तकनीक की ज़रूरत के बारे में सरकार को बताया गया है.

इस साल 27 फ़रवरी को विंग कमांडर अभिन्दन के विमान को पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर में मार गिराया गया था. पाकिस्तान ने अभिनंदन को गिरफ़्तार कर लिया था लेकिन बाद में छोड़ दिया था.

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अमरीका में पकिस्तान के राजदूत असद मजीद ख़ान ने कहा है कि पाकिस्तान अफ़ग़ानिस्तान की सीमा से हटाकर अपनी सेना कश्मीर की सीमा पर फिर से तैनात कर सकता है.

हिंदुस्तान टाइम्स में छपी इस ख़बर के अनुसार कश्मीर मुद्दे पर अमरीका और अंतरराष्ट्रीय समुदाय से हस्तक्षेप की उम्मीद कर रहे पाकिस्तान को निराशा हाथ लगी है, जिसके बाद पाकिस्तान का ये बयान सामने आया है.

जम्मू-कश्मीर को विशेष राज्य का दर्जा देने वाले अनुच्छेद 370 के प्रावधानों को हटाए जाने के ख़िलाफ़ पाकिस्तान ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में अपील की थी. इस महीने संयुक्त राष्ट्र का अध्यक्ष पद यूरोपीय देश पोलैंड के पास है और पोलैंड ने पाकिस्तान से इस मामले का द्विपक्षीय हल निकालने को कहा है.

माना जा रहा है कि पाकिस्तान के इस बयान असर अमरीका के साथ पाकिस्तान के रिश्तों और तालिबान के साथ चल रही शांति वार्ता पर पड़ सकता है.

भारत पहले ही जम्मू-कश्मीर के पुनर्गठन को देश का आंतरिक मामला बता कर इस संबंध में पाकिस्तान के आरोपों को खारिज कर चुका है

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जम्मू-कश्मीर में परिसीमन

जनसत्ता में छपी ख़बर के अनुसार चुनाव आयोग ने राज्य के मुख्य चुनाव अधिकारी से नए परिसीमन को लेकर जानकारी मांगी है और गृह मंत्रालय से औपचारिक अनुरोध के बाद चुनाव आयोग इस प्रक्रिया को आगे बढ़ाएगा.

इसके लिए ख़ास परिसीमन आयोग का गठन किया जाएगा. साथ ही राजनीतिक पार्टियों और स्थानीय लोगों से राय लेकर रिपोर्ट तैयार की जाएगी जो सरकार को सौंपी जाएगी.

अख़बार के अनुसार जम्मू-कश्मीर पुनर्गठन क़ानून की धारा 60 में कहा गया है कि "विधानसभा में सीटों की संख्या को 107 से बढ़ा कर 114 किया जा सकता है."

भारत सरकार ने जम्मू कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले संविधान के अनुच्छेद 370 को निष्प्रभावी कर राज्य को दो हिस्सों में बाँट दिया है- जम्मू कश्मीर और लद्दाख. जम्मू कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश होगा जहां एक विधानसभा होगी.

एनआरसी डेटा की फिर जांच की मांग हुई खारिज

एशियन एज में छपी एक ख़बर के अनुसार सुप्रीम कोर्ट ने एनआरसी डेटा सूची की फिर से जांच संबंधित याचिका को ख़ारिज कर दिया है.

कोर्ट का कहना है कि आधार डेटा की तरह एनआरसी डेटा के साथ भी सुरक्षा चिंताएं हैं और इस कारण एनआरसी डेटा को सुरक्षित रखने के लिए उचित व्यवस्था बनाई जानी चाहिए.

कोर्ट की दो जजों की बेंच ने एनआरसी की लिस्ट बाहर रखे गए लोगों के नाम 31 अगस्त को ऑनलाइन प्रकाशित करने का आदेश दिया है.

दिल्ली के एससी-एसटी छात्रों की फीस 50 रुपये :सीबीएसई

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द हिंदू में छपी एक ख़बर के अनुसार सीबीएसई यानी केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने दिल्ली में अनुसूचित जाति और जनजाति के छात्रों के लिए बढ़ाई हुई फीस कम करने की घोषणा की है.

इसी सप्ताह सीबीएसई ने 10वीं और 12वीं के लिए बोर्ड परीक्षा की फीस में दोगुना इजाफा कर दिया था.

पहले छात्रों को पांच विषयों की परीक्षा के लिए कुल 750 रुपए की फीस चुकानी होती थी लेकिन अब इसे बढ़ा कर 1500 रुपये कर दिया गया था.

अब सीबीएसई ने कहा है कि दिल्ली के सरकारी और सरकारी मदद से चलाए जाने वाले स्कूलों में पढ़ने वाले अनुसूचित जाति और जनजाति के छात्रों को फीस के रूप में 50 रुपए देने पड़ेंगे जबकि सैद्धांतिक तौर पर दिल्ली सरकार फीस की बाक़ी रकम सीबीएसई को देगी.

अख़बार लिखता है कि बीते साल 10वीं और 12वीं की परिक्षाएं करवाने के लिए सीबीएसई ने 500 करोड़ रुपये खर्चे थे जबकि फीस के ज़रिए उसे मात्र 250 करोड़ रुपए ही मिले थे.

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