पाकिस्तान से प्याज़ मंगवाने की तैयारी, किसान नाराज़: प्रेस रिव्यू

  • 13 सितंबर 2019
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सरकारी कंपनी एमएमटीसी (मेटल्स एंड मिनरल्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया) लिमिटेड ने पाकिस्तान, मिस्र, चीन, अफ़ग़ानिस्तान और अन्य देशों से प्याज़ के आयात के लिए निविदा मंगाई है जिस पर महाराष्ट्र के किसानों ने आपत्ति जताई है.

इंडियन एक्सप्रेस की ख़बर के मुताबिक, स्वाभिमानी शेतकारी संगठन के अध्यक्ष का कहना है कि जब खरीफ़ की फ़सल एक महीने के अंदर कटने वाली है तब बाहर से प्याज़ मंगाने से देश के किसानों को नुकसान होगा. उन्होंने सवाल किया, "पाकिस्तान से आयात क्यों? क्या भारत के किसान उससे बड़े दुश्मन हैं?"

महाराष्ट्र के लासलगांव में एपीएमसी (कृषि उत्पादन बाज़ार समिति) मंडी के अध्यक्ष जयदत्ता होल्कर ने कहा, "जिस मात्रा के लिए निविदा मंगाई गई है (2000 टन, दो प्रतिशत प्लस और माइनस) वो ज़्यादा नहीं है लेकिन ये किसानों की भावनाओं को प्रभावित ज़रूर करेगा. जो किसान रबी की फसल से भंडारण करते थे वो अब इसे बेचने की जल्दी करेंगे जिससे कीमतें गिर जाएंगी."

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रिकॉर्ड दो लाख रुपये का चालान

देश में नए ट्रैफिक नियमों लेकर बहस चल रही है और रोज बड़ी से बड़ी रकम के चालान कटने की ख़बरें आ रही हैं.

इसी बीच टाइम्स ऑफ इंडिया में ख़बर है कि राजधानी दिल्ली में एक ट्रक को दो लाख रुपये का चालान भरना पड़ा है.

परिवहन विभाग का कहना है कि ट्रक के ओवरलोड होने और ड्राइवर के पास लाइसेंस न होने के कारण चालान काटा गया था. वहीं, कई राज्यों ने नए ट्रैफिक जुर्माने में कटौती की घोषणा भी की है.

गुरुवार को रोहिणी कोर्ट में चालान की राशि जमा कराई गई. इससे पहले एक और वाहन का एक लाख चार हज़ार का चालान काटा गया था.

वहीं, कुछ राज्यों जैसे गुजरात, उत्तराखंड, महाराष्ट्र, कर्नाटक और पश्चिम बंगाल ने नए नियमों को पूरी तरह स्वीकार नहीं किया है.

उमर और फ़ारुक अब्दुल्ला से मिलने की अनुमति

इंडियन एक्सप्रेस की ख़बर है कि जम्मू और कश्मीर हाईकोर्ट ने नेशनल कांफ्रेंस के दो सांसदों को पार्टी नेताओं फारूक़ अब्दुल्ला और उमर अब्दुल्ला से मिलने की अनुमति दे दी है. लेकिन, इसके बाद उन्हें इस संबंध में मीडिया को जानकारी देने की इजाज़त नहीं होगी.

जम्मू और कश्मीर से धारा 370 हटने के फ़ैसले के बाद से फ़ारुक अब्दुल्ला और उमर अब्दुल्ला नज़रबंद हैं.

सांसदों ने कोर्ट में दायर अपील में आरोप लगाया था कि पार्टी के प्रमुख नेताओं से किसी को मिलने नहीं दिया जा रहा है.

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किसानों और कारोबारियों के लिए पेंशन

हिंदुस्तान अख़बार के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को छोटे कारोबारियों और किसानों के लिए दो बड़ी पेंशन योजनाओं की शुरुआत की है. किसानों के लिए प्रधानमंत्री मानधन योजना शुरू की गई जिसमें कुछ शर्तों के साथ किसानों को 60 साल की उम्र के बाद तीन हज़ार रुपये मिलेंगे.

इसके लिए 18 से 40 साल की उम्र के दो हेक्टेयर से कम ज़मीन वाले किसान पंजीकरण करा सकते हैं. उन्हें 55 से 200 रुपये मासिक देने होंगे.

वहीं, खुदरा कारोबारियों को भी 60 साल के बाद तीन हज़ार रुपये पेंशन मिलेगी. इसमें 18 से 40 साल की उम्र के बीच के कारोबारी शामिल होंगे.

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