टेरर फ़ंडिंग को लेकर पाकिस्तान पर सख़्त हुए चीन और सऊदी अरब- प्रेस रिव्यू

इमरान ख़ान

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चीन और सऊदी अरब आतंकवादी संगठनों को मिलने वाले फ़ंडिंग रोकने में नाकामी की वजह से पाकिस्तान पर सख़्त होते हुए भारत और अमरीका के साथ खड़े हो गए हैं.

अंग्रेज़ी अख़बार इंडियन एक्सप्रेस में छपी रिपोर्ट के अनुसार चीन और सऊदी अरब ने भारत, अमरीका और यूरोपीय देशों के साथ मिलकर पाकिस्तान को फ़ाइनेंशियल एक्शन टास्क फ़ोर्स (FATF) से किए गए वादों को पूरा न करने पर कड़ा संदेश देने का फ़ैसला किया है.

अब पाकिस्तान पर दबाव होगा कि इस साल जून में होने वाले फ़ाइनेंशियल एक्शन टास्क फ़ोर्स के अहम सत्र से पहले वह आतंकवादी संगठनों को मिलने वाली फ़ंडिंग और मनी लॉन्ड्रिंग रोकने की दिशा में अहम क़दम उठाए. उसे 'सभी आतंकवादी संगठनों के शीर्ष नेताओं पर मुक़दमा चलाकर उन्हें दोषी सिद्ध करना होगा.'

ये बदलाव इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि चीन ने इससे पहले FATF में पाकिस्तान का समर्थन किया है. अख़बार ने कूटनीतिक सूत्रों के हवाले से लिखा है कि फ़िलहाल तुर्की इकलौता ऐसा देश है जो पाकिस्तान के समर्थन में है.

जून 2018 से पाकिस्तान मनी लॉन्ड्रिंग पर नज़र रखने वाली संस्थाओं के रडार पर है.

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पाकिस्तान इन संस्थाओं के निशाने पर तब आया जब उसे चरमपंथियों को फ़ंड करने और मनी लॉन्ड्रिंग के ख़तरे को देखते हुए 'ग्रे लिस्ट' में डाल दिया गया था. ग्रे लिस्ट में सर्बिया, श्रीलंका, सीरिया, त्रिनिदाद, ट्यूनीशिया और यमन भी हैं.

एफ़एटीएफ़ की पिछली बैठक में अध्यक्ष ज़ियांग मन लिउ ने कहा था कि पाकिस्तान को जो लक्ष्य पूरा करना था वो उसे हासिल करने में वो असफल रहा है.

एफ़एटीएफ़ ने एक बयान जारी कर कहा था कि अगर फ़रवरी 2020 तक पाकिस्तान ने इस मामले में पर्याप्त क़दम नहीं उठाएगा तो उसके ख़िलाफ़ कार्रवाई की जाएगी.

एफ़एटीएफ़ की अगली बैठक शुक्रवार को पैरिस में होगी.

अमरीका से 'रोमियो हेलिकॉप्टर' खरीदेगा भारत

भारत ने अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप के दौरे से पहले भारतीय नौसेना के लिए अमरीका से मल्टीरोल हेलिकॉप्टर खरीदने की दो अरब डॉलर की डील को मंज़ूरी दे दी है. यह ख़बर इकोनॉमिक टाइम्स ने प्रकाशित की है.

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इस हेलिकॉप्टर का नाम 24 एमएच-60 या 'रोमियो' है. भारत ने ऐसे 24 हेलिकॉप्टर खरीदने के समझौते को मंज़ूरी दे दी है.

अख़बार लिखता है कि भारतीय नौसेना को 120 से ज़्यादा मल्टीरोल हेलिकॉप्टरों की ज़रूरत है. ऐसे में एमएच 60 रोमियो की यह डील नौसेना के लिए काफ़ी महत्वपूर्ण है क्योंकि उसके कुछ जहाज़ जल्दी ही समुद्र में उतरने वाले हैं मगर इनके लिए सक्षम हेलिकॉप्टर उपलब्ध नहीं हैं.

ऐसे हेलिकॉप्टरों से युद्धपोत को दुश्मन की पनडुब्बियों का पता लगाकर उन्हें नष्ट करने में मदद मिलती है.

अख़बार ने सूत्रों के हवाले से लिखा है कि इस समझौते पर ट्रंप के भारत आने पर हस्ताक्षर किए जाएंगे.

मुस्लिम युवक बनेगा मठ का प्रमुख

उत्तर कर्नाटक के गदग ज़िले में एक मुस्लिम युवक को लिंगायत मठ का प्रमुख नियुक्त किया जाएगा.

टाइम्स ऑफ़ इंडिया में छपी ख़बर के अनुसार 33 वर्षीय दीवान शरीफ़ रहीमनसाब मुल्ला 26 फ़रवरी को मठ का कामकाज संभालेंगे.

ये पहली बार है जब कोई मुसलमान किसी लिंगायत मठ की अगुवाई करेगा. शरीफ़ असूती गांव में स्थित मुरुगजेंद्र शांतिधाम मठ के प्रमुख होंगे.

उन्होंने कहा कि वो बचपन से ही 12वीं सदी के समाज सुधारक बसवन्ना से प्रभावित थे और उन्हीं के आदर्शों का पालन करते हुए सामाजिक न्याय और सद्भावना के लिए काम करेंगे.

शरीफ़ के पिता रहीमनसाब मुल्ला ने गांव में एक मठ बनाने के लिए दो एकड़ ज़मीन दान की थी.

मठ के वरिष्ठ सदस्यों का कहना है कि उन्हें गर्व है कि उनका गांव धार्मिक सद्भावना की मिसाल पेश कर रहा है.

वरिष्ठ सदस्यों में से एक दिमन्ना ने कहा, "हमने जाति और धर्म आधारित नफ़रत और हिंसा बहुत देखी है लेकिन अब हमारा मठ एक मुस्लिम को नियुक्त करके एक प्रेरणादायक मिसाल पेश कर रहा है."

जामिया वीडियो: यूनिवर्सिटी स्टाफ़ से पूछताछ करेगी SIT

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जामिया मिल्लिया इस्लामिया विश्वविद्यालय की लाइब्रेरी में हुई हिंसा का सीसीटीवी फ़ुटेज वायरल किए जाने के मामले में दिल्ली पुलिस (क्राइम ब्रांच) का विशेष जांच दल यूनिवर्सिटी के कुछ अधिकारियों से पूछताछ करेगा.

टाइम्स ऑफ़ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, एसआईटी की शुरुआती जांच में पता चला है कि ये वीडियो सबसे पहले किसी ने जामिया नगर से सोशल मीडिया पर अपलोड किए थे.

पुलिस को शक़ है कि ये वीडियो उसकी जांच में बाधा डालने के मक़सद से वायरल किए गए थे.

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जब छात्रों की पिटाई के लिए ज़िम्मेदार सुरक्षाकर्मियों की पहचान करने की कोशिश की जा रही है, ऐसे में वीडियो जारी करना जांच को प्रभावित करेगा.

जामिया प्रशासन ने रविवार को इन वीडियो को जारी करने की बात से इनकार किया था.

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