हरियाणा में राजनीतिक सरगर्मियाँ तेज़

  • 23 अक्तूबर 2009
कांग्रेस का पोस्टर
Image caption हुड्डा ने माना कि कांग्रेस को उम्मीद से कम सीटें मिली हैं

हरियाणा विधानसभा चुनावों में किसी भी पार्टी को स्पष्ट बहुमत न मिलने के बाद राजनीतिक सरगर्मियाँ तेज़ हो गई हैं. जहाँ कांग्रेस पार्टी के शुक्रवार को नई सरकार बनाने के लिए अपना दावा पेश करने की संभावना है वहीं विपक्षी आईएनएलडी ने राज्यपाल को एक पत्र लिखा है.

कांग्रेस मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा शुक्रवार को दिल्ली में कांग्रेस आलाकमान से मिल रहे हैं और फिर कांग्रेस के नेता चंडीगढ़ में राज्यपाल से मिलेंगे.

कांग्रेस को बहुमत के लिए छह और विधायकों का समर्थन चाहिए और पार्टी का दावा है कि उसे सात निर्दलीय विधायकों का समर्थन हासिल है.

चौटाला का आरोप

उधर इंडियन नेशनल लोकदल के नेता ओमप्रकाश चौटाला ने आरोप लगाया, "हमने राज्यपाल को एक पत्र के ज़रिए राज्य में जो हो रहा है उसके बारे में सूचित किया है और अनुरोध किया है कि वे तुरंत सरकार गठन के लिए विधायकों की ख़रीद-फ़रोख़्त की कोशिशों का संज्ञान लें और इसे रुकवाएं."

ओमप्रकाश चौटाला ने कहा, "राज्य में कांग्रेस सरकार ने तय समय से पाँच महीने पहले ही विधानसभा भंग करके चुनाव करवाए. लेकिन राज्य विधानसभा चुनावों में विपक्षी दलों को ज़्यादा सीटें मिली हैं और कांग्रेस की सीटें कम हुई हैं. इससे साफ़ है कि जनता ने कांग्रेस की सरकार को नकार दिया है और नैतिक आधार पर सत्ता से हट जाना चाहिए."

राज्य में हाल ही में संपन्न विधानसभा चुनावों में 90 सीटों में से कांग्रेस को 40, आईएनएलडी को 31, भाजपा को चार, बसपा को एक, हरियाणा जनहित कांग्रेस को छह और अन्य को सात सीटें मिली हैं.

सर्वाधिक सीटें पाने वाली सत्ताधारी कांग्रेस पार्टी को सदन में सरकार बनाने के लिए कम से कम छह विधायकों का समर्थन चाहिए.

दूसरी सबसे बड़ी पार्टी है इंडियन नेशनल लोकदल. पूर्व मुख्यमंत्री ओमप्रकाश चौटाला के नेतृत्ववाली यह पार्टी भी सत्ता हासिल करने की कोशिशों में जुटी हुई है.

चौटाला और हुडा, दोनों के खेमे सत्ता के लिए विधायकों का ज़रूरी बहुमत हासिल करना चाहते हैं. इस दिशा में गुरुवार शाम से ही राजनीतिक जोड़-तोड़ तेज़ हो चुका है.

उधर छह विधायकों वाली हरियाणा जनहित कांग्रेस के नेता कुलदीप बिश्नोई ने कहा है उसके सामना सभी विकल्प खुले हैं और आईएनएलडी ने उसके समर्थन के लिए उससे बात की है.

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