सौर ऊर्जा पर महत्वाकांक्षी परियोजना मंज़ूर

  • 20 नवंबर 2009
सोलर
Image caption प्रधानमंत्री जलवायु परिवर्तन परिषद ने कुल आठ मिशन का सुझाव दिया है

भारत ने ग्लोबल वॉर्मिंग से निपटने और सौर ऊर्जा पर निर्भरता बढ़ाने के लिए एक महत्वाकांक्षी परियोजना को मंज़ूरी दी है.

जवाहर लाल नेहरू सौर राष्ट्रीय ऊर्जा मिशन नामक इस परियोजना को तीन चरणों में पूरा किया जाना है. इसके तहत वर्ष 2012 तक एक हज़ार मेगावाट और वर्ष 2020 तक 20 हज़ार मेगावाट बिजली पैदा करने का लक्ष्य रखा गया है.

वर्ष 2030 तक इस योजना के ज़रिए भारत अपनी ऊर्जा की कुल ज़रूरतों का 30 प्रतिशत सौर ऊर्जा से पूरा करेगा.

सौर ऊर्जा के क्षेत्र में काम करने वालों विशेषज्ञों के अनुसार ये परियोजना दुनिया की बड़ी सौर ऊर्जा परियोजनाओं में एक है.

ग्लोबल वॉर्मिंग से निपटने के लिए प्रधानमंत्री जलवायु परिवर्तन परिषद ने कुल आठ मिशन का सुझाव दिया है. जिसमें जवाहर लाल राष्ट्रीय सौर ऊर्जा मिशन पहली परियोजना है.

लागत पर सवाल

लेकिन 19 अरब डॉलर की लगात की ये परियोजना भारत जैसे अर्थव्यवस्था वाले देश के लिए क्या संभव है?

सेंटर फॉर साइंस एंड एनवॉयरनमेंट (सीएसई) से जुड़े सौर ऊर्जा विशेषज्ञ कुशाल यादव का कहना है, "कुछ हद तक हम घरेलू स्तर पर इसे कर सकते हैं, लेकिन जैसा विकसित देश कह रहे हैं कि विकासशील देशों को इसके लिए पैसा मुहैया कराया जाएगा तो मेरा मानना है कि वहाँ से पैसा आना चाहिए."

बीबीसी से बातचीत में उन्होंने कहा कि अगर इसका पूरा ख़र्च भारत को ही सहन करना पड़ा तो शायद ऐसा करना भारत के लिए मुश्किल होगा.

अगले महीने कोपेनहेगन में जलवायु परिवर्तन पर संयुक्त राष्ट्र का सम्मेलन होने वाला है, तो क्या भारत के इस फ़ैसले का कोई अर्थ निकलता है.

कुशाल यादव कहते हैं, "भारत का ये क़दम दिखाता है कि वो विकासित देशों की तुलना में जलवायु परिवर्तन की समस्या के समाधान के लिए बहुत अधिक कर रहा है, हालाँकि भारत को इतना कुछ करने की आवश्यकता नहीं है. क्योटो प्रोटोकॉल से भी भारत को छूट मिलती है क्योंकि उनका प्रति व्यक्ति आय बहुत ही कम है."

विशेषज्ञों की राय में कोपेनहेगन सम्मेलन से पहले भारत का ये क़दम उसकी पुरानी नीति का हिस्सा है.

जिसमें भारत का कहना रहा है कि वो कार्बन मोनो ऑक्साइड के उत्सर्जन में कमी लाने की किसी क़ानूनी बाध्यता को मंजूर नहीं करेगा. लेकिन अपनी स्वेच्छा से उत्सर्जन में कमी लाने की हर मुमकिन कोशिश करता रहेगा.