सुरक्षा के लिए अहम स्थानों पर सीसीटीवी

चार मीनार (फ़ाइल फ़ोटो)
Image caption स्थानीय व्यापारियों ने कुछ कैमरे अपने ख़र्च पर लगवाने की पेशकश की है

हैदराबाद में हाल ही में हुए सांप्रदायिक दंगों से निपटने में सैकड़ों सीसीटीवी विडियो कैमरों के सफल इस्तेमाल के बाद नगर पुलिस पूरे शहर में सीसीटीवी का जाल बिछाने की योजना पर काम कर रही है.

लेकिन इसका दिलचस्प पहलू यह है की संवेदनशील पुराने शहर के कुछ व्यापारी अपने इलाके में इन कैमरों को लगाने का ख़र्च ख़ुद उठाने के लिए आगे आये हैं. इस काम में उन्हें स्थायी सांसद का सहयोग भी मिल रहा है.

इन व्यापारियों के अनुसार इससे चरमपंथी हमलों, सांप्रदायिक दंगों और अन्य अपराधों की रोकथाम में मदद मिलेगी.

विशेष कंट्रोल रूम बनेगा

गत मार्च में नगर में जो सांप्रदायिक दंगे हुए थे उनमें पहली बार स्थिति पर नज़र रखने के लिए 500 से अधिक वीडियो कैमरों का इस्तेमाल क्या गया. इससे गड़बड़ी फैलाने वाले और हिंसा करने वाले शरारती तत्वों की पहचान हुई और उन्हें पकड़ने में सहायता मिली हैदराबाद के पुलिस आयुक्त अब्दुल कय्यूम

हैदराबाद के पुलिस आयुक्त अब्दुल कय्यूम ख़ान का कहना है, "गत मार्च में नगर में जो सांप्रदायिक दंगे हुए थे उनमें पहली बार स्थिति पर नज़र रखने के लिए 500 से अधिक वीडियो कैमरों का इस्तेमाल क्या गया. इससे गड़बड़ी फैलाने वाले और हिंसा करने वाले शरारती तत्वों की पहचान हुई और उन्हें पकड़ने में सहायता मिली."

इस की तुलना में वर्ष 2007 में नगर में हुए चरमपंथी हमले और मक्का मस्जिद सहित तीन स्थानों पर हुए बम विस्फोट के दौरान वहाँ कोई सीसीटीवी कैमरा नहीं थे.

खान का कहना है कि नगर के तमाम अहम जगहों, बड़ी सड़कों और व्यपारिक केंद्रो पर सीसीटीवी कैमरे लगाने की योजना पर काम शुरु हो गया है. एक विशेष कंट्रोल रूम स्थापित किया जाएगा जहाँ इन कैमरों पर नज़र रखी जाएगी.

स्थानीय सांसद आगे आए

पुराने शहर में मदीना चौराहे से लेकर ऐतिहासिक चार मीनार तक सड़क के दोनों और स्थिति दुकानों के मालिकों की संघ ने अपने ख़र्च पर बाज़ार के उन भागों में कैमरे लगाने का फ़ैसला क्या है जहाँ पुलिस के कैमरे नहीं होंगे.

दुकानदारों की एसोसिएशन के अध्यक्ष आबिद मोहिनुद्दीन कहते हैं कि व्यापारी सात लाख रुपए के ख़र्च से 16 कैमरे लगाएँगे. आबिद मोहिउद्दीन के अनुसार उन्हें स्थानीय लोकसभा असदुद्दीन ओवैसी से भी मदद मिल रही है.

ओवैसी का कहना है, "इस इलाक़े में लाखों लोग आते-जाते हैं और भीड़ लगी रहती है इसलिए आतंकवादी हमले की आशंका रहती है. मदीना चौराहे से लेकर चार मीनार तक के पूरे इलाक़े में और अन्य महत्वपूर्ण वाणिज्य केंद्रों में सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए एमपी फ़ंड से पैसे देने के लिए तैयार हैं."

हैदराबाद होलसेल क्लॉथ मर्चेंट्स असोसिएशन के अध्यक्ष राजेंद्र कुमार संघी कहते हैं, “ सीसीटीवी कैमरे लग्जाने के बाद सभी दुकानदार इत्मिनान की सांस लेंगे. सीसीटीवी कैमरों से शरारती तत्वों की पहचान हो जाएगी और पुलिस आयुक्त का आश्वासन है कि इसके आधार पर कड़ी से कड़ी करवाई होगी."

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