अन्ना का आमरण अनशन

  • 5 अप्रैल 2011
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Image caption भारत में भ्रष्टाचार की बढ़ती घटनाओं के कारण लोगों का गुस्सा भी बढ़ा है

जाने माने समाजसेवी अन्ना हज़ारे लोकपाल विधेयक के मुद्दे पर आज से आमरण अनशन पर बैठ रहे हैं.

भ्रष्टाचार को रोकने के उद्देश्य से लोकपाल विधेयक का मसौदा एक संयुक्त समिति ने तैयार किया था. इस समिति में नागरिक अधिकारों के लिए काम करने वाले कई जाने माने लोग शामिल थे. यह समिति इसे जन लोकपाल विधेयक का नाम देती है.

अन्ना हज़ारे का कहना है कि इस विधेयक के मसौदे को इसी रुप में क़ानून का रुप दिया जाए जिसके लिए सरकार फिलहाल तैयार नहीं दिख रही है.

सोमवार को प्रधानमंत्री कार्यालय ने एक बयान जारी कर निराशा जताई. बयान में कहा गया है कि प्रधानमंत्री ने इस मामले में मंत्रियों की एक सब कमिटी बनाने का प्रस्ताव रखा था जो विधेयक के बारे में नागरिक अधिकारों के लिए काम करने वाले कार्यकर्ताओं से बातचीत करती लेकिन उन्हें निराशा है कि अन्ना हज़ारे फिर भी आमरण अनशन कर रहे हैं.

संतुष्ट नहीं

उल्लेखनीय है कि क़ानून और कार्मिक मंत्रालय ने भी लोकपाल विधेयक का मसौदा तैयार किया है लेकिन अन्ना हज़ारे और अन्य कार्यकर्ता इससे संतुष्ट नहीं हैं.

अन्ना हज़ारे ने सरकारी मसौदे को यह कहते हुए ख़ारिज़ कर दिया है कि सुप्रीम कोर्ट और चुनाव आयोग की तर्ज़ पर एक स्वतंत्र इकाई का गठन होना चाहिए राज्य और केंद्र स्तर पर जो भ्रष्टाचार संबंधी मामलों में शिकायत सुने छह महीने में जांच करें और दोषियों को सज़ा दे.

अन्ना हजा़रे को आमरण अनशन से रोकने के प्रयासों के तहत महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री भी उनसे मिले थे लेकिन हज़ारे ने उनकी बात नहीं मानी.

हज़ारे ने इस मामले में प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और विपक्ष के नेता लालकृष्ण आडवाणी को भी पत्र लिखा था और कहा था कि उन्हें महाराष्ट्र के लोगों से इतनी ऊर्जा मिल रही है कि वो आमरण अनशन पर जा सकते हैं.

इस बीच सोनिया गांधी के नेतृत्व वाली एनएसी की एक सब कमिटी ने लोकपाल विधेयक के उस मसौदे को ख़ारिज़ कर दिया है जो मंत्रालय ने तैयार किया है. इस सब कमिटी की अध्यक्षता अरुणा राय के हाथ में थी और उनका कहना है कि सरकारी विधेयक का मसौदा भ्रष्टाचार को रोकने के लिए पर्याप्त नहीं है.

अन्ना हजा़रे के अनशन को व्यापक समर्थन मिल रहा है और पूरे देश में कई धार्मिक नेता और संगठनों ने अनशन करने की घोषणा की है.

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