भूषण समर्थकों और विरोधियों में मारपीट

प्रशांत भुषण इमेज कॉपीरइट PTI
Image caption प्रशांत भूषण के विरोधियों और समर्थकों के बीच मारपीट में कई घायल हो गए.

प्रशांत भूषण पर हमला करने वालों की रिहाई की मांग कर रहे लोगों और अन्ना हज़ारे समर्थकों के बीच गुरुवार को दिल्ली की पटियाला हाउस अदालत के बाहर मारपीट हो गई. कई लोगों को चोटें आई हैं.

अदालत के बाहर अन्ना हज़ारे समर्थक और प्रशांत भूषण के विरोधी जुटे हुए थे. दोनों ओर से नारेबाज़ी हुई और फिर हमलावरों के पक्ष में नारे लगा रहे लोगों और अन्ना हज़ारे समर्थकों में मारपीट होने लगी.

प्रशांत भूषण के विरोधी उन पर हमला करने वाले तेजिंदर पाल सिंह बग्गा और विष्णु गुप्ता की जल्द से जल्द रिहाई की मांग कर रहे थे.

पुलिस ने गुरुवार की सुबह तेजिंदर पाल सिंह बग्गा और विष्णु वर्मा को दिल्ली के बाबा खड़ग सिंह मार्ग के पास से गिरफ़्तार कर लिया.

जबकि इंदर वर्मा को मौक़े से ही गिरफ़्तार कर लिया गया.

प्रशांत भूषण पर हमला

बुधवार को सुप्रीम कोर्ट के जाने-माने वकील और टीम अन्ना के सदस्य प्रशांत भूषण के कार्यालय में दो युवकों ने उनके साथ मारपीट की थी.

भूषण उस समय अपनी कुर्सी पर बैठे थे, तभी दो युवक उनके कार्यालय में घुसे और एकाएक उन्हें मारने लगे.

एक व्यक्ति ने प्रशांत भूषण को कुर्सी से गिरा दिया और मारपीट की. बाद में मारपीट करने वाले एक युवक को पकड़ लिया गया है.

जैसे ही सुप्रीम कोर्ट के परिसर में ये ख़बर फैली. कई वकील और अन्य लोग भी प्रशांत भूषण के कार्यालय में पहुँच गए.

प्रशांत भूषण का कहना है कि कश्मीर पर दिए बयान के कारण उन पर हमला किया गया.

कुछ दिन पहले प्रशांत भूषण से यह पूछा गया था कि क्या कश्मीर में जनमतसंग्रह कराया जाना चाहिए, तो उन्होंने हाँ कहा था.

संबंधित समाचार