इतालवी नाविकों को 14 दिन की न्यायिक हिरासत

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Image caption इतालवी नाविकों को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया है.

हिंद महासागर में दो भारतीय मछुआरों की मौत के सिलसिले में गिरफ़्तार दो इतालवी नाविकों को अदालत ने 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है.

इन नाविकों को तिरुवानंतापुरम के केंद्रीय कारागार में भेजा गया है.

इतालवी नाविकों पर आरोप है कि इन्होंने 15 फरवरी को वेलेंनटाइन जलास्टीन और अजेश बिंकी नाम के दो भारतीय मछुआरों पर समुद्र में गोली चलाई जिसके बाद उनकी मौत हो गई.

अदालत ने इतालवी नाविकों की इस गुजारिश को ख़ारिज कर दिया कि उन्हें जेल में सैनिक अधिकारियों को मिलने सुविधाएं दी जाएं क्योंकि इटली उन्हें अब भी सैनिक अधिकार मानता है.

अदालत ने कहा कि भारत में इस तरह की विशेष सुविधा देने का कोई प्रावधान नहीं है.

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हालांकि अदालत ने जेल अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि इतालवी कैदियों को प्रतिदन एक घंटे के लिए मुलाकात करने वालों से मिलने दिया जाए.

गिरफ़्तार नाविकों ने जेल से बाहर रहने के इंतजाम की भी मांग की थी जिसे न्यायाधीश ने खारिज कर दिया. लेकिन अदालत से जेल अधिकारियों से नाविकों के इतालवी भोजन का प्रबंध करने को कहा है.

15 फरवरी को भारतीय मछुआरों की मौत के बाद इन नाविकों को 19 फरवरी को गिरफ़्तार कर लिया गया था और तब से पुलिस कस्टडी में हैं.

सोमवार को ये मुद्दा केरल विधानसभा में भी उठा जहां मुख्यमंत्री ओमन चंडी ने कहा कि अभियुक्तों के प्रति कोई नरमी नहीं बरती जाएगी. इस बीच मछुआरों के कई संगठनों ने केरल की राजधानी में एक प्रदर्शन किया है.