ज्यादा नहीं है 60 लाख का वेतन : रचना

 गुरुवार, 16 अगस्त, 2012 को 23:23 IST तक के समाचार
रचना नंदन

रचना की युवाओं को सलाह है कि अपने लक्ष्य पर नजर गड़ाए रखें.

फेसबुक में 60 लाख रुपए की सालाना नौकरी हासिल करने के बाद सुर्खियों में आई धनबाद की रचना नंदन का कहना है कि ये वेतन बहुत ज्यादा नहीं है.

बीबीसी हिंदी के फेसबुक पेज पर क्लिक करें ऑनलाइन चैटिंग के दौरान पाठकों ने रचना से कई तरह के सवाल किए गए.

बीबीसी हिंदी के पाठक प्रभात कुमार झा के सवाल के जवाब में रचना ने कहा, “ये जो पैकेज है वो भारतीय रुपए में है, जबकि मेरी नौकरी अमरीका के कैलीफॉर्निया में होगी. वहां टैक्स भी ज्यादा होता है और खर्च भी ज्यादा है. इसलिए उस लिहाज से बहुत ज्यादा नहीं है. दूसरे वो इतना पैसा दे रहे हैं तो मुझसे काम भी ज्यादा कराएंगे.”

धनबाद के इंडियन स्कूल ऑफ माइंस यानी भारतीय खनिज विद्यापीठ से इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रही रचना से कुलदीप कुमार ने जब जानना चाहा कि क्या वो फेसबुक जॉइन करने के बाद अमरीका में रहेगीं, तो इसके जवाब में उन्होंने कहा, “अभी तो मुझे ऑफर मिला है. उसमें कुछ ऐसा नहीं लिखा है. लेकिन आगे मेरे काम पर निर्भर करता है और कंपनी की शर्तों पर भी. यदि मुझे अच्छा लगा तो ठीक, अन्यथा वापस आ जाऊंगी.”

युवाओं को सलाह

आईएसएम के लगभग 86 साल के इतिहास में ये पहली बार हुआ है जब संस्थान के किसी छात्र को इतने अच्छे वेतन पर नौकरी का ऑफर दिया गया है.

बीबीसी हिंदी की पाठक खुशबू कुमारी ने रचना से जानना चाहा कि फेसबुक जॉइन करने के बाद वो वहां क्या बदलाव करेंगी. इस पर उन्होंने कहा, “सबसे पहला बदलाव तो ये कि जो हम चैटिंग करते हैं, वो बाकी वेबसाइटों से धीमी है. उसे तेज करना होगा. दूसरा सारे यूजर डिसलाइक बटन इस्तेमाल कर पाएं. इसके अलावा निजी जानकारी को सुरक्षित करना और इसे सुविधाजनक बनाना भी इसमें शामिल है. इसे भारतीय भाषाओं में मुहैया कराने का काम भी करेंगे.”

इस तरह के बहुत से सवालों के जवाब बीबीसी हिंदी ऑन चैटिंग में रचना ने दिए और इस दौरान उन पर बधाइयों की भी खूब बारिश हुई.

ललित नेगी के सवाल के जवाब में रचना ने कहा, “युवाओं को यही सलाह देना चाहूंगी कि यदि आप कुछ करना चाहते हैं तो सबसे अहम बात है कि आपको खूब मेहनत करनी होगी. भले ही आप बहुत अच्छे कॉलेज से नहीं पढ़ाई कर रहे हैं, लेकिन आप अपनी मेहनत में कमी मत कीजिए और अपने लक्ष्य पर आंखें गड़ाए रखिए.”

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