उमर अब्दुल्लाह ने कहा, भाजपा नेता 'पाखंडी'

उमर अब्दुल्लाह
Image caption उमर अब्दुल्लाह ने ट्विटर पर नरेंद्र मोदी को आड़े हाथों लिया

भारत प्रशासित जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ में हुई हिंसा को लेकर हो रहे हंगामे के बीच राज्य के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्लाह ने भारतीय जनता पार्टी के ख़िलाफ़ मोर्चा खोल लिया है.

संसद में भारतीय जनता पार्टी ने इस मामले पर ख़ूब हंगामा किया. राज्य सभा में विपक्ष के नेता अरुण जेटली ने राज्य सरकार के कामकाज पर सवाल उठाए और पुलिस पर भी गंभीर आरोप लगाए.

भाजपा के आरोपों से नाराज़ उमर अब्दुल्लाह ने ट्विटर पर अपनी प्रतिक्रिया दी और भाजपा को गुजरात दंगों पर घेरा. उमर अब्दुल्लाह ने ट्विटर पर लिखा कि भाजपा को वर्ष 2002 के गुजरात दंगों में अपनी सरकार की प्रतिक्रिया को भी याद कर लेना चाहिए.

उमर अब्दुल्लाह ने ट्विटर पर लिखा, "तीन दुर्भाग्यपूर्ण मौतें- एक हिंदू और दो मुसलमान. हमने न्यायिक जाँच के आदेश दे दिए हैं और हमारे एक मंत्री ने इस्तीफ़ा भी दे दिया है. क्या भाजपा 2002 दंगों में अपनी प्रतिक्रिया को भी याद करेगी?"

'पाखंडी'

उन्होंने भाजपा नेताओं को 'पाखंडी' तक कह दिया. उमर अब्दुल्लाह ने कहा कि गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी ने दंगों पर नियंत्रण के लिए सेना को बुलाने में कई दिन लगा दिए और अभी तक उन्होंने माफ़ी तक नहीं मांगी है.

उन्होंने ट्विटर पर लिखा, "भाजपा के स्टार और संभावित पीएम ने सेना को बुलाने में कई दिनों तक इंतज़ार किया और अभी तक उन्होंने माफ़ी भी नहीं मांगी है. पाखंडी."

दूसरी ओर राज्य सभा में बहस के दौरान विपक्ष के नेता अरुण जेटली और जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूख़ अब्दुल्लाह के बीच भी नोंक-झोंक हुई.

बहस के दौरान अरुण जेटली ने कहा कि जम्मू-कश्मीर किसी एक परिवार की जागीर नहीं है, तो फारूख़ अब्दुल्लाह ने कहा कि गुजरात भी नरेंद्र मोदी की संपत्ति नहीं.

किश्तवाड़ में शुक्रवार को हिंसा शुरू हुई थी और इस हिंसा में तीन लोग मारे गए. भाजपा नेता अरुण जेटली ने किश्तवाड़ का दौरा करने की कोशिश की, लेकिन राज्य प्रशासन ने उन्हें वहाँ जाने नहीं दिया.

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