डिजिटल इंडिया करेगा आपके सपने साकार?

  • 13 जुलाई 2015
सैम पित्रोदा इमेज कॉपीरइट PIB

डिजिटल इंडिया अभियान क्या भारतीयों की मुश्किलों की कुंजी बन सकता है?

भारत में टेलिकॉम क्रांति के जनक कहे जाने वाले सैम पित्रोदा इसी विषय पर चर्चा के लिए बीबीसी हिंदी के साथ गूगल हैंगआउट में शामिल होने जा रहे हैं.

ये हैंगआउट आप बीबीसी हिंदी के यूट्यूब चैनल पर सोमवार रात आठ बजे से लाइव देख सकेंगे. ( लाइव के लिए यहाँ क्लिक करिए)

सैम पित्रोदा के नाम 100 से ज़्यादा पेटेंट हैं और वह प्रौद्योगिकी से जुड़े मसलों में पूर्व प्रधानमंत्रियों राजीव गांधी तथा मनमोहन सिंह के सलाहकार भी रह चुके हैं.

डिजिटल इंडिया कार्यक्रम के तहत सरकार ने ख़ुद माना है कि कई योजनाएँ मौजूदा योजनाओं का कुछ परिवर्तित रूप हैं.

साथ ही सरकार ने डिजिटल इंडिया के नौ स्तंभों के तहत कई वायदे किए हैं.

सरकार जहाँ तेज़ गति वाले इंटरनेट को लेकर गंभीरता दिखा रही है, तो साथ ही उसने पूरे भारत को मोबाइल कनेक्टिविटी से जोड़ने का लक्ष्य रखा है.

डिजिटल इंडिया के लक्ष्य पाना इतना आसान है?

ब्रॉडबैंड हाइवे, गाँव-गाँव तक मोबाइल नेटवर्क की पहुँच, सभी गाँवों तक इंटरनेट कनेक्टिविटी, छोटे शहरों तक आईटी क्षेत्र की नौकरियाँ पहुँचाने की योजना- क्या सरकार इन लक्ष्यों से जुड़ी चुनौतियों के लिए तैयार है?

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