नारंग हत्याकांड, सांप्रदायिक ऐंगल या नहीं?

दिल्ली पुलिस (फ़ाइल फोटो) इमेज कॉपीरइट AFP

राजधानी दिल्ली के विकासपुरी में डेंटिस्ट पंकज नारंग की पीट-पीटकर हत्या करने की घटना की सोशल मीडिया पर जबर्दस्त प्रतिक्रिया हो रही है.

फ़ेसबुक पर #DrPankajLynched और ट्विटर पर Dr Narang ट्रेंड कर रहा है.

लोग हत्या के इस मामले को सांप्रदायिक रंग देने की कोशिशों की निंदा कर रहे हैं तो कुछ लोगों को लगता है कि डॉक्टर पंकज को मारने वाले लोग एक संप्रदाय विशेष के थे.

बुधवार को मामूली झड़प के बाद कुछ लोगों की भीड़ ने डॉक्टर नारंग को उनके घर से बाहर सड़क पर पीट-पीटकर मार डाला था. इस सिलसिले में पुलिस ने नौ लोगों को गिरफ़्तार किया है, जिसमें से चार नाबालिग़ हैं.

इसके बाद सोशल मीडिया पर कई तरह की अफ़वाहें चलने लगी और कई ने इसे सांप्रदायिक रंग भी दिया.

नहुश जैन ने ट्वीट किया, “नामों से गुमराह मत होइए, ये सामान्य बात है कि कई मुसलमान हिंदू नाम रखते हैं.”

विशाल सिंह ने फ़ेसबुक पर लिखा, “दिल्ली में एक 40 साल के डेंटिस्ट को 10-15 मुस्लिमों ने नृशंष हत्या की, जिसमें से चार नाबालिग़ हैं.”

इन अफ़वाहों के बीच दिल्ली पुलिस की अतिरिक्त पुलिस आयुक्त मोनिका भारद्वाज ने स्पष्ट किया है कि डॉक्टर पंकज नारंग की हत्या में कोई सांप्रदायिक ऐंगल नहीं है.

मोनिका ने लिखा है, “विकासपुरी के डॉक्टर की हत्या के नौ अभियुक्तों में से चार नाबालिग़ हैं. इसमें धार्मिक ऐंगल बिल्कुल नहीं है, जैसा कुछ लोगों द्वारा बताया गया था. हमारी अपील है कि शांति बनाए रखें.”

एक और ट्वीट कर मोनिका ने कहा, “नौ अभियुक्तो में से पांच आरोपी हिंदू हैं. जिन दो लोगों ने पहले झगड़ा किया उनमें से एक हिंदू था. मुस्लिम अभियुक्त यूपी के हैं, न कि बांग्लादेश के.”

मधु चड्ढा बोस ने ट्वीट किया, “डॉक्टर नारंग के मामले को सांप्रदायिक रंग नहीं दिया जाना चाहिए था, लेकिन मीडिया ने ऐसा ही किया और राजनीतिक दलों ने भी.”

इरफ़ान हबीब ने ट्वीट किया, “एक निर्दोष डॉक्टर नारंग की हत्या न केवल भीषण अपराध है, बल्कि ख़ौफ़नाक भी है. अभियुक्तों से कड़ाई से निपटा जाना चाहिए.”

हालाँकि पुलिस अधिकारी के ट्वीट के बाद भी कुछ लोगों पर इसका असर नहीं दिख रहा है. गौरव पांधी ने @GauravPandhi हैंडल से ट्वीट किया, “हालाँकि डॉक्टर नारंग मामले में नौ में से पांच अभियुक्त हिंदू हैं, फिर भी ये सांप्रदायिक हिंसा है, क्योंकि ये हिंदू भी ‘भारतमाता की जय नहीं बोलते’.”

अक्षय शर्मा ने ट्वीट किया, “अरविंद केजरीवाल डॉक्टर नारंग के परिवार से मिलेंगे, लेकिन तब तक नहीं, जब तक कि वे इससे लिए मोदी को क़सूरवार ठहराने का रास्ता नहीं ढूंढ लेते.”

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