सूखाग्रस्त टीकमगढ़ में मां पर बच्ची को बेचने का आरोप

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मध्यप्रदेश के सूखा पीड़ित टीकमगढ़ ज़िले में कथित तौर पर एक लाख रुपए में एक नाबालिग बच्ची को बेचने का मामले सामने आया है.

बच्ची 14 साल की है और उसका पति फ़रार है. इस पूरे मामले में कुछ विरोधाभासी बातें सामने आ रही हैं और पुलिस एफ़आईआर दर्ज करके पूरे मामले की जांच कर रही है.

मोहनपुरा गांव की रहने वाली लड़की की मां बेटी को बेचने के आरोप को ख़ारिज करती है.

वो बताती है उसने बच्ची की शादी की है, लेकिन नाबालिग बच्ची कहती है उसे तो अपने पति का नाम तक मालूम नहीं है.

महिला के भाई गणेश ने आरोप लगाया है कि बच्ची को एक लाख रुपए में बेच दिया गया है.

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Image caption भारत के कई इलाके इन दिनों सूखे की मार झेल रहे हैं

जिस महिला पर अपनी बेटी को बेचने के आरोप लग रहे हैं उसकी चार बेटियां और तीन बेटे हैं.

महिला के अनुसार उस पर 70 हज़ार का कर्ज़ है और उसने 10 प्रतिशत के ब्याज़ पर दो जगह से कर्ज़ लिया और अपनी बेटी की शादी की है, न कि उसे बेचा है.

उधर महिला के भाई गणेश का कहना है कि सूखे के चलते बहन की फसल पूरी तरह से ख़राब हो गई थी जिसके बाद उसने अपनी बेटी को एक लाख रुपये में बेच दिया.

इलाक़े के एसडीएम मनोज सिंह ठाकुर के अनुसार महिला सौर जाति की है. पुलिस के मुताबिक मामला इसलिए संदिग्ध हो गया है क्योंकि महिला ने अपनी 14 साल की बेटी की शादी बुंदेलखंड में उंची जाति के माने जाने वाले कुर्मी समुदाय में की है, जो एक आम बात नहीं है.

पुलिस के मुताबिक लड़की ने ये दावा किया है कि मां ने गांव की सरपंच के पति से पैसा उधार लिया था और वो काफी परेशान थी और इसी वजह से उसकी शादी कर दी गई.

लड़की ने पुलिस को जो बयान दिया है उसके मुताबिक उसकी शादी में सिर्फ दो लोग मौजूद थे. पुलिस लड़की के फ़रार पति की तलाश कर रही है.

पिपरी गांव, जहां महिला ने अपनी बेटी की शादी की थी वो अपने कम लिंगानुपात के लिए भी जाना जाता है.

पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि किन लोगों ने शादी में बिचौलिए की भूमिका निभाई.

जनपद पंचायत के सीईओ सिद्धगोपाल वर्मा ने बताया, “महिला की पूरी मदद की जा रही है. वो आदिवासी समुदाय से है इसलिए उसे योजना के तहत मिलने वाली सारी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जा रही हैं.”

मध्यप्रदेश के इस इलाक़े में सूखे के चलते स्थिति इतनी ख़राब है कि छतरपुर में पिछले हफ़्ते कुंऐ से पानी भरने को लेकर हुए विवाद में छोटी बहन ने अपनी सगी बहन को कथित तौर पर पीट-पीट कर मार डाला था.

टीकमगढ़ शहर में ही लोगों को हर पांच दिन में एक दिन नगर पालिका पानी मुहैया करा रही है.

डैम पर पानी की हिफाज़त के लिए बंदूकदारी तैनात किए गए हैं ताकि वहां से कोई पानी न चुरा ले.

सूखे से पैदा हुई इन परिस्थितियों ने पूरे मामले को और संदिग्ध बना दिया है.

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