अमरीकी चुनाव में द. एशियाई बयार किस ओर
- सलीम रिज़वी
- न्यूयॉर्क से बीबीसी हिंदी डॉटकॉम के लिए

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अमरीका में राष्ट्रपति पद के लिए चल रही चुनावी मुहिम में डेमोक्रेट्स प्रत्याशी हिलेरी क्लिंटन और रिपब्लिकन उम्मीदवार डोनल्ड ट्रंप के बीच पहली टीवी बहस के बाद राजनीतिक माहौल और गरमा गया है.
आमतौर पर अमरीका में रहने वाले दक्षिण एशियाई मूल के अधिकांश लोगों का रुझान डेमोक्रेट्स की ओर रहा है. लेकिन इस बार दक्षिण एशियाई मूल के कुछ लोग रिपब्लिकन पार्टी का भी समर्थन कर रहे हैं.
भारतीय मूल के पीयूष अग्रवाल पिछले 30 साल से अमरीका में रह रहे हैं और उन्हें डोनल्ड ट्रंप से बहुत उम्मीदें हैं.
पीयूष अग्रवाल कहते हैं, "टीवी बहस के बाद भी जनता को दोनों उम्मीदवारों के बारे में कोई नई बात पता नहीं चली. अगली बार शायद कुछ अच्छी बहस हो. मैं समझता हूं कि हिलेरी क्लिंटन जीतीं तो कोई बदलाव नहीं आएगा और लोग बदलाव चाहते हैं. इसलिए डोनल्ड ट्रंप का जीतना अमरीका के लिए अच्छा होगा."
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पहली टीवी बहस में डॉनल्ड ट्रंप और हिलेरी क्लिंटन
वहीं भारतीय मूल के राम बाबू मानते हैं कि हिलेरी क्लिंटन का अमरीकी राजनीति और सरकार में रहने का अनुभव अमरीका के लिए अच्छा साबित होगा.
राम बाबू कहते हैं, "मैं तो हिलेरी क्लिंटन को ही वोट दूंगा, क्योंकि उनके पास अनुभव हैं. यहां न्यूयॉर्क में तो क्लिंटन को ही अधिक समर्थन है. डोनल्ड ट्रंप को तो सरकार चलाने का अनुभव भी नहीं है और अधिकतर लोग उन्हे पसंद भी नहीं करते हैं. उन्होंने मुसलमानों के बारे में जो बातें कही हैं, उसके बाद मुसलमान भी उन्हें वोट नहीं देंगे. इसके अलावा एशियाई मूल के बहुत से दूसरे लोग भी ट्रंप को वोट नहीं देंगे."
पेशे से वकील बांग्लादेशी मूल के रफ़ीक अहमद न्यूयॉर्क में 35 साल से रह रहे हैं. वे अमरीकी चुनावों में भरपूर दिलचस्पी लेते हैं. वे मानते हैं कि डोनल्ड ट्रंप राष्ट्रपति बनने लायक ही नहीं हैं.
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पहली टीवी बहस के बाद एक दूसरे से हाथ मिलाते हुए डॉनल्ड ट्रंप और हिलेरी क्लिंटन
रफ़ीक अहमद ने बीबीसी से कहा, "ट्रंप आज एक बात कहते हैं, कल कह देते हैं कि हमने ऐसा नहीं कहा है. ट्रंप बच्चों जैसा बर्ताव करते हैं. उनको राजनीति भी नहीं आती है. हिलेरी क्लिंटन तो पक्की राजनीतिज्ञ हैं और उनको अनुभव भी है. अमरीकी राष्ट्रपति बनने के लिए ऐसी सलाहियत हो कि दुनिया भर पर हुक़ूमत कर सके, और ट्रंप में तो वह नहीं है."
यानी इस मुद्दे पर अमरीका का दक्षिण एशियाई मूल बंटा हुआ है.
हिलेरी क्लिंटन और डोनल्ड ट्रंप के बीच अगली टीवी बहस 9 अक्टूबर को होने वाली है.