'सेक्स, आडंबर और सनक': कहानी तुर्की के अदनान ओक्तार की

अदनान ओक्तार

इमेज स्रोत, A9 TV / FACEBOOK IMAGE

अदनान ओक्तार की शानो-शौक़त और ऐशो-आराम वाली ज़िंदगी अब बदल गई है.

अदनान को तुर्की के एक टीवी चैनल पर धार्मिक प्रवचन देने के लिए जाना जाता है. हाल ही में उन्हें उनके 160 से ज़्यादा अनुयायियों के साथ गिरफ़्तार किया गया है.

उन पर संगठित अपराध. धोखाधड़ी और यौन उत्पीड़न के आरोप हैं.

तुर्की की सरकारी समाचार एजेंसी अनादोलु के मुताबिक, अदनान को पकड़ने और उनकी संपत्ति की जांच के लिए तुर्की के पांच राज्यों में एक बड़ा पुलिस ऑपरेशन चलाया गया था.

यह पहली बार नहीं है जब अदनान क़ानून के शिकंजे में हैं.

सबसे पहले साल 1999 में उन्हें लोगों को डराने-धमकाने और एक आपराधिक संगठन बनाने के आरोप में गिरफ़्तार किया गया था, लेकिन बाद में वो रिहा हो गए थे.

इमेज स्रोत, A9 TV / FACEBOOK IMAGE

1980 में उन्होंने इस्तांबुल में एक इस्लामिक संस्था स्थापित की थी. इसके बाद उनकी दौलत और शोहरत बढ़ती चली गई, लेकिन उनकी आमदनी का असली ज़रिया ढूंढना बहुत मुश्किल था.

इसके बाद से उन्होंने काफ़ी वक़्त जेल में बिताया.

इमेज स्रोत, Getty Images

डार्विन को आतंकवाद की जड़ बताया

कुछ लोग ओक्तार को 'ख़तरनाक और कट्टर' मानते हैं तो कुछ 'प्रभावशाली विचारक'. लेकिन जो भी हो तुर्की में उन्हें जानते सब हैं.

ओक्तार पर यहूदियों के ख़िलाफ़ नफ़रत फ़ैलाने का आरोप भी है.

उन्होंने अपने एक भाषण में कहा था कि यहूदियों के नरसंहार (होलोकॉस्ट) जैसी कोई घटना इतिहास में नहीं हुई थी.

वह डार्विन के विकासवाद के सिद्धांत (एवोल्यूशन थ्योरी) के भी ख़िलाफ़ हैं.

इमेज स्रोत, A9 TV

साल 2010 में ओक्तार ने बीबीसी को दिए एक इंटरव्यू में कहा था कि डार्विन आतंकवादियों के बहुत बड़े प्रेरणा स्रोत हैं.

उन्होंने 'हारून याहया' उपनाम से अपनी कई किताबें भी छपवाई हैं.

कुछ साल पहले ओक्तार ने अपना एक टीवी चैनल भी लॉन्च किया जहां वो अपनी विचारधारा का प्रचार-प्रसार करते थे.

इमेज स्रोत, A9 TV / FACEBOOK IMAGE

बिकिनी वाली लड़कियों से घिरे रहते थे ओक्तार

टीवी पर अपने प्रवचनों के दौरान वह अर्धनग्न और मेकअप की हुई लड़कियों से घिरे रहते थे. इन लड़कियों को वो 'किटेन' (बिल्ली के बच्चे) कहते थे.

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इन लड़कियों का कुछ ऐसे ब्रेनवॉश किया जाता था ताकि वो ख़ुद को ओक्तार का 'सेक्स स्लेव' बना लें.

कई बार उन्हें धमकाया और ब्लैकमेल भी किया जाता था.

यह भी कहा जा रहा है कि ओक्तार अपने वफ़ादार अनुयायियों को जवान लड़कियों और अमीर पुरुषों को फंसाने के लिए भेजते थे.

ओक्तार अपने शिष्यों को 'लायन' (शेर) कहते थे.

इमेज स्रोत, Getty Images

1999 में जब ओक्तार पर लगे आरोपों की जांच होने लगी तो ऐसी ही एक लड़की ने बताया था कि आपत्तिजनक हालत में उनका वीडियो बना लिया जाता था ताकि अगर वो ग्रुप छोड़ना चाहें तो उन्हें ब्लैकमेल किया जा सके.

हालांकि ओक्तार इन आरोपों से इनकार करते आए हैं.

उनका कहना है कि दुनिया भर में उनके ख़िलाफ़ साज़िश चल रही है और ब्रिटेन की ख़ुफ़िया एजेंसियां इस साज़िश का नेतृत्व कर रही हैं.

इमेज स्रोत, Getty Images

शानदार विला, बड़े नेताओं से ताल्लुक

विवादास्पद विचारों के अलावा ओक्तार को उनकी रईसी और शानो-शौक़त वाली ज़िंदगी के लिए जाना जाने लगा.

वो इस्तांबुल के एक शानदार विला में रहते थे और उन्हें अक्सर लड़कियों से घिरा देखा जाता था.

उनकी ऐशो-आराम वाली ज़िंदगी को उनके सोशल मीडिया अकाउंट्स पर खुलकर प्रचारित किया जाता था.

उनके अनुयायी भी ग्रुप बनाकर उनके विला के पास ही रहते थे.

तुर्की के पत्रकारों के अनुसार ओक्तार के अनुयायी ही उनके सोशल मीडिया अकाउंट्स को संभालते थे और उनका पूरा कामकाज देखते थे.

ओक्तार रमज़ान के मौके पर कई नेताओं और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ताक़तवर लोगों को इस्तांबुल के महंगे होटलों में दावत के लिए बुलाया करते थे.

इसराइल से दोस्ती

यहूदियों के ख़िलाफ़ नफ़रत भरे विचार फ़ैलाने के बावजूद ओक्तार के इसराइल से क़रीबी रिश्ते थे.

वो अपने अनुयायियों के साथ इसराइल जाकर वहां के धार्मिक गुरुओं और बड़े नेताओँ से मिलते थे.

इसराइल के नेता भी तुर्की आकर उनसे मुलाक़ात करते थे.

ओक्तार से मिलने वालों में इसराइल के संचार मंत्री अयूब कारा समेत प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू भी शामिल हैं.

ये भी पढ़ें:

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)