जापान में जेबी तूफ़ान का कहर, छह की मौत

  • 4 सितंबर 2018
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जापान में 'जेबी तूफ़ान' ने कहर बरपाया हुआ है. इस तूफ़ान के चलते अभी तक कम से कम छह लोगों के मारे जाने ख़बर है जबकि 160 लोग घायल हैं.

पिछले 25 साल में जापान में आया यह सबसे ख़तरनाक तूफ़ान है. जापान के पश्चिमी इलाके में आए इस तूफ़ान के चलते मूसलाधार बारिश हो रही है और 172 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ़्तार से हवा चल रही है.

तूफ़ान की वजह से क्योटो शहर के रेलवे स्टेशन की छत ढह गई है. वहीं ओसाका खाड़ी के पास एक समुद्री टैंकर पुल से टकरा गया, जिस वजह से पुल काफी ज़्यादा क्षतिग्रस्त हो गया है.

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Image caption तूफ़ान की वजह से एक समुद्री टैंकर पुल से टकरा गया

अधिकारियों ने लोगों को प्रभावित इलाकों को छोड़ सुरक्षित स्थान में जाने के आदेश दिए हैं.

हज़ारों की संख्या में ऐसे लोग हैं जिनके घरों में बिजली नहीं आ रही है.

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मंगलवार को इस तूफ़ान के चलते शिकोकू द्वीप में ज़मीन धंस गई, इसके बाद यह तूफ़ान जापान के सबसे बड़े द्वीप होन्शू की तरफ़ चला गया.

तूफ़ान के चलते सैंकड़ों की संख्या में फ़्लाइट, ट्रेन और फ़ेरी की सेवाएं रद्द कर दी गई हैं.

ओसाका द्वीप पर बने कानसाई अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के रनवे पर पानी भर गया है.

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Image caption कानसाई एयरपोर्ट के रनवे पर पानी भर गया है

जापान के प्रधानमंत्री शिंज़ों आबे ने आपातकालीन बैठक बुलाई है और अधिकारियों को प्रभावित लोगों की मदद करने के निर्देश दिए हैं.

उम्मीद की जा रही है कि जैसे-जैसे यह तूफ़ान उत्तर की तरफ बढ़ेगा, यह हल्का पड़ता जाएगा.

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Image caption हवा इतनी तेज़ चल रही है कि इसकी वजह से ट्रक उलट गया

जापान की समाचार एजेंसी क्योडो के मुताबिक जापान की मौसम एजेंसी ने जेबी तूफ़ान को बेहद ख़तरनाक श्रेणी में शामिल किया है.

साल 1993 में आए तूफ़ान के बाद पहली बार किसी जापान में बेहद ख़तरनाक श्रेणी का तूफ़ान आया है. उस समय आए तूफ़ान में 48 लोग मारे गए थे.

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