श्रीलंकाः 'ब्रेक फास्ट में चंद मिनटों की देरी ने बचा लिया'

  • 22 अप्रैल 2019
श्रीलंका इमेज कॉपीरइट Reuters

रविवार को ईस्टर के दिन श्रीलंका में हुए सीरियल धमाकों के बाद पूरे देश में मातम छाया हुआ है. इस हमले में अब तक 290 लोगों की मौत हो चुकी है और 500 से ज़्यादा लोग घायल हैं.

हालांकि कुछ लोग खुशकिस्मत भी रहे जो इन धमाकों में बाल बाल बच गए. इनमें से कुछ ने बीबीसी को बताया कि धमाके के वक्त वो उसी होटल में रुके हुए थे और कुछ मिनटों के अंतर से वे बाल बाल बचे.

48 साल के डॉक्टर जूलियन इमैनुएल ब्रिटेन में रहते हैं और मूल रूप से श्रीलंकाई हैं.

पिछले हफ़्ते ही वो अपने परिवार के साथ कोलंबो रिश्तेदारों से मिलने पहुंचे थे. वो सिनेमन ग्रैंड होटल में रुके थे.

उन्होंने बीबीसी को बताया, "सुबह क़रीब 8.30 बजे एक तेज का झटका लगा. हम लोग होटल के अपने कमरे में थे. हम तुरंत होटल के रिसेप्शन पर गए, जहां हमें पीछे के रास्ते बाहर जाने को कहा गया."

इमैनुएल ने कहते हैं, "मैंने अपनी शुरुआती ज़िंदगी के 18 साल श्रीलंका में बिताए हैं. हमने कई दंगे देखे लेकिन ये घटना मेरी बीबी और बच्चों के लिए किसी सदमे से कम नहीं है."

इमेज कॉपीरइट Reuters

धमाके के बाद मंज़र

एक अन्य होटल शांगरी ला में रुके एक अन्य ब्रिटिश नागरिक ने बताया कि खाना खाने में देर होने की वजह से उनकी जान बच गई.

ब्रिटिश नागरिक ने बताया, "ब्रेकफास्ट से पहले मैं अपने कमरे में डेबिट कार्ड लेने के लिए गया हुआ था. अगर मुझे देर न हुई होती तो मैं भी धमाके में मैं भी मारा जाता."

वो बताते हैं कि जब वो लौटे तो "वहां मौजूद हर शख़्स बहुत डरा हुआ था और होटल के एक हिस्से में खून ही खून दिखाई दे रहा था और कमरे में हर कोई बेतहाशा दौड़ रहा था."

नीदरलैंड के अरबपति उद्योगपति एंडर्स होल्श पॉलसेन के तीन बच्चे इस धमाके में मारे गए हैं.

एक प्रवक्ता ने बताया कि वो ईस्टर की छुट्टियों में यहां आए हुए थे.

46 साल के पॉलसेन बेस्टसेलर क्लोथिंग चेन के मालिक हैं और एसोस में बहुमत शेयरों के मालिक हैं. एसोस कपड़े की एक बड़ी कंपनी है.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

बीबीसी न्यूज़ मेकर्स

चर्चा में रहे लोगों से बातचीत पर आधारित साप्ताहिक कार्यक्रम

सुनिए

मिलते-जुलते मुद्दे