मिस्र में विरोध प्रदर्शन, हिंसक झड़पें

 शनिवार, 26 जनवरी, 2013 को 04:47 IST तक के समाचार

एक बार फिर से मिस्र में हिंसक प्रदर्शन हुए हैं

मिस्र में होस्नी मुबारक को सत्ता से बेदखल किए जाने की दूसरी वर्षगांठ के के मौके पर विपक्ष समर्थकों ने देश भर में विरोध प्रदर्शन किया है. हिंसक झड़पों में पांच लोग स्वेज शहर में मारे गए हैं.

राजधानी काहिरा के तहरीर चौक और राष्ट्रपति मोहम्मद मोरसी के आवास के सामने प्रदर्शनकारियों और पुलिस का आमना सामना हुआ.

एलेक्जेंड्रिया में भी संघर्ष देखा गया, साथ ही इस्मालिया में प्रदर्शनकारियों ने मुस्लिम ब्रदरहुड पार्टी के मुख्यालय को आग लगा दी.

आलोचकों का कहना है कि राष्ट्रपति मोरसी ने क्रांति के साथ धोखा किया है, हालांकि मोरसी इन आरोपों से इनकार करते हैं.

राष्ट्रपति मोरसी ने लोगों से शांति बनाए रखने और संघर्ष समाप्त करने की अपील की है. देशव्यापी प्रदर्शनों में तीन सौ से अधिक लोग घायल हो गए हैं.

प्रदर्शनों का सिलसिला

शुक्रवार को प्रदर्शनकारियों ने काहिरा में राष्ट्रपति के महल के बाहर कांटेदार तार बाधाओं को पार करने की कोशिश की थी, इन्हें तितर बितर करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े. सरकारी टीवी का कहना है कि प्रदर्शनकारियों के तंबूओं को भी उखाड़ दिया गया है.

एक वामपंथी नेता का कहना था "हमारी क्रांति जारी है. हम इस देश पर किसी भी पार्टी के वर्चस्व को नकारते हैं. हम इस ब्रदरहुड की सत्ता वाले देश को नही स्वीकार करेंगे.

एक प्रदर्शनकारी ने बीबीसी को बताया: "मैंने मोरसी के लिए वोट दिया क्योंकि मैं पिछली सत्ता में किसी को फिर से नही देखना चाहता था, लेकिन उन्होंने अपने वादे को पूरा नहीं किया, देश की अर्थव्यवस्था चरमराने लगी है. मैं यहाँ इसलिए हूँ ताकि उचित सुधार करने के लिए सरकार पर दबाव डाला जा सके."

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